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प्राकृतिक जलाशय की जमीन में खेती कर रहे है भू माफिया
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पचपेड़वा (बलरामपुर)। सिंचाई विभाग की शह पर भू माफिया जलाशय की जमीन पर खुलेआम खेती कर रहे हैं। क्षेत्रीय लोगों ने एसडीएम तुलसीपुर तथा मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत भेजकर जलाशय पर हुए अवैध कब्जे को हटवाने तथा दोषियों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग की है। पीड़ितों ने प्रदर्शन भी किया।
एसडीएम तुलसीपुर को दिए गए शिकायती पत्र में मोतीपुर सेमरी निवासी देवेन्द्र बहादुर सिंह, विकास सिंह, रमेश गौक्तम, रामदेव, त्रिवेनी, कमलेश व बृजेश आदि ने कहा है कि कोहरगड्डी जलाशय में भू माफिया का कब्जा करीब तीन साल पहले सिंचाई विभाग चित्तौड़गढ़ बांध खंड तथा प्रशासन ने उच्चतम न्यायालय के आदेश पर हटवा दिया था। जलाशय में सिल्ट जमा है तथा यह क्षेत्र में घूम रहे आवारा पशुओं का चारागाह भी है।
बीते दिनों गढ़वा गांव के कुछ लोगों ने जलाशय में फिर से खेती शुरू कर दी है। यह लोग जलाशय की सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा कर खेती कर रहे हैं। जलाशय में आश्रय लेने वाले आवारा पशुओं को इन लोगों ने वहां से भगा दिया। आवारा पशु अब आस पास के गांव में किसानों के खेत में लगी फसल तबाह कर रहे हैैं।
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मामले की शिकायत संबंधित सिंचाई विभाग के अधिकारियों से की गई लेकिन इन लोगों ने कोई कार्रवाई नहीं की। इन लोगों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए एसडीएम तथा मुख्यमंत्री से प्राकृतिक जलाशय में हो रहे भूमाफियाओं के कब्जे को तत्काल हटाने तथा दोषियों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग की है।
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एसडीएम तुलसीपुर को दिए गए शिकायती पत्र में मोतीपुर सेमरी निवासी देवेन्द्र बहादुर सिंह, विकास सिंह, रमेश गौक्तम, रामदेव, त्रिवेनी, कमलेश व बृजेश आदि ने कहा है कि कोहरगड्डी जलाशय में भू माफिया का कब्जा करीब तीन साल पहले सिंचाई विभाग चित्तौड़गढ़ बांध खंड तथा प्रशासन ने उच्चतम न्यायालय के आदेश पर हटवा दिया था। जलाशय में सिल्ट जमा है तथा यह क्षेत्र में घूम रहे आवारा पशुओं का चारागाह भी है।
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बीते दिनों गढ़वा गांव के कुछ लोगों ने जलाशय में फिर से खेती शुरू कर दी है। यह लोग जलाशय की सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा कर खेती कर रहे हैं। जलाशय में आश्रय लेने वाले आवारा पशुओं को इन लोगों ने वहां से भगा दिया। आवारा पशु अब आस पास के गांव में किसानों के खेत में लगी फसल तबाह कर रहे हैैं।
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मामले की शिकायत संबंधित सिंचाई विभाग के अधिकारियों से की गई लेकिन इन लोगों ने कोई कार्रवाई नहीं की। इन लोगों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए एसडीएम तथा मुख्यमंत्री से प्राकृतिक जलाशय में हो रहे भूमाफियाओं के कब्जे को तत्काल हटाने तथा दोषियों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग की है।