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दो दशक बाद भी नहीं बन सका बलिया में यातायात प्लान

Fri, 06 May 2022 11:00 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Fri, 06 May 2022 11:00 PM IST
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Traffic plan in Ballia could not be made even after two decades
बलिया। शहर की यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए यातायात सुरक्षा माह समेत विभिन्न अवसरों पर बड़े-बड़े दावे किए जाते रहे हैं। नगरपालिका, लोक निर्माण विभाग, पुलिस एवं प्रशासनिक महकमे की कई बैठकें हो चुकी हैं, जो सिर्फ चर्चा तक सिमट कर रह गई हैं। कई बार प्लान भी बना, लेकिन कागजों तक ही सिमट कर रह गया। हालात इस कदर बिगड़ गए हैं कि रोगी समय से अस्पताल नहीं पहुंच पा रहे हैं। जाम के चलते बच्चे समय से स्कूल और नौकरी पेशा वाले आफिस नहीं पहुंच पाते हैं। छपरा से बलिया होते पर्यटक वाराणसी सारनाथ जाते हैं। औसतन बीस हजार वाहन प्रतिदिन शहर में आते जाते हैं। शहर में दो हजार मरीज 30 हजार विद्यार्थी पांच हजार नौकरी पेशा एवं मुकदमे में पैरवी के लिए ग्रामीण अंचल एवं अन्य स्थानों से आते जाते हैं। सब के सब लचर यातायात प्रबंधन देखकर गर्मी के मौसम में ट्रैफिक एवं थानों की पुलिस को कोसते हैं। जहां जिले के सबसे बड़े पुलिस अफसर, प्रशासनिक महकमे के अफसर बैठते हैं, वहां उतनी ही अधिक जाम की समस्या है। लेकिन इनके मन में शहर का ट्रैफिक प्लान बनाने की चिंता कभी नहीं होती। कारण न तो अफसर जाम में फंसते और न ही जनप्रतिनिधि जाम से जूझते हैं।
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शहर में ट्रैफिक व्यवस्था कैसे बेहतर हो, जब लंबे समय से शहर की पुलिस अपडेट हो नहीं हुई। ट्रैफिक में आम जनता परेशान होती है। जाम से मुक्ति दिलाने के लिए ट्रैफिक एवं धाना पुलिस को प्रयास करना चाहिए। लेकिन, थाने के स्तर से कोई प्रयास ही नहीं होता, एसओ कभी भी जाम न लगे, इसके लिए अतिक्रमण तक हटाने का निर्देश नहीं देते। पुलिस अधिकारी कहते हैं कि आम जनता को जाम की समस्या से राहत दिलाना और ट्रैफिक व्यवस्था को बेहतर बनाना हमारा कर्तव्य है। लेकिन, संसाधनों की कमी के बारे में जानकारी नहीं करते, जाम न लगे, इसके लिए संसाधन एवं फोर्स बढ़ाने का इंतजाम ही करते हैं। ट्रैफिक पुलिस रोडवेज पर मौजूद रहती है, फिर भी बसें रोड पर हो खड़ कर सवारियां भरी जाती है। इसके अलावा स्टेशन पर पुलिस की मौजूदगी में ई-रिक्शा चालक सड़क वाहन खड़ा कर सवारियां बैठाते है।
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पार्किंग तो सपना हो गई
शहर में पार्किंग का इंतजाम नहीं होना भी जाम की एक समस्या है। स्टेशन रोड, मालगोदाम रोड, टाउनहाल रोड, चित्तू पांडेय चौराहा, कचहरी रोड, टीडी कॉलेज चौराहा, गड़वार रोड, कुंवर सिंह चौराहा, विशुनीपुर सब्जी मंडी, पानी टंकी चौराहा, कासिम बाजार चौराहा,शहीद पार्क चौक, सिनेमा रोड, गुदरी बाजार सहित कमोवेश सभी सड़कों पर वाहन बेतरतीब लोग खड़ा कर देते है। जिससे जाम लग जाता है। बावजूद शहर में कहीं भी पार्किंग का इंतजाम नहीं हो सका है।
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जाम की समस्या वास्तव में गंभीर समस्या है। उमस एवं गर्मी के मौसम में तो यह और भी बढ़ाने वाली है। शहर के दस से अधिक चौराहों पर ट्रैफिक पुलिस तैनात की गई है। इसके अलावा वन-वे लागू किया गया है। साथ ही पटरियों पर अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा।
-भूषण वर्मा, सीओ सिटी / यातायात
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