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गेहूं क्रय केंद्र की जांच में मिलीं खामियां
अमर उजाला ब्यूरो /बलिया
Updated Fri, 13 Apr 2018 11:37 PM IST
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गेहूं की खरीद
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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जिलाधिकारी भवानी सिंह खंगारौत ने शुक्रवार को सुखपुरा में कर्मचारी कल्याण निगम के क्रय केंद्र की जांच की। इस दौरान कई खामियां सामने आईं। खरीद के स्टॉक का सत्यापन किया तो सब कुछ ठीक-ठाक नहीं मिला।
इस पर उन्होंने सख्त रूख अख्तियार करते हुए जिले भर की क्रय एजेंसियों को चेतावनी दी कि अगर किसानों को कोई असुविधा हुई, विचौलिए सक्रिय दिखे तो जिम्मेदार अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई होगी। जरूरत पड़ी तो जेल भी भेजे जाएंगे। कहा कि रैंडम तरीके से किसानों से पूछकर सत्यापन किया जाएगा। खतौनियों की भी हमेशा जांच होती रहेगी।
सुखपुरा में क्रय केंद्र के निरीक्षण के दौरान स्टॉक रजिस्टर के हिसाब से पूरा गेहूं नहीं पाया गया। गोदाम के अंदर धान के पुराने बोरे में गेहूं मिला। जिलाधिकारी ने केंद्र प्रभारी से सवाल किया तो भ्रामक उत्तर ही मिला। जिन किसानों ने अपना गेहूं बेचा है, उनकी खतौनी मांगी तो वह भी केंद्र प्रभारी नहीं दिखा पाए। नमी मापक यंत्र से गेहूं की नमी को माप कराया। कई किसानों को फोन मिलाकर खरीद का सत्यापन किया। सत्यापन के दौरान गड़बडी की आशंका पर विपणन निरीक्षक को निर्देश दिया कि यहां का स्टॉक रजिस्टर को बकायदा जांच लें।
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इस पर उन्होंने सख्त रूख अख्तियार करते हुए जिले भर की क्रय एजेंसियों को चेतावनी दी कि अगर किसानों को कोई असुविधा हुई, विचौलिए सक्रिय दिखे तो जिम्मेदार अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई होगी। जरूरत पड़ी तो जेल भी भेजे जाएंगे। कहा कि रैंडम तरीके से किसानों से पूछकर सत्यापन किया जाएगा। खतौनियों की भी हमेशा जांच होती रहेगी।
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सुखपुरा में क्रय केंद्र के निरीक्षण के दौरान स्टॉक रजिस्टर के हिसाब से पूरा गेहूं नहीं पाया गया। गोदाम के अंदर धान के पुराने बोरे में गेहूं मिला। जिलाधिकारी ने केंद्र प्रभारी से सवाल किया तो भ्रामक उत्तर ही मिला। जिन किसानों ने अपना गेहूं बेचा है, उनकी खतौनी मांगी तो वह भी केंद्र प्रभारी नहीं दिखा पाए। नमी मापक यंत्र से गेहूं की नमी को माप कराया। कई किसानों को फोन मिलाकर खरीद का सत्यापन किया। सत्यापन के दौरान गड़बडी की आशंका पर विपणन निरीक्षक को निर्देश दिया कि यहां का स्टॉक रजिस्टर को बकायदा जांच लें।
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