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जल संरक्षण प्रयासों में बांदा को बताया मॉडल
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दिल्ली में जल शक्ति मंत्रालय के अफसरों को बांदा में चलाए गए कुआं-तालाब जियाओ अभियान का एलबम भेंट ?
- फोटो : BANDA
बांदा। केंद्रीय जल शक्ति मंत्रालय में सचिव यूपी सिंह ने कहा है कि भूगर्भ और बारिश के पानी के संरक्षण प्रयासों का बांदा जनपद मॉडल है। न्यूनतम लागत में यहां जो प्रयास किए गए वह अपने आप में अनोखे और काबिलेतारीफ हैं। केंद्र सरकार के सचिव ने यह बात शुक्रवार को दिल्ली के डा.अंबेडकर इंटरनेशनल सेंटर में जल शक्ति मंत्रालय के तत्वावधान में आयोजित वाटर टॉक (जल वार्ता) में कही।
इस आयोजन में देश भर से आए 107 चुनिंदा वैज्ञानिक, जल संरक्षण में काम कर रहे स्वयंसेवी संगठनों के प्रतिनिधि और केंद्र व राज्य सरकारों के अधिकारी शामिल थे। जल संसाधन विभाग के सलाहकार सुनील कुमार अरोड़ा द्वारा भेजे गए आमंत्रण पत्र पर बांदा डीएम हीरा लाल भी पहुंचे थे। केंद्रीय सचिव ने कहा कि वह जहां भी जाते हैं बांदा मॉडल की बात जरूर करते हैं। उन्होंने बांदा में जाकर यह खुद देखा है।
कुआं-तालाब जियाओ अभियान अपने आप में अनोखा रहा। सचिव ने जखनी गांव का भी उदाहरण दिया। डीएम हीरालाल ने बांदा में चलाए गए खंती व तालाब खुदाई, कुआं-तालाब जियाओ और वाटर हार्वेस्टिंग अभियानों का विस्तार से जिक्र किया। उन्होंने इसका एलबम भी केंद्र सरकार के प्रतिनिधियों को सौंपा। कहा कि उनकी मंशा है कि धरती से पहले लोगों के दिलोदिमाग में कुआं और तालाब छा जाएं। यह हुआ तो लोग अपने आप इनके प्रति आकर्षित होंगे।
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इस आयोजन में देश भर से आए 107 चुनिंदा वैज्ञानिक, जल संरक्षण में काम कर रहे स्वयंसेवी संगठनों के प्रतिनिधि और केंद्र व राज्य सरकारों के अधिकारी शामिल थे। जल संसाधन विभाग के सलाहकार सुनील कुमार अरोड़ा द्वारा भेजे गए आमंत्रण पत्र पर बांदा डीएम हीरा लाल भी पहुंचे थे। केंद्रीय सचिव ने कहा कि वह जहां भी जाते हैं बांदा मॉडल की बात जरूर करते हैं। उन्होंने बांदा में जाकर यह खुद देखा है।
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कुआं-तालाब जियाओ अभियान अपने आप में अनोखा रहा। सचिव ने जखनी गांव का भी उदाहरण दिया। डीएम हीरालाल ने बांदा में चलाए गए खंती व तालाब खुदाई, कुआं-तालाब जियाओ और वाटर हार्वेस्टिंग अभियानों का विस्तार से जिक्र किया। उन्होंने इसका एलबम भी केंद्र सरकार के प्रतिनिधियों को सौंपा। कहा कि उनकी मंशा है कि धरती से पहले लोगों के दिलोदिमाग में कुआं और तालाब छा जाएं। यह हुआ तो लोग अपने आप इनके प्रति आकर्षित होंगे।
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