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बांदाः चित्रकूटधाम मंडल में डीएपी का संकट

Tue, 18 Oct 2022 11:58 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 18 Oct 2022 11:58 PM IST
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DAP's crisis in Chitrakootdham Mandal
बांदा। चित्रकूटधाम मंडल में डीएपी खाद की किल्लत है। हमीरपुर में खाद खत्म हो गई है। बांदा और चित्रकूट में सिर्फ दो दिन का स्टॉक बचा है। बांदा में सभी 40 सहकारी केंद्रों में डीएपी की आपूर्ति ठप कर दी गई। सिर्फ मंडल मुख्यालय स्थित मंडी समिति में संचालित तीन केंद्रों को खाद उपलब्ध कराई जा रही है। यह हालत लगभग तीन दिन तक रहने के आसार हैं। किसान फसल बुआई में देरी होने की आशंका में चिंतित हैं।
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रबी फसल का सीजन शुरू है। किसानों को बुआई के लिए डीएपी खाद की जरूरत है। महोबा को छोड़कर मंडल के अन्य तीन जिलों में खाद का संकट बढ़ गया है। डीएपी के लिए तड़के से लाइन लगाने वाले किसानों को मायूसी हाथ लग रही है। बांदा में सहकारी केंद्रों में खाद का वितरण ठप है।
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वहीं, मंडी समिति स्थित तीन केंद्रों में भी किसानों को पर्याप्त डीएपी नहीं मिल पा रही। हर दिन ट्रक में जो खाद भेजी जा रही है, वह चंद मिनट में खत्म हो जा रही है। इससे किसानों में गुस्सा फूट रहा है। पीसीएफ क्षेत्रीय प्रबंधक देेवेंद्र कुमार ने बताया कि डीएपी की मांग की गई है। 5400 मीट्रिक टन की रैक आनी है। इसके आने के बाद डीएपी खाद का संकट खत्म हो जाएगा। बताया कि अभी हमीरपुर में खाद बिल्कुल नहीं है। बांदा और चित्रकूट में सिर्फ दो दिन की खाद बची है।
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मंडल में डीएपी खाद की उपलब्धता (मीट्रिक टन में)-
जनपद में उपलब्ध डीएपी खाद
बांदा 222
चित्रकूट 225
हमीरपुर 00
महोबा 829
मंडल में यूरिया खाद की उपलब्धता (मीट्रिक टन में)-
जनपद उपलब्ध यूरिया
बांदा 3900
चित्रकूट 2800
हमीरपुर 1600
महोबा 2800
मंडी समिति में लग जाती है सुबह से लाइन
बांदा। डीएपी का संकट गहराने पर जिले के 40 सहकारी केंद्रों में वितरण बंद होने पर मंडी समिति के तीन केंद्रों में किसानों की भीड़ उमड़ रही है। यहां तड़के से किसानों की लाइन लग जाती है। थक जाने पर लाइन में अपनी उपस्थिति दर्शाने के लिए किसान प्रतीक के रूप में ईंट-पत्थर रख देते हैं। यहां यह नजारा आम हो गया है। केंद्र प्रभारियों का कहना है कि जिलेभर से ज्यादातर किसान मंडी समिति स्थित केंद्रों में खाद लेने आते हैं। इसलिए यहां लंबी लाइन रहती है।

क्षेत्रीय प्रबंधक, पीसीएफ चित्रकूटधाम मंडल देवेंद्र कुमार ने कहा कि 5400 मीट्रिक टन (एमटी) डीएपी खाद की रैक आनी है। इसमें 2700-2700 एमटी बांदा और चित्रकूट के लिए है। छत्तीसगढ़ में खाद लदी मालगाड़ी किन्हीं कारणों से तीन दिन तक रुक गई। इससे खाद संकट हो गया। महोबा में भी 2700 एमटी डीएपी की रैक जल्द आने वाली है। इसमें 1500 एमटी हमीरपुर के हिस्से में आएगी। डीएपी खाद की कमी की वजह से सहकारी केंद्रों में आपूर्ति बंद की गई है।
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