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Balrampur News: दिव्यांग का नहीं दिखा कॉलम, सत्यापन अधिकारी ने भी लौटाया
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बलरामपुर के विकास भवन में शिकायत दर्ज कराती अभ्यर्थी।-संवाद
बलरामपुर। जिले में 625 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता भर्ती के लिए चयन प्रक्रिया चल रही है। विकास भवन में अभिलेखों का सत्यापन पूरा होने के बाद सीडीओ हिमांशु गुप्ता ने शिकायतों के निस्तारण के लिए हेल्प डेस्क की स्थापना की। भर्ती प्रक्रिया में अभिलेखों को दुरुस्त कराने के लिए तमाम अभ्यर्थियों ने शिकायत दर्ज कराई।
सदर विकास खंड के ग्राम बरांव निवासिनी गीता शर्मा ने शिकायत की कि दिव्यांग कोटे के तहत आवेदन किया था। आवेदन के समय दिव्यांग का कॉलम दिख नहीं रहा था, इसलिए दिव्यांग काॅलम नहीं भरा जा सका। अभिलेखों के सत्यापन के दौरान दिव्यांगता प्रमाणपत्र जमा करने की कोशिश की गई लेकिन सत्यापन अधिकारी ने प्रमाणपत्र नहीं जमा कराया। इसके चलते उसका नाम वरीयता सूची में तीसरे स्थान पर चला गया है।
गैसड़ी विकास खंड के ग्राम चिरैबसना निवासिनी मधुबाला ने शिकायत की कि ऑनलाइन आवेदन करते समय शैक्षणिक प्रमाणपत्र शामिल किए थे लेकिन त्रुटिवश प्रतिशत का कालम रिक्त रह गया। तुलसीपुर विकास खंड के ग्राम नौवा निवासिनी संध्या तिवारी ने कहाकि कम नंबर वाले को वरीयता दी गई है, जबकि अधिक नंबर होने के बावजूद सूची में नाम नहीं है। सीडीओ ने बताया कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता चयन प्रक्रिया पूर्णतया मेरिट बेस्ड है। इसमें अभ्यर्थियों के दसवीं, बारहवीं, स्नातक एवं परास्नातक के पूर्णांक पर मेरिट बनाकर चयन किया जाएगा। इसके अलावा विधवा, तलाकशुदा, अनुसूचित जाति/जनजाति व अन्य आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों को वरीयता प्रदान की जाएगी। इसके अलावा चयन का कोई भी आधार नहीं है। आंगनबाड़ी भर्ती चयन प्रक्रिया के अभ्यर्थी किसी के भी प्रलोभन अथवा बहकावे में न आएं।
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सदर विकास खंड के ग्राम बरांव निवासिनी गीता शर्मा ने शिकायत की कि दिव्यांग कोटे के तहत आवेदन किया था। आवेदन के समय दिव्यांग का कॉलम दिख नहीं रहा था, इसलिए दिव्यांग काॅलम नहीं भरा जा सका। अभिलेखों के सत्यापन के दौरान दिव्यांगता प्रमाणपत्र जमा करने की कोशिश की गई लेकिन सत्यापन अधिकारी ने प्रमाणपत्र नहीं जमा कराया। इसके चलते उसका नाम वरीयता सूची में तीसरे स्थान पर चला गया है।
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गैसड़ी विकास खंड के ग्राम चिरैबसना निवासिनी मधुबाला ने शिकायत की कि ऑनलाइन आवेदन करते समय शैक्षणिक प्रमाणपत्र शामिल किए थे लेकिन त्रुटिवश प्रतिशत का कालम रिक्त रह गया। तुलसीपुर विकास खंड के ग्राम नौवा निवासिनी संध्या तिवारी ने कहाकि कम नंबर वाले को वरीयता दी गई है, जबकि अधिक नंबर होने के बावजूद सूची में नाम नहीं है। सीडीओ ने बताया कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता चयन प्रक्रिया पूर्णतया मेरिट बेस्ड है। इसमें अभ्यर्थियों के दसवीं, बारहवीं, स्नातक एवं परास्नातक के पूर्णांक पर मेरिट बनाकर चयन किया जाएगा। इसके अलावा विधवा, तलाकशुदा, अनुसूचित जाति/जनजाति व अन्य आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों को वरीयता प्रदान की जाएगी। इसके अलावा चयन का कोई भी आधार नहीं है। आंगनबाड़ी भर्ती चयन प्रक्रिया के अभ्यर्थी किसी के भी प्रलोभन अथवा बहकावे में न आएं।
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