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रोडवेज बस ने स्कूटी सवार दो युवकों को रौंदा

Mon, 19 Oct 2015 11:26 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बांदा
ब्यूरो/अमर उजाला, बांदा Updated Mon, 19 Oct 2015 11:26 PM IST
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The two men defeated Scotty roadways bus riders

बबेरू। रोडवेज बस की टक्कर से स्कूटी सवार दो युवकों

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की मौत हो गई। सीधी भिड़ंत में स्कूटी समेत युवक बस के नीचे फंस गए। जेसीबी से बस को पलट कर शव बाहर निकाले गए। भाग रहे बस चालक को पकड़कर ग्रामीणों ने पुलिस के हवाले कर दिया।

बांदा डिपो की रोडवेज बस सोमवार की सुबह सवारियां भरकर बांदा जा रही थी। वह मुरवल गांव के पास पहुंची थी कि सामने से आए स्कूटी सवार दो युवक चपेट में आ गए। दोनों युवक हेलमेट नहीं लगाए थे। वे बस के नीचले हिस्से में फंस गए और कुछ दूर तक घीसटते रहे।

कुछ देर बाद पहुंची कोतवाली पुलिस ने जेसीबी मंगाकर बस को पलटवा कर नीचे फंसे दोनों युवकों और स्कूटी को बाहर निकाला। तब तक दोनों युवकों की मौत हो चुकी थी। बस चालक भाग निकला। ग्रामीणों ने पीछा कर चालक को पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया।  

पुलिस ने शवों को एंबुलेंस से जिला अस्पताल भेजा। डाक्टरों ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतकों में एक की शिनाख्त शेरपुर गिरवां निवासी  बिंदेश्वरी (25) पुत्र लक्ष्मीशरण और दूसरे की शिनाख्त इलाहाबाद के सराय इनायत थाना क्षेत्र के रामनाथपुर निवासी वीरेंद्र सिंह उर्फ चार्ली (28) पुत्र रामानंद सिंह के रूप में हुई।  

पुलिस ने क्षतिग्रस्त स्कूटी मुरवल चौकी में रखवा दी और बस कब्जे में ले ली। घटनास्थल पर आसपास के ग्रामीणों की भीड़ लग गई। एसडीएम सुरेंद्र सिंह यादव, तहसीलदार सुनील कुमार पटेल, कोतवाली प्रभारी अभिमन्यु सिंह, सीएचसी चिकित्सक डा.ब्रजेश कुमार भारतीय व डा. रामनरेश पटेल मौजूद रहे।

हादसे में मारे गए दोनों युवक देवी भक्त थे। दोनों नौ दिन व्रत रख रहे थे। कन्या भोज में शामिल होने कोर्रम गांव जा रहे थे। बिंदेश्वरी शरण देवी भक्त था। वह नैनी (इलाहाबाद) में एक फैक्ट्री में चार साल से काम करता था। वहीं फैक्ट्री में काम करने वाले वीरेंद्र सिंह उर्फ चार्ली से उसकी दोस्ती हो गई।

बिंदेश्वरी के पिता लक्ष्मी शरण ने बताया कि दोस्ती के चलते वीरेंद्र अक्सर गांव आता था और नवरात्र पर देवी पूजन करता था। छह माह पहले बिंदेश्वरी ने वहां से काम छोड़ दिया था। नवरात्र के पहले दिन वीरेंद्र इलाहाबाद से यहां आया था। दोनों नौ दिन के व्रत रख रहे थे। कोर्रम गांव निवासी किराएदार ने अपने गांव में कन्या भोज व देवी पूजन का आयोजन किया था।

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