बलिया। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की ओर से बुधवार को शहर के टाउन हॉल बापू भवन में विजयादशमी उत्सव और शस्त्र पूजन का आयोजन किया गया। मुख्य वक्ता गोरक्षप्रांत के सह प्रांत कार्यवाह वीरेंद्र, ओमप्रकाश चौबे, बृजमोहन सिंह और परमेश्वरनश्री ने भारत माता, मां दुर्गा, भगवान राम, डॉ. केशवराव बलिराम हेडगेवार और माधवराव सदाशिवराव गोलवलकर के चित्र पर दीप प्रज्ज्वलन के बाद शस्त्र पूजन किया।
मुख्य वक्ता वीरेंद्र ने कहा कि उत्सवों द्वारा सुप्त स्फूर्ति केंद्रों का पुनर्जागरण, अखिल भारतीय राष्ट्रीय दृष्टि का निर्माण, समाज द्वारा संघ को निकट से देखने और समझने का अवसर व समाज संघ के लिए पोषक वायुमंडल का निर्माण होता है। नए व्यक्तियों को संगठन से जोड़ने का स्वर्णिम अवसर और कार्यकर्ता प्रशिक्षण में सहयोग ही प्राप्त होता है। सर संघचालक डॉ. केशवराव बलिराम हेडगेवार ने संघ में छह उत्सवों की योजना की। ये छह उत्सवों में प्रथम वर्ष प्रतिपदा, द्वितीय हिंदू साम्राज्य दिवस, तृतीय श्रीगुरु पूर्णिमा, चतुर्थ रक्षाबंधन, पांचवां आश्विन शुक्ल दशमी को मनाया जाने वाला विजयादशमी उत्सव है। हमारे रग-रग में, कण-कण में रोम-रोम में भगवान राम बसते हैं। आश्विन शुक्ल दशमी को विजयादशमी का उत्सव मनाया जाता है। यह शक्ति उपासना का पवित्र दिन है। आज से 97 वर्ष पूर्व विजयादशमी के ही दिन 1925 में आद्य सरसंघचालक परम पूज्य डॉ. केशव राव बलिराम हेडगेवार द्वारा नागपुर में संघ की स्थापना की गई थी। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना को वर्ष 2025 में सौ वर्ष पूर्ण हो रहे हैं। ओम प्रकाश चौबे कहा कि आरएसएस अपने लक्ष्य की ओर निरंतर बढ़ रहा है। इस मौके पर संपत, आसन ग्रहण, शस्त्र पूजन, ध्वजारोहण, प्रार्थना सामूहिक गीत, आशीर्वचन, अमृत वचन, एकल गीत हुए। मुख्य शिक्षक नगर शारीरिक शिक्षण प्रमुख चंद्रशेखर थे। प्रार्थना नगर संपर्क प्रमुख संतोष ने की। विभाग प्रचारक तुलसीराम, जिला कार्यवाह हरनाम, नगर प्रचारक विशाल प्रचार प्रमुख मारुति नंदन थे। बुधवार शाम रामपुर उदयभान स्थित डॉ. रामविचार रामरति सरस्वती बालिका विद्यालय के परिसर में विजयादशमी और घोष पूजन किया गया। मुख्य अतिथि राम कुमार तिवारी और डॉ. संतोष तिवारी उपस्थित थे। सत्यव्रत सिंह, अंबरीष शुक्ल, उमा सिंह आदि थीं।