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खाद नहीं मिली तो गुस्साए किसानों ने हाईवे किया जाम
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अतर्रा। खाद न मिलने से परेशान किसानों ने बांदा-प्रयागराज राष्ट्रीय राजमार्ग पर जाम लगा दिया। चित्रकूट जा रहे पुलिस महानिरीक्षक के. सत्यनारायणा के काफिले को भी रोक लिया। खाद न मिलने की वजह से बर्बाद हो रही धान की फसल के बारे में उनसे फरियाद की।
आईजी ने मौके पर ही डीएम आनंद कुमार सिंह को फोन कर खाद की व्यवस्था कराने को कहा। आईजी के समझाने पर करीब डेढ़ घंटे बाद जाम खत्म हो सका। मंगलवार को किसानों ने बदौसा रोड पर स्थित कोआपरेटिव सोसाइटी के सामने डीएपी और यूरिया खाद न मिलने पर जाम लगाकर विरोध प्रदर्शन किया।
उसी दौरान वहां से गुजर रहे आईजी के. सत्यनारायणा के काफिले को रोककर किसानों ने समस्या बताई। आईजी ने केंद्र को खुलवाया और वहां का जायजा लिया। केंद्र में 27 बोरी यूरिया मिली। उन्होंने किसानों के साथ गलत व्यवहार करने पर केंद्र प्रभारी का फटकारा।
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डीएम से भी उन्होंने बात की और किसानों की समस्या का निदान करने को कहा। आईजी की बात से किसान संतुष्ट हो गए। उधर, आईजी का काफिला जाम में फंसने की जानकारी मिलने पर एसडीएम सौरभ शुक्ला, थाना प्रभारी वीर प्रताप सिंह आदि मौके पर पहुंचे और किसानों को समझा-बुझाकर किसी तरह से जाम खुलवाया।
प्रदर्शन और जाम लगाने वालों में रामाशंकर यादव, रामबरन, रामदीन, नत्थू, मुन्ना, बच्ची लाल, संतोष यादव, निरंजन सिंह, द्वारिका, उमाकांत, रामबाबू, विपिन, जय, उमेश, रमन, जगमोहन, बुधराज, शिवभवन, रामबाबू, सुरेश, रामप्रसाद, शिवमंगल, लखन यादव, पुष्पेंद्र रविकांत समेत अतर्रा, पचोखर, गोखिया, थनैल, बिसंडा, आऊ, कुसमा, गड़ांव, पिंडखर, सेमरिया, पुनाहुर, नाई, सिकलोढ़ी आदि गांवों के किसान शामिल रहे।
आरोप लगाया कि रोजाना खाद न मिलने से बैरंग लौट रहे हैं। फसल सूख रही है। पूर्व बार एसोसिएशन अध्यक्ष अमर सिंह राठौर, रोहित शुक्ला ने किसानों को खाद उपलब्ध कराने की मांग की।
2650 एमटी यूरिया खाद उपलब्ध
2650 मीट्रिक टन यूरिया उपलब्ध है। दो दिन के अवकाश के कारण खाद केंद्रों तक नहीं पहुंच सकी। मंगलवार को केंद्र में 27 बोरी यूरिया मुहैया थी, लेकिन किसान अधिक थे। कम खाद होने पर किसान भड़क गए, जबकि दोपहर तक 19.88 मीट्रिक टन यानी 440 बोरी यूरिया और 20 मीट्रिक टन यानी 400 बोरी डीएपी खाद केंद्र को भेज दी गई है। जिसका वितरण किया जा रहा है।
- डा. प्रमोद कुमार, जिला कृषि अधिकारी बांदा
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आईजी ने मौके पर ही डीएम आनंद कुमार सिंह को फोन कर खाद की व्यवस्था कराने को कहा। आईजी के समझाने पर करीब डेढ़ घंटे बाद जाम खत्म हो सका। मंगलवार को किसानों ने बदौसा रोड पर स्थित कोआपरेटिव सोसाइटी के सामने डीएपी और यूरिया खाद न मिलने पर जाम लगाकर विरोध प्रदर्शन किया।
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उसी दौरान वहां से गुजर रहे आईजी के. सत्यनारायणा के काफिले को रोककर किसानों ने समस्या बताई। आईजी ने केंद्र को खुलवाया और वहां का जायजा लिया। केंद्र में 27 बोरी यूरिया मिली। उन्होंने किसानों के साथ गलत व्यवहार करने पर केंद्र प्रभारी का फटकारा।
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डीएम से भी उन्होंने बात की और किसानों की समस्या का निदान करने को कहा। आईजी की बात से किसान संतुष्ट हो गए। उधर, आईजी का काफिला जाम में फंसने की जानकारी मिलने पर एसडीएम सौरभ शुक्ला, थाना प्रभारी वीर प्रताप सिंह आदि मौके पर पहुंचे और किसानों को समझा-बुझाकर किसी तरह से जाम खुलवाया।
प्रदर्शन और जाम लगाने वालों में रामाशंकर यादव, रामबरन, रामदीन, नत्थू, मुन्ना, बच्ची लाल, संतोष यादव, निरंजन सिंह, द्वारिका, उमाकांत, रामबाबू, विपिन, जय, उमेश, रमन, जगमोहन, बुधराज, शिवभवन, रामबाबू, सुरेश, रामप्रसाद, शिवमंगल, लखन यादव, पुष्पेंद्र रविकांत समेत अतर्रा, पचोखर, गोखिया, थनैल, बिसंडा, आऊ, कुसमा, गड़ांव, पिंडखर, सेमरिया, पुनाहुर, नाई, सिकलोढ़ी आदि गांवों के किसान शामिल रहे।
आरोप लगाया कि रोजाना खाद न मिलने से बैरंग लौट रहे हैं। फसल सूख रही है। पूर्व बार एसोसिएशन अध्यक्ष अमर सिंह राठौर, रोहित शुक्ला ने किसानों को खाद उपलब्ध कराने की मांग की।
2650 एमटी यूरिया खाद उपलब्ध
2650 मीट्रिक टन यूरिया उपलब्ध है। दो दिन के अवकाश के कारण खाद केंद्रों तक नहीं पहुंच सकी। मंगलवार को केंद्र में 27 बोरी यूरिया मुहैया थी, लेकिन किसान अधिक थे। कम खाद होने पर किसान भड़क गए, जबकि दोपहर तक 19.88 मीट्रिक टन यानी 440 बोरी यूरिया और 20 मीट्रिक टन यानी 400 बोरी डीएपी खाद केंद्र को भेज दी गई है। जिसका वितरण किया जा रहा है।
- डा. प्रमोद कुमार, जिला कृषि अधिकारी बांदा