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Balrampur News: वाद-विवाद प्रतियोगिता में प्रिंसी ने बाजी मारी
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बलरामपुर। संस्थापक सप्ताह समारोह के तहत मंगलवार को एमएलके महाविद्यालय में अंग्रेजी में वाद-विवाद प्रतियोगिता कराई गई। देश के शैक्षिक स्तर पर आयोजित इस प्रतियोगिता में बीएससी तृतीय वर्ष की छात्रा प्रिंसी त्रिपाठी पहले स्थान पर रहीं। परास्नातक द्वितीय वर्ष के छात्र शिवांश को दूसरा व सैय्यदा को तीसरा स्थान मिला। तीनों को अतिथियों ने पुरस्कार देकर सम्मानित किया।
प्रतियोगिता का शुभारंभ प्राचार्य डॉ. जेपी पांडेय ने दीप जलाकर व मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण करके किया। उन्होंने कहा कि बदलते हुए वैश्विक परिप्रेक्ष्य में भारत को ज्ञान की महाशक्ति बनाने में नई शिक्षा नीति सराहनीय कदम है। इससे शिक्षा के क्षेत्र में अहम सुधार होंगे।
मुख्य अतिथि डॉ. एपी पांडेय व सांस्कृतिक निदेशिका डॉ. अनामिका सिंह ने विद्यार्थियों को नई शिक्षा नीति 2020 से जुड़ी जानकारी दी। डॉ. अनामिका ने कहा कि शिक्षा का समावेशीकरण ये बताता है कि एक सामान्य छात्र व एक दिव्यांग छात्र को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का समान अवसर मिले। प्रत्येक शिक्षक को कक्षा में उपस्थित दिव्यांग छात्र-छात्राओं के प्रति पूर्ण संवेदनशील होकर उन्हें हर संभव सहायता प्रदान करना नवीन शिक्षा नीति की प्रमुख विशेषता है।
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कार्यक्रम के संचालक डॉ. आरके शुक्ल ने प्रतिभागियों को क्रेडिट सिस्टम की जानकारी दी। डॉ. विमल वर्मा के संयोजन में प्राकृतिक आपदा बाढ़ और सरकारी नीति विषय पर हिंदी निबंध प्रतियोगिता भी कराई गई।
इस अवसर पर शिवानंद पांडेय, अभय नाथ ठाकुर, डॉ. बीएल गुप्ता, डॉ. श्रद्धा सिंह, डॉ. कृतिका तिवारी व लेफ्टिनेंट डॉ. देवेंद्र चौहान समेत कई शिक्षक मौजूद रहे।
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प्रतियोगिता का शुभारंभ प्राचार्य डॉ. जेपी पांडेय ने दीप जलाकर व मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण करके किया। उन्होंने कहा कि बदलते हुए वैश्विक परिप्रेक्ष्य में भारत को ज्ञान की महाशक्ति बनाने में नई शिक्षा नीति सराहनीय कदम है। इससे शिक्षा के क्षेत्र में अहम सुधार होंगे।
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मुख्य अतिथि डॉ. एपी पांडेय व सांस्कृतिक निदेशिका डॉ. अनामिका सिंह ने विद्यार्थियों को नई शिक्षा नीति 2020 से जुड़ी जानकारी दी। डॉ. अनामिका ने कहा कि शिक्षा का समावेशीकरण ये बताता है कि एक सामान्य छात्र व एक दिव्यांग छात्र को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का समान अवसर मिले। प्रत्येक शिक्षक को कक्षा में उपस्थित दिव्यांग छात्र-छात्राओं के प्रति पूर्ण संवेदनशील होकर उन्हें हर संभव सहायता प्रदान करना नवीन शिक्षा नीति की प्रमुख विशेषता है।
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कार्यक्रम के संचालक डॉ. आरके शुक्ल ने प्रतिभागियों को क्रेडिट सिस्टम की जानकारी दी। डॉ. विमल वर्मा के संयोजन में प्राकृतिक आपदा बाढ़ और सरकारी नीति विषय पर हिंदी निबंध प्रतियोगिता भी कराई गई।
इस अवसर पर शिवानंद पांडेय, अभय नाथ ठाकुर, डॉ. बीएल गुप्ता, डॉ. श्रद्धा सिंह, डॉ. कृतिका तिवारी व लेफ्टिनेंट डॉ. देवेंद्र चौहान समेत कई शिक्षक मौजूद रहे।