फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Banda News ›   crime

पांच जिंदगियों पर भारी पड़ी अनदेखी, रफ्तार और नशा

Sat, 26 Feb 2022 08:31 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sat, 26 Feb 2022 08:31 PM IST
विज्ञापन
crime
फोटो-26बीएनडीपी-8 : बांदा हादसाः ट्रक में फंसी कार से घायलों और शवों को निकालने की जद्दोजेहद करते ग्? - फोटो : BANDA
बांदा। बांदा-मिर्जापुर नेशनल हाईवे पर जमुनी पुरवा के पास हुए दर्दनाक हादसे में पांच जिंदगियों पर पुलिस की अनदेखी, नशा और रफ्तार भारी पड़ गई। हादसे को जिसने भी देखा व सुना उसका कलेजा कांप गया। एसपी ने हादसे की जांचे की बात कही है, लेकिन वह जब तक पूरी होगी, तब तक हाईवे पर ऐसे ही कार सवार नशे की हालत में रफ्तार को बढ़ाते रहेंगे और हाईवे पर बिना किसी पार्किंग के खड़े ट्रक यूं ही लोगों की मौत का कारण भी बनते रहेंगे।
विज्ञापन

जमुनी पुरवा गांव के पास हुआ हादसा शहर कोतवाली से मात्र आठ किमी. की दूरी पर है। आसपास के दुकानदारों व रोज हाईवे पर सफर करने वालों की माने तो कभी भी पुलिस की लाठी अवैध तरीके से खड़े ट्रकों पर नहीं उठी। जिसके चलते हाईवे पर पेट्रोल पंप हो या ढाबा सभी के आसपास खड़े ट्रकों की कतारें नजर आती है। इसी तरह हाईवे पर पेट्रोलिंग करने वाली पुलिस भी दो पहिया, चार पहिया वाहन सवारों की न तो कभी रफ्तार पर ब्रेक लगाने का कोई प्रयास करती है और न ही कभी वाहन चालकों की ब्रीथ इन्हेलाइजर (नशे की जांच) जांच कराने की जरुरत ही महसूस करती है। एसपी अभिनंदन का कहना है कि हाईवे पर खड़े होने वाले वाहनों को हटवाने का अभियान चलाया जाएगा।
विज्ञापन

जिस ट्रक की चपेट में आकर पांच लोगों ने जान गंवाई, उस ट्रक पर लदा केबल पास ही स्थित एक खेत में बने गोदाम पर उतरना था। गौर करने की बात यह भी हाईवे से लगे खेतों पर किसकी अनुमति से गोदाम बने हैं, और वहां आने वाले वाहनों की पार्किंग हाईवे पर कैसे हो रही है। पुलिस का कहना है कि गोदाम किसका था, इसकी भी जांच कराई जाएगी। फिलहाल फरार ट्रक चालक की तलाश की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

हाईवे से लेकर हास्पिटल तक लोगों ने हादसे में घायल लोगों की जिंदगी बचाने के लिए जान तक लगा दी।
अपनी परवाह न करते हुए राहगीरों ने कार में फंसे लोगों को निकालकर न सिर्फ अस्पताल पहुंचाया बल्कि अस्पताल में घायलों को खून देने वालों की भीड़ लगी रही। स्थिति यह थी कि मुस्लिम घायलों को कार से निकालने में भगवा पहने लोगों के हाथ भी पीछे नहीं रहे। उनके भगवा पर भी घायलों के खून के धब्बे दिख रहे थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed