फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Balrampur News ›   Pachpedwa Inspector suspended in illegal detention case

Balrampur News: अवैध हिरासत के मामले में पचपेड़वा इंस्पेक्टर निलंबित

Sat, 12 Sep 2026 11:43 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर Updated Sat, 12 Sep 2026 11:43 PM IST
विज्ञापन
Pachpedwa Inspector suspended in illegal detention case
फोटो-9-ओपी सिंह चौहान
बलरामपुर। पचपेड़वा थाने की पुलिस कार्रवाई को लेकर हाईकोर्ट में दाखिल शिकायत के बाद हुई जांच में लापरवाही सामने आने पर प्रभारी निरीक्षक ओम प्रकाश चौहान को पुलिस अधीक्षक मार्तंड प्रकाश सिंह ने निलंबित कर दिया गया। निरीक्षक राज कुमार सिंह को पचपेड़वा का नया प्रभारी निरीक्षक बनाया है।
विज्ञापन

मामला अबू हमजा के भाई को कथित तौर पर पुलिस हिरासत में रखे जाने से जुड़ा है। अबू हमजा की ओर से 18 अगस्त को इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ में दाखिल अर्जी में आरोप लगाया गया था कि पचपेड़वा पुलिस ने उनके भाई को 14 से 17 अगस्त तक हिरासत में रखा। आरोप है कि इस दौरान उसे निर्धारित प्रक्रिया के तहत सक्षम न्यायालय के समक्ष पेश नहीं किया गया। इसे अवैध हिरासत बताते हुए अर्जी में हिरासत का कानूनी आधार और उससे संबंधित पुलिस रिकॉर्ड उपलब्ध कराने की मांग की गई थी।
विज्ञापन

अर्जी में पचपेड़वा थाने की सीसीटीवी फुटेज सुरक्षित रखने की भी मांग की गई थी। याचिकाकर्ता के अनुसार, संबंधित अवधि की सीसीटीवी रिकॉर्डिंग से हिरासत की अवधि और परिस्थितियों से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्य सामने आ सकते हैं। रिकॉर्डिंग को डिलीट, ओवरराइट या नष्ट होने से बचाने के लिए उसे तत्काल सुरक्षित रखने का अनुरोध किया गया था। अर्जी में यह भी कहा गया था कि याचिकाकर्ता ने 17 अगस्त को पुलिस अधीक्षक बलरामपुर को प्रार्थनापत्र देकर अपने भाई की कथित हिरासत के संबंध में हस्तक्षेप की मांग की थी। राहत नहीं मिलने का आरोप लगाते हुए हाईकोर्ट से तत्काल सुनवाई की मांग की गई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन


हाईकोर्ट के आदेश के बाद हुई जांच

पुलिस के अनुसार, हाईकोर्ट में दाखिल रिट याचिका के संबंध में न्यायालय के आदेश के क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक बलरामपुर ने प्रकरण की जांच की। जांच में तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक ओम प्रकाश चौहान की ओर से की गई कार्रवाई में लापरवाही और कर्तव्य के प्रति उदासीनता के आरोप प्रथमदृष्टया प्रमाणित पाए गए। जांच आख्या मिलने के बाद एसपी ने उन्हें निलंबित कर दिया।

एसपी ने कहा है कि जिले में लापरवाही, भ्रष्टाचार और अनुशासनहीनता को किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ऐसे मामलों में जांच के आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

दुष्कर्म मामले की विवेचना पर भी उठे थे सवाल

पचपेड़वा क्षेत्र में थारू जनजाति की किशोरी से दुष्कर्म और उसके गर्भपात के मामले में भी पुलिस की विवेचना सवालों के घेरे में रही थी। अप्रैल में सामने आए इस मामले में आरोप था कि किशोरी को शादी का झांसा देकर दुष्कर्म किया गया और गर्भवती होने के बाद उसका गर्भपात कराया गया। पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई की थी, जबकि स्वास्थ्य विभाग ने संबंधित केंद्र के खिलाफ भी कार्रवाई की थी।


बाद में मामले की विवेचना को लेकर सवाल उठे। हाईकोर्ट के निर्देश पर एसटीएफ की टीम पचपेड़वा पहुंची और पुलिस व स्वास्थ्य विभाग से जुड़े लोगों के बयान दर्ज किए। टीम ने पुराने अभिलेखों की भी पड़ताल की। विवेचना के दौरान सीसीटीवी फुटेज, मेडिकल दस्तावेज और वैज्ञानिक साक्ष्यों के संकलन को लेकर भी सवाल उठे थे। एसटीएफ की जांच के बाद भी इस मामले को लेकर पचपेड़वा पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठे थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed