फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Banda News ›   संत प्रेम नारायण रामनिवास मंदिर के महंत बने

संत प्रेम नारायण रामनिवास मंदिर के महंत बने

Wed, 10 Oct 2018 12:12 AM IST
Updated Wed, 10 Oct 2018 12:12 AM IST
विज्ञापन
संत प्रेम नारायण रामनिवास मंदिर के महंत बने
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

बांदा। प्रागी तालाब (राजाबाग) में स्थित रामनिवास मंदिर के महंत अब ग्वालियर के संत प्रेम नारायण दास (पागल बाबा) महाराज होंगे। वह संत रामप्यारे दास का स्थान लेंगे। रामप्यारे दास का निधन हो चुका है। मंगलवार को मंदिर परिसर में कार्यक्रम में उन्हें कंठी चादर पहनाकर गद्दीनशीन घोषित किया गया। इस अवसर पर राम जन्म भूमि न्यास के अध्यक्ष और अयोध्या की मणिराम छावनी के पीठाधीश्वर महंत नृत्य गोपालदास और उनके उत्तराधिकारी कमलनयन दास भी उपस्थित थे।


अब संत प्रेम नारायण ही इस मंदिर का कार्यभार देखेंगे। संत नृत्य गोपालदास ने इस आशय का ‘मजहरनामा’ जारी किया। इसमें कहा गया है कि मंदिर संचालन में संत प्रेम नारायण का सहयोग रामनिवास सेवा समिति करेगी। यह स्थान मणिराम छावनी के अधीन रहेगा। प्रेम नारायण दिगंबर अखाड़े का अनुपालन करते हुए गौसेवा और संत सेवा आदि के कार्य करेंगे। ऐसा न करने पर अखाड़े को अधिकार होगा कि उनको पद से हटा दे।
विज्ञापन


कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में अखाड़ों के महंत, महामंडलेश्वर, कुटियाधारी महंत और चित्रकूट के संतों सहित अतुल शुक्ला, नरेंद्र रावत, मनोज जैन, राजेंद्र रावत, भरत मंदिर महंत दिव्य जीवनदास आदि उपस्थित रहे। रामनाम संकीर्तन की भी शुद्भद्दआत हुई। दिवंगत संत रामप्यारे दास को श्रद्धांजलि दी गई। संत कमलनयन दास ने कहा कि वह उच्च कोटि के संत थे। हमेशा समाज, राष्ट्र और देश के कार्य में लगे रहे। महापुरुष के प्राण भ्रमण नहीं करते हैं। वह सूक्ष्म शरीर से जगत का कल्याण करते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन



-समारोहपूर्वक कंठी पहनाकर घोषित किया गद्दी नशीन
-महंत नृत्य गोपालदास ने जारी किया मजहरनामा
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed