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Balrampur News: होली की मिठास फीकी कर रही महंगाई
Tue, 28 Feb 2023 11:42 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
Updated Tue, 28 Feb 2023 11:42 PM IST
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बलरामपुर के संतोषी माता मंदिर के सामने स्थित मिठाई की दुकान। संवाद
बलरामपुर। रंगों का त्योहार होली नजदीक है। एक तरफ जहां लोग होली को लेकर उत्साहित हैं, वहीं बढ़ती महंगाई को लेकर लोगों में चिंता भी है। दूध की बढ़ी कीमतों के चलते खोवा व पनीर सहित मिठाइयों के दाम आसमान छूने लगे हैं। महंगाई के चलते इस बार गुझिया की मिठास भी महंगी होने का अनुमान है।
होली त्योहार रंगों के साथ ही गुझिया व लजीज व्यंजनों के लिए जाना जाता है। होली पर घर आने वाले रिश्तेदारों व मेेहमानों को गुझिया खिलाने का रिवाज है। होली को लेकर अभी से तैयारियां शुरू हो गईं हैं। बाजार में रेडीमेड गुझिया बनने लगी हैं। अभी गुझिया के दाम 350 से लेकर 400 रुपये प्रतिकिलो तक हैं मगर इस बार होली में रेडीमेड गुझिया की कीमत 450 से 500 रुपये तक बिक सकती है।
मिष्ठान विक्रेता अमित का कहना है कि इस बार होली से पहले दूध के दाम काफी बढ़ गए हैं। अमूल, नोवा व पराग ने दूध के दाम तीन से पांच रुपये प्रति लीटर तक बढ़ा दिए हैं। दूध महंगा होने से खोवा के दाम भी बढ़ गए हैं। ऐसे में मिठाई व गुझिया की कीमत भी होली में 50 रुपये से लेकर 100 रुपये तक बढ़ सकती हैं।
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संतोषी माता मंदिर तिराहे पर होटल चलाने वाले संतोष का कहना है कि बाजार में अच्छा दूध 60 से 65 रुपये प्रति लीटर तक में बिक रहा है। खोवा 250 से 280 रुपये प्रति किलोग्राम तक में बिक रहा है। होली में खोवा महंगा हुआ तो मिठाई और गुझिया भी महंगी होगी। मेजर चौराहा के पास मिठाई की दुकान चलाने वाले आशुतोष ने बताया कि रेडीमेड गुझिया बननी शुरू हो गई है। लोग उपहार में देने के लिए गुझिया व मिठाई खरीदने लगे हैं। गुझिया के दाम अभी 400 रुपये प्रति किलोग्राम हैं। होली में 450 से लेकर 500 रुपये तक दाम बढ़ सकते हैं।
खाद्य पदार्थों में मिलावट का भी बाजार बेरोकटोक चलता है। त्योहार के मौके पर इसमें और इजाफा हो जाता है। ऐसे में सावधान रहने की जरूरत है। जिले में कानपुर के खोवे की मांग अधिक है। कई बार खाद्य सुरक्षा टीम इसे पकड़कर कार्रवाई भी कर चुकी है। मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी विनोद कुमार पांडेय ने बताया कि पहली अप्रैल से अब तक 130 जगह छापा मारकर 130 नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं। इस अवधि में 161 नमूनों की जांच रिपोर्ट आई। इसमें 58 में मिलावट मिली। सात नमूने असुरक्षित भी मिले हैं। 53 में नियमों का उल्लंघन पाया गया। इन मामलों में कार्रवाई की जा रही है। इसके साथ ही मिलावटखोरी के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।
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होली त्योहार रंगों के साथ ही गुझिया व लजीज व्यंजनों के लिए जाना जाता है। होली पर घर आने वाले रिश्तेदारों व मेेहमानों को गुझिया खिलाने का रिवाज है। होली को लेकर अभी से तैयारियां शुरू हो गईं हैं। बाजार में रेडीमेड गुझिया बनने लगी हैं। अभी गुझिया के दाम 350 से लेकर 400 रुपये प्रतिकिलो तक हैं मगर इस बार होली में रेडीमेड गुझिया की कीमत 450 से 500 रुपये तक बिक सकती है।
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मिष्ठान विक्रेता अमित का कहना है कि इस बार होली से पहले दूध के दाम काफी बढ़ गए हैं। अमूल, नोवा व पराग ने दूध के दाम तीन से पांच रुपये प्रति लीटर तक बढ़ा दिए हैं। दूध महंगा होने से खोवा के दाम भी बढ़ गए हैं। ऐसे में मिठाई व गुझिया की कीमत भी होली में 50 रुपये से लेकर 100 रुपये तक बढ़ सकती हैं।
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संतोषी माता मंदिर तिराहे पर होटल चलाने वाले संतोष का कहना है कि बाजार में अच्छा दूध 60 से 65 रुपये प्रति लीटर तक में बिक रहा है। खोवा 250 से 280 रुपये प्रति किलोग्राम तक में बिक रहा है। होली में खोवा महंगा हुआ तो मिठाई और गुझिया भी महंगी होगी। मेजर चौराहा के पास मिठाई की दुकान चलाने वाले आशुतोष ने बताया कि रेडीमेड गुझिया बननी शुरू हो गई है। लोग उपहार में देने के लिए गुझिया व मिठाई खरीदने लगे हैं। गुझिया के दाम अभी 400 रुपये प्रति किलोग्राम हैं। होली में 450 से लेकर 500 रुपये तक दाम बढ़ सकते हैं।
खाद्य पदार्थों में मिलावट का भी बाजार बेरोकटोक चलता है। त्योहार के मौके पर इसमें और इजाफा हो जाता है। ऐसे में सावधान रहने की जरूरत है। जिले में कानपुर के खोवे की मांग अधिक है। कई बार खाद्य सुरक्षा टीम इसे पकड़कर कार्रवाई भी कर चुकी है। मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी विनोद कुमार पांडेय ने बताया कि पहली अप्रैल से अब तक 130 जगह छापा मारकर 130 नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं। इस अवधि में 161 नमूनों की जांच रिपोर्ट आई। इसमें 58 में मिलावट मिली। सात नमूने असुरक्षित भी मिले हैं। 53 में नियमों का उल्लंघन पाया गया। इन मामलों में कार्रवाई की जा रही है। इसके साथ ही मिलावटखोरी के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।