Ballia: 'मेरी भाभी से दूर रहना', चेतावनी सुनकर भड़के शख्स ने फंसा दिया सीरियल ब्लास्ट की धमकी में
गणतंत्र दिवस पर अहमदाबाद में सीरियल ब्लास्ट की धमकी देने के आरोपी को गुजरात पुलिस ने गिरफ्तार करने के बाद मामले का खुलासा कर दिया है। बलिया जिला निवासी युवक पर धमकी देने का आरोप लगा था।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
गणतंत्र दिवस पर अहमदाबाद में सीरियल ब्लास्ट की धमकी देने के आरोपी को गुजरात पुलिस ने गिरफ्तार करने के बाद मामले का खुलासा कर दिया है। जांच में पकड़े गए आरोपी को फंसाने के लिए एक युवक ने कुचक्र रचा था। युवक को पकड़े गए आरोपी ने भाभी से दूरी बनाने को कहा था, इसके बाद उसने फंसाने के लिए गुजरात पुलिस को पत्र भेजा था।
बांसडीह रोड चंद्रपुरा गांव निवासी आशीष पासवान एक महिला के प्यार में पागल था। वह आए दिन फोन से बात करता था। इसकी जानकारी देवर ओमप्रकाश पासवान को हुई तो उसने भाभी से दूर रहने की चेतावनी दी। जिसके बाद आशीष ने उसे जान से मारने की धमकी दी थी।
आशीष ने सीरियल बम धमाके के पत्र में ओमप्रकाश का नाम व मोबाइल नंबर लिख पुलिस आयुक्त कार्यालय भेज दिया। मामले की जांच कर रही गुजरात पुलिस ने पिछले दिनों मनियर के देवरार गांव से ओमप्रकाश को हिरासत में लेने के बाद मामले का खुलासा किया।
अस्पताल में भाभी से मिला था आशीष
ओमप्रकाश ने मोबाइल से हुई बातचीत में बताया कि एक वर्ष पूर्व भाभी को पथरी की शिकायत होने पर महिला अस्पताल रोड स्थित अल्ट्रासाउंड जांच कराने के दौरान चंद्रपुरा गांव निवासी आशीष से मुलाकात हुई थी। उसी गांव की ओमप्रकाश की भाभी भी थी। उसके बाद दोनों में आए दिन बात होने लगी। इसकी जानकारी होने पर ओमप्रकाश ने आशीष को भाभी से दूर रहने की चेतावनी दी।
इसपर आशीष आक्रोशित हो उठा। कुछ दिन पूर्व वह टेक्साइल फैक्ट्री में काम करने अहमदाबाद पहुंचा था। इसी दौरान उसने ओमप्रकाश को झूठे केस में फंसाने की साजिश रची। मनियर प्रभारी प्रवीण सिंह ने बताया कि अहमदाबाद पुलिस से बात हुई है। उन्होंने जांच के बाद निर्दोष मिलने पर ओमप्रकाश को छोड़ दिया है।
धमकी पत्र में क्या लिखा था
अहमदाबाद पुलिस आयुक्त कार्यालय को 25 जनवरी को एक पत्र मिला। पत्र में गणतंत्र दिवस पर अहमदाबाद रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड सहित विभिन्न स्थानों पर बम विस्फोट करने की धमकी दी गई थी। पत्र में गुजरात मे नौकरी करने वाले ओमप्रकाश का मोबाइल नंबर लिखा था। मामले की तफ्तीश में जुटी गुजरात पुलिस 27 जनवरी को बलिया पहुंची और देवरार गांव से ओमप्रकाश को गिरफ्तार कर अहमदाबाद अपने साथ लेती गई।