{"_id":"5f89cbfa8ebc3e75047ce2d2","slug":"yogi-gifted-atal-and-nanaji-s-work-place-balrampur-news-lko545601464","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"अटल और नानाजी की कर्मभूमि को मुख्यमंत्री योगी ने दी सौगात","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अटल और नानाजी की कर्मभूमि को मुख्यमंत्री योगी ने दी सौगात
Sat, 17 Oct 2020 12:44 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बलरामपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बलरामपुर
Published by: लखनऊ ब्यूरो
Updated Sat, 17 Oct 2020 12:44 AM IST
विज्ञापन
बलरामपुर में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच चिकित्सा संस्थान की आधारशिला रखते मुख्यमंत्री
- फोटो : BALRAMPUR
भारत के पूर्व प्रधानमंत्री भारतरत्न अटल बिहारी वाजपेयी तथा राष्ट्रऋषि समाज सेवक भारतरत्न नानाजी देशमुख की कर्मभूमि बलरामपुर को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चिकित्सा की बड़ी सौगात दी है। बलरामपुर अब लखनऊ के किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय से सीधे जुड़ गया है। अब यहां के लोगों को गंभीर बीमारियों व इलाज के लिए बाहर नहीं जाना होगा। उन्हें यहीं पर केजीएमयू की चिकित्सकीय सुविधाओं का लाभ मिलेगा।
केजीएमयू सेटेलाइट सेंटर के रूप में बनने वाले अटल बिहारी चिकित्सा महाविद्यालय एवं चिकित्सालय की आधारशिला शुक्रवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ रखी। करीब 85 करोड़ की लागत से बनने वाला यह संस्थान वर्ष 2022 में काम शुरू शुरू कर देगा। इसका संचालन केजीएमयू करेगा। संस्थान में सभी अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधाओं के साथ-साथ एमबीबीएस की कक्षाएं भी चलेंगी।
अटल बिहारी चिकित्सा महाविद्यालय एवं चिकित्सालय की आधारशिला रखने के पहले मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी और नानाजी देशमुख जैसे भारतरत्न महापुरुषों की कर्मस्थली रहे बलरामपुर को उसके अतीत से जोड़ा गया है। मां पाटेश्वरी के आंचल में बसा यह जनपद विकास से कोसों दूर था। पिछले तीन सालों में जिले का पिछड़ापन दूर करने का हरसंभव प्रयास मेरी सरकार ने किया।
विज्ञापन
केजीएमयू सेटेलाइट सेंटर के रूप में बनने वाला यह मेडिकल कॉलेज अपने आप में एक अभिनव प्रयोग है। कॉलेज में डॉक्टरों तथा सभी सुविधाओं की मॉनीटरिंग केजीएमयू लखनऊ करेगा। इस कॉलेज में चिकित्सकीय सुविधाओं की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी। पहले चरण में 300 बेड का अत्याधुनिक अस्पताल बनेगा। दूसरे चरण में कॉलेज के प्रशासनिक भवन आदि बनाए जाएंगे। किसी भी मेडिकल विश्वविद्यालय का यह पहला सेटेलाइट सेंटर है।
इस अवसर पर केजीएमयू लखनऊ के प्रति कुलपति डॉ. जीपी सिंह, अपर मुख्य सचिव चिकित्सा एवं शिक्षा रजनीश दूबे, कमिश्नर देवीपाटन मंडल गोंडा एसबी रंगाराव, डीआईजी डॉ. राकेश सिंह, डीएम कृष्णा करुणेश, एसपी देवरंजन वर्मा, सदर विधायक पल्टूराम, तुलसीपुर विधायक कैलाश नाथ शुक्ला, उतरौला विधायक राम प्रताप वर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप सिंह, पूर्व सांसद दद्दन मिश्र, समेत कई अन्य लोग मौजूद रहे।
विज्ञापन
केजीएमयू सेटेलाइट सेंटर के रूप में बनने वाले अटल बिहारी चिकित्सा महाविद्यालय एवं चिकित्सालय की आधारशिला शुक्रवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ रखी। करीब 85 करोड़ की लागत से बनने वाला यह संस्थान वर्ष 2022 में काम शुरू शुरू कर देगा। इसका संचालन केजीएमयू करेगा। संस्थान में सभी अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधाओं के साथ-साथ एमबीबीएस की कक्षाएं भी चलेंगी।
विज्ञापन
अटल बिहारी चिकित्सा महाविद्यालय एवं चिकित्सालय की आधारशिला रखने के पहले मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी और नानाजी देशमुख जैसे भारतरत्न महापुरुषों की कर्मस्थली रहे बलरामपुर को उसके अतीत से जोड़ा गया है। मां पाटेश्वरी के आंचल में बसा यह जनपद विकास से कोसों दूर था। पिछले तीन सालों में जिले का पिछड़ापन दूर करने का हरसंभव प्रयास मेरी सरकार ने किया।
विज्ञापन
केजीएमयू सेटेलाइट सेंटर के रूप में बनने वाला यह मेडिकल कॉलेज अपने आप में एक अभिनव प्रयोग है। कॉलेज में डॉक्टरों तथा सभी सुविधाओं की मॉनीटरिंग केजीएमयू लखनऊ करेगा। इस कॉलेज में चिकित्सकीय सुविधाओं की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी। पहले चरण में 300 बेड का अत्याधुनिक अस्पताल बनेगा। दूसरे चरण में कॉलेज के प्रशासनिक भवन आदि बनाए जाएंगे। किसी भी मेडिकल विश्वविद्यालय का यह पहला सेटेलाइट सेंटर है।
इस अवसर पर केजीएमयू लखनऊ के प्रति कुलपति डॉ. जीपी सिंह, अपर मुख्य सचिव चिकित्सा एवं शिक्षा रजनीश दूबे, कमिश्नर देवीपाटन मंडल गोंडा एसबी रंगाराव, डीआईजी डॉ. राकेश सिंह, डीएम कृष्णा करुणेश, एसपी देवरंजन वर्मा, सदर विधायक पल्टूराम, तुलसीपुर विधायक कैलाश नाथ शुक्ला, उतरौला विधायक राम प्रताप वर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप सिंह, पूर्व सांसद दद्दन मिश्र, समेत कई अन्य लोग मौजूद रहे।
बलरामपुर से रहा है अटल बिहारी व नानजी देशमुख की रिश्ता
बलरामपुर के लोगों से पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी तथा नानाजी देशमुख का गहरा रिश्ता रहा है। अटल जी ने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत वर्ष 1957 में बलरामपुर से संसदीय चुनाव जीतकर की थी। 1962 में वह कांग्रेस की सुभद्रा जोशी से मात्र 200 मतों से हार गए थे। उन्होंने 1967 यहीं से संसदीय चुनाव जीतकर संसद पहुंचे। वर्ष 1977 में नानाजी देशमुख ने जनता पार्टी के टिकट पर बलरामपुर संसदीय क्षेत्र से चुनाव जीतकर यहां का पिछड़ापन दूर करने का भरसक प्रयास किया। पचपेड़वा के इमिलिया कोडर में नानाजी द्वारा स्थापित दीन दयाल शोध संस्थान आज भी थारू जनजाति के विकास में अहम भूमिका निभा रहा है।
दो साल में तीन लाख युवाओं को मिलेगी नौकरी
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने पिछले तीन साल में तीन लाख युवाओं को सरकारी नौकरी दी है। अगले दो सालों में भी तीन लाख युवाओं को नौकरी दी जाएगी। जिसकी शुरुआत शुक्रवार को लखनऊ में 31,277 शिक्षकों को नियुक्ति पत्र देकर कर दी गई है। शीघ्र ही हमारी सरकार हर युवा को रोजगार की गारंटी देने का काम भी शुरु करने जा रही है। हम प्रदेश के सभी परिवार के युवाओं को रोजगार की गारंटी देंगे।
मिलेंगी यह सुविधाएं
कॉलेज में लोगों को सर्जरी, मेडिसिन, गाइनालॉजी, कार्डियालॉजी, आईसीयू, ट्रॉमा, एसएनसीयू, सीसीयू, आर्थो सर्जरी, ईएनटी सर्जरी, प्लास्टिक सर्जरी तथा कैंसर आदि गंभीर रोगों के इलाज की सुविधा होगी। इस मेडिकल कॉलेज में अस्पताल के साथ मेडिकल कोर्स भी संचालित किए जाएंगे। यहां एमबीबीएस की पढ़ाई होगी।
तीन साल में बनाए 29 मेडिकल कॉलेज व दो एम्स
मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले 70 सालों में जहां प्रदेश के अंदर कुल 12 सरकारी मेडिकल कॉलेज थे वहीं पिछले तीन साल में हमारी सरकार ने 29 मेडिकल कॉलेज और दो एम्स बनाकर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। पूरे प्रदेश में देवीपाटन मंडल एक ऐसा मंडल है जिसके दो जिलों बहराइच तथा बलरामपुर को मेडिकल कालेज दिया जा चुका है। शीघ्र ही गोंडा जनपद को भी मेडिकल कॉलेज की सौगात दी जाएगी।
लोक कल्याण में अग्रणी रहा बलरामपुर राज परिवार
अटल बिहारी चिकित्सा महाविद्यालय एवं चिकित्सालय के शिलान्यास कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने बलरामपुर राज परिवार के लोक कल्याण व रचनात्मक कार्यों की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि बलरामपुर राज परिवार ने सदियों पहले लखनऊ के केजीएमयू तथा बलरामपुर अस्पताल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया था। यही नहीं इस राज परिवार ने प्रदेश के कई जनपदों, शिक्षण संस्थानों व अस्पताल आदि का निर्माण कराकर सराहनीय काम किया है।
दो साल में तीन लाख युवाओं को मिलेगी नौकरी
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने पिछले तीन साल में तीन लाख युवाओं को सरकारी नौकरी दी है। अगले दो सालों में भी तीन लाख युवाओं को नौकरी दी जाएगी। जिसकी शुरुआत शुक्रवार को लखनऊ में 31,277 शिक्षकों को नियुक्ति पत्र देकर कर दी गई है। शीघ्र ही हमारी सरकार हर युवा को रोजगार की गारंटी देने का काम भी शुरु करने जा रही है। हम प्रदेश के सभी परिवार के युवाओं को रोजगार की गारंटी देंगे।
मिलेंगी यह सुविधाएं
कॉलेज में लोगों को सर्जरी, मेडिसिन, गाइनालॉजी, कार्डियालॉजी, आईसीयू, ट्रॉमा, एसएनसीयू, सीसीयू, आर्थो सर्जरी, ईएनटी सर्जरी, प्लास्टिक सर्जरी तथा कैंसर आदि गंभीर रोगों के इलाज की सुविधा होगी। इस मेडिकल कॉलेज में अस्पताल के साथ मेडिकल कोर्स भी संचालित किए जाएंगे। यहां एमबीबीएस की पढ़ाई होगी।
तीन साल में बनाए 29 मेडिकल कॉलेज व दो एम्स
मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले 70 सालों में जहां प्रदेश के अंदर कुल 12 सरकारी मेडिकल कॉलेज थे वहीं पिछले तीन साल में हमारी सरकार ने 29 मेडिकल कॉलेज और दो एम्स बनाकर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। पूरे प्रदेश में देवीपाटन मंडल एक ऐसा मंडल है जिसके दो जिलों बहराइच तथा बलरामपुर को मेडिकल कालेज दिया जा चुका है। शीघ्र ही गोंडा जनपद को भी मेडिकल कॉलेज की सौगात दी जाएगी।
लोक कल्याण में अग्रणी रहा बलरामपुर राज परिवार
अटल बिहारी चिकित्सा महाविद्यालय एवं चिकित्सालय के शिलान्यास कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने बलरामपुर राज परिवार के लोक कल्याण व रचनात्मक कार्यों की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि बलरामपुर राज परिवार ने सदियों पहले लखनऊ के केजीएमयू तथा बलरामपुर अस्पताल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया था। यही नहीं इस राज परिवार ने प्रदेश के कई जनपदों, शिक्षण संस्थानों व अस्पताल आदि का निर्माण कराकर सराहनीय काम किया है।