फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Banda News ›   An FIR will be lodged against seven people, including the then Atarra police station in-charge, on charges of extortion and harassment.

Banda News: वसूली व उत्पीड़न के आरोप में तत्कालीन अतर्रा थाना प्रभारी समेत सात पर होगी प्राथमिकी

Mon, 05 Jan 2026 11:14 PM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा Updated Mon, 05 Jan 2026 11:14 PM IST
विज्ञापन
An FIR will be lodged against seven people, including the then Atarra police station in-charge, on charges of extortion and harassment.
- बबेरू के हरदौली गांव निवासी व्यक्ति ने 20 लाख वसूली के लगाए आरोप
विज्ञापन

- न्यायालय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने अतर्रा थानाध्यक्ष को दिए निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
बांदा। न्यायालय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश (द.प्र.क्षे. अधि.) ने थाना अतर्रा के तत्कालीन प्रभारी अरविंद कुमार सहित सात पुलिस कर्मियों के खिलाफ कमलुद्दीन खां की ओर से दर्ज कराई गई शिकायत के संबंध में प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश दिया है। यह आदेश कमालुद्दीन खां की याचिका पर दिया गया है, जिसमें उन्होंने कथित तौर पर 20 लाख की वसूली और उत्पीड़न का आरोप लगाया था।

बबेरू कोतवाली क्षेत्र के हरदौली गांव निवासी कमालुद्दीन खां ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि तत्कालीन थाना प्रभारी अतर्रा अरविंद कुमार और उनके अधीन काम करने वाले पुलिसकर्मियों ने मिलकर उनसे 20 लाख रुपये की वसूली की। कमालुद्दीन का दावा है कि 2021 में उसने बउवा सिंह नामक व्यक्ति को चक्की लगवाने के लिए 2.50 लाख रुपये दिए थे, जो उसने वापस नहीं किए। इसके बाद पुलिस ने कथित तौर पर कमालुद्दीन को फंसाने की योजना बनाई।
विज्ञापन

24 सितंबर 2023 को कमालुद्दीन को बिंदकी रोड फतेहपुर पर रोककर जबरन गाड़ी में बैठा लिया और थाना अतर्रा ले जाया गया। वहां उससे मारपीट की गई और 20 लाख रुपये की मांग की गई। प्रारंभ में पुलिस ने कमालुद्दीन के आरोपों को गलत बताया था। हालांकि, पुलिस अधीक्षक बांदा की ओर से कराई गई जांच में पाया गया कि पुलिसकर्मी बिना जीडी एंट्री के फतेहपुर गए थे और उनकी मोबाइल लोकेशन भी वहां पाई गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

इस जांच के बाद, राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के हस्तक्षेप पर मामले की फिर से जांच शुरू हुई। जांच में तत्कालीन थाना प्रभारी अरविंद कुमार सहित छह पुलिसकर्मियों को दोषी पाया गया। न्यायालय ने पाया कि प्रथम दृष्टया संज्ञेय अपराध की पुष्टि होती है और इसलिए थाना अतर्रा के थानाध्यक्ष को आदेश दिया गया है कि वह सुसंगत धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर नियमानुसार विवेचना कराएं। न्यायालय ने विवेचना पूर्ण होने पर प्रथम सूचना रिपोर्ट की एक प्रति अदालत में प्रस्तुत करने का भी निर्देश दिया है। उधर बबेरू थाने की चौकी में तैनात तत्कालीन थाना प्रभारी अरविंद कुमार ने मामले की जानकारी से इन्कार किया है।

पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल ने बताया कि प्रकरण की विस्तृत जानकारी नहीं है। वर्ष 2021 के इस प्रकरण में सीओ बबेरू विभागीय जांच कर रहे हैं। तथ्यों के आधार पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed