फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ballia News ›   Three thousand e-rickshaws, traffic system collapsed in four km city

चार किमी के शहर में तीन हजार ई-रिक्शा, यातायात व्यवस्था ध्वस्त

Sun, 26 Dec 2021 11:30 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sun, 26 Dec 2021 11:30 PM IST
विज्ञापन
Three thousand e-rickshaws, traffic system collapsed in four km city
बलिया। करीब चार किलोमीटर के दायरे में फैले मुख्य शहर में सड़कों पर हर दिन करीब 3000 ई-रिक्शा दौड़ रहे हैं। यह ई-रिक्शा शहर के सभी प्रमुख मार्गों पर हर दिन भीषण जाम का कारण बन रहे हैं। शहर की संकरी सड़कों पर ई-रिक्शा की संख्या अधिक होने के कारण यातायात व्यवस्था पूरी तरह से ध्वस्त हो गई है। पुलिस भी इस समस्या का समाधान नहीं कर पा रही है।
विज्ञापन

शहर के कदम चौराहा से लेकर चित्तू पांडेय चौराहा, स्टेशन से टीडी कालेज चौराहा, बहादुरपुर, माल्देपुर, मिड्ढी,शहीद पार्क चौक, नया चौक, भृगुआश्रम, एनसीसी तिराहा, गड़वार रोड, रोडवेज, जिला अस्पताल, महिला अस्पताल, गुदरी बाजार, बनकटा, लोहापट्टी, जापलिनगंज तक रोजाना सवारियों को लेकर ई- रिक्शा दौड़ लगा रहे हैं। सुबह से शाम तक रोडवेज बस स्टैंड से स्टेशन, जिला अस्पताल, महिला अस्पताल, चित्तू पांडेय चौराहा, रेलवे स्टेशन व चौक के आसपास मनमाने तरीके से ई-रिक्शा दौड़ाए जा रहे हैं। चित्तू पांडेय चौराहे से रेलवे स्टेशन व हाईवे पर कदम चौराहा तक दौड़ लगा रहे ई-रिक्शा कतार जाम की समस्या का प्रमुख कारण हैं। कई बार ई-रिक्शे की वजह से लगे जाम से लोगों को पैदल निकलना भी दुश्वार हो जाता है। दो वर्ष पहले यातायात पुलिस ने शहर में जाम की समस्या को दूर करने के लिए शहर को चार रूट में बांटने की तैयारी की थी। ई-रिक्शा चालकों की मनमानी पर लगाम लगाने के लिए उन्हें अलग-अलग रूट पर दौड़ाने का प्लान तैयार किया गया था, लेकिन अब तक कुछ नहीं हो सका है। इसके बावजूद पिछले दिनों ट्रैफिक पुलिस ने ई रिक्शा के लिए एक बार फिर रुट निर्धारण किया है। लेकिन ना तो जाम से मुक्ति मिल रही है और ना ही तय रुटों पर ई-रिक्शा का संचालन हो रहा है। शहर में दिन- प्रतिदिन ई-रिक्शा की संख्या बढ़ती जा रही है।
विज्ञापन

-----
एआरटीओ कार्यालय में पंजीकृत हैं 3000 ई-रिक्शा नगर क्षेत्र की सड़कों पर सवारियों को बैठाकर दौड़ लगाने वाले 3000 ई-रिक्शा संचालकों ने एआरटीओ कार्यालय में पंजीकरण कराया है। जबकि लगभग डेढ़ हजार ई-रिक्शा बगैर पंजीकरण के दौड़ रहे हैं। वर्ष भर में पंजीकृत ई-रिक्शा 1800 रुपये टैक्स जमा करते हैं। कई ई-रिक्शा कमाई के फेर में एक पंजीकृत नंबर के तीन वाहन भी चोरी से दौड़ा रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

----
एआटीओ कार्यालय में करीब 3000 ई-रिक्शे पंजीकृत हैं। नगर पालिका शहर में रूट का निर्धारण कर दे। इसके बाद परमिट तय कर मनमानी रोकी जा सकती है।
-राजभूषण चौधरी, आरआई, परिवहन विभाग।
----
ई-रिक्शा का रूट निर्धारित करने के लिए प्रस्ताव बनाया जा रहा है। ई-रिक्शा चालकों की मनमानी भागदौड़ से जाम की समस्या शहर की सड़कों पर बनी है।
-दिनेश कुमार विश्वकर्मा, ईओ, नगर पालिका, बलिया।
---
कुछ सुझावों पर अमल करते हुए ई-रिक्शा वालों के लिए रुट निर्धारित किया गया है। इस बार रुट निर्धारण का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कठोर कारवाई की जाएगी।
-विश्वदीप सिंह, यातायात प्रभारी, बलिया।
----
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed