फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Banda News ›   Company's earnings in the name of washing of buses

बसों की धुलाई के नाम पर कंपनी की कमाई

Sun, 13 Mar 2022 11:35 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sun, 13 Mar 2022 11:35 PM IST
विज्ञापन
Company's earnings in the name of washing of buses
बांदा डिपो स्थित धुलाई प्लांट में धोए जाने के लिए खड़ी बस। संवाद - फोटो : BANDA
बांदा। चित्रकूटधाम मंडल परिवहन निगम में बसों की धुलाई से ज्यादा कंपनी की कमाई हो रही है। बसोें की संख्या से डेढ़ गुना दर्शाकर निगम को चूना लगाया जा रहा है। दो कंपनियों के पास धुलाई का ठेका है। मंडल में प्रति बस 71 से 75 रुपये धुलाई का पैसा दिया जाता है। लेकिन बसों की धुलाई मानक के मुताबिक नहीं हो रही। बस के अंदर गंदगी जस की तस बनी रहती है।
विज्ञापन

चित्रकूटधाम मंडल के चार डिपो में तीन में आटोमेटिक धुलाई प्लांट लगे हैं। कई कंपनियां अलग-अलग रेट पर ठेका लिए हुए हैं। बांदा डिपो में लखनऊ की कंपनी प्रति बस 71 रुपये और महोबा व राठ डिपो में बांदा की कंपनी प्रति बस 75 रुपये रेट पर ठेका लिए है।
विज्ञापन

उधर, हमीरपुर डिपो में स्थानीय स्तर पर धुलाई का ठेका 42 रुपये प्रति बस की दर से दे रखा गया है। यहां प्लांट नहीं है, जिससे यहां मैनुअल धुलाई होती है। 60 फीसदी बसों कीधुलाई का मानक है। बांदा में 125 बसों में 75, महोबा में 116 में 70, राठ में 88 में 53 व हमीरपुर में 63 में 38 बसों की नियमित धुलाई की जाना चाहिए। लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है। बसें कम धुल रही है पर दर्शाई ज्यादा जाती हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

पानी की फुहार मारकर धुलाई की रस्म अदायगी
बांदा। बसों की धुलाई में सिर्फ औपचारिकता की जा रही है। चालकों का कहना है कि अंदर गंदगी पटी रहती है। बाहर से पानी की फुहार मारने की रस्म अदायगी कर दी जाती है। धुलाई पाउडर का भी इस्तेमाल नहीं होता। धुलाई में भीग गईं सीटें सुखाई नहीं जाती। भीगीं सीटों पर बैठने से यात्रियों के कपड़े खराब होते हैं। प्रचार सामग्री जस की तस लगी रहती है।

टेंडर शर्तों के मुताबिक, प्लांट में कंपनी के दो सुपरवाइजर व नौ कर्मचारी होने चाहिए। लेकिन महज तीन-तीन कर्मचारियों से काम चलाया जा रहा है। इस संबंध में चित्रकूटधाम मंडल के स्टेशन प्रबंधक केपी सिंह का कहना है कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं है। शिकायत मिलने पर जांच कराई जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed