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Balrampur News: गड्ढों में तब्दील हुई भारत-नेपाल को जोड़ने वाली सड़क
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बलरामपुर के भंगहा कला गांव के पास गड्ढे में तब्दील हुई सड़क।-संवाद
पिपरहवा चौराहा (बलरामपुर)। जिले में गड्ढामुक्त सड़क अभियान को लेकर जिम्मेदार गंभीर नहीं है। पिछले वर्षों में भी चलाए गए अभियान में केवल नगर क्षेत्रों के आसपास की सड़कों को ही दुरुस्त कराया गया। नतीजा यह रहा कि ग्रामीण क्षेत्रों की सड़कें बदहाल हैं। हर साल सड़क मरम्मत के नाम पर करोड़ों रुपये मिलने के बावजूद सड़कों की हालत बद से बदतर हैं।
गड्ढे में तब्दील है भारत-नेपाल जोड़ने वाली सड़क
भारत नेपाल सीमा को जोड़ने वाला पिपरहवा-नंदमहरा मार्ग क्षतिग्रस्त होकर गड्ढों में तब्दील हो गया है। भंगहा कला गांव के पास सड़क बारिश होने पर तालाब का रूप ले लेती है। इसी मार्ग से नंदमहरा चौकी, भंगहा, शिवानगर, जलजलवा, भचकहिया, भंगही व मदरहवा आदि गांव के लगभग 15 हजार लोगों का प्रतिदिन आवागमन होता है। तहसील तुलसीपुर, ब्लॉक मुख्यालय व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भी लोग इसी रास्ते से जाते हैं। विनोद कुमार द्विवेदी, राजकुमार तिवारी, अनिल कुमार, राघवराम, पंकज, रोजन व दीपक सिंह आदि का कहना है कि कई बार मांग करने के बावजूद सड़क ठीक नहीं कराया जा सका है।
क्षतिग्रस्त सड़क पर हो रहे हादसे
नैयकिनिया-रेहरा काफी क्षतिग्रस्त हो चुका है। सड़क पर जगह-जगह गड्ढे हो जाने के कारण लोगों को आवागमन करने में काफी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। बेली खुर्द, रेहरा, भवनियापुर, खपरीपुर, अजबनगर व विनुहनी आदि गांवों के करीब 10 हजार लोग प्रतिदिन आवागमन करते हैं। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि रियाज अहमद, मुजीब, रजनीश, अहमद व सर्वजीत आदि का कहना है कि कई बार सड़क की मरम्मत कराए जाने की मांग की गई लेकिन उसे दुरुस्त नहीं कराया गया।
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गड्ढे में तब्दील है भारत-नेपाल जोड़ने वाली सड़क
भारत नेपाल सीमा को जोड़ने वाला पिपरहवा-नंदमहरा मार्ग क्षतिग्रस्त होकर गड्ढों में तब्दील हो गया है। भंगहा कला गांव के पास सड़क बारिश होने पर तालाब का रूप ले लेती है। इसी मार्ग से नंदमहरा चौकी, भंगहा, शिवानगर, जलजलवा, भचकहिया, भंगही व मदरहवा आदि गांव के लगभग 15 हजार लोगों का प्रतिदिन आवागमन होता है। तहसील तुलसीपुर, ब्लॉक मुख्यालय व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भी लोग इसी रास्ते से जाते हैं। विनोद कुमार द्विवेदी, राजकुमार तिवारी, अनिल कुमार, राघवराम, पंकज, रोजन व दीपक सिंह आदि का कहना है कि कई बार मांग करने के बावजूद सड़क ठीक नहीं कराया जा सका है।
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क्षतिग्रस्त सड़क पर हो रहे हादसे
नैयकिनिया-रेहरा काफी क्षतिग्रस्त हो चुका है। सड़क पर जगह-जगह गड्ढे हो जाने के कारण लोगों को आवागमन करने में काफी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। बेली खुर्द, रेहरा, भवनियापुर, खपरीपुर, अजबनगर व विनुहनी आदि गांवों के करीब 10 हजार लोग प्रतिदिन आवागमन करते हैं। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि रियाज अहमद, मुजीब, रजनीश, अहमद व सर्वजीत आदि का कहना है कि कई बार सड़क की मरम्मत कराए जाने की मांग की गई लेकिन उसे दुरुस्त नहीं कराया गया।
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