फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ballia News ›   Sita Haran, Jatayu Mukti Leela was staged

Ballia News: सीताहरण, जटायु मुक्ति लीला का हुआ मंचन

Fri, 10 Oct 2025 01:30 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Fri, 10 Oct 2025 01:30 AM IST
विज्ञापन
Sita Haran, Jatayu Mukti Leela was staged
सिद्ध संत श्री जंगली बाबा की जन्मभूमि जाम में चल रही प्राचीन रामलीला के दौरान बृहस्पतिवार को सीताहरण एवं जटायु मुक्ति लीला का मंचन देखकर लोग भावविभोर हो गए।
विज्ञापन

शूर्पणखा के नाक-कान कटने का बदला लेने के लिए रावण ने सीता के हरण की साजिश रची। श्रीराम, सीता व लक्ष्मण अपनी कुटिया के पास विचरण कर रहे थे। उसी समय मारीच स्वर्ण मृग बनकर वहां आता है। प्रभु श्रीराम उसका पीछा करते हैं। श्रीराम ने मृग का काफी दूर तक पीछा किया। श्रीराम के बाणों से घायल मारीच लक्ष्मण- लक्ष्मण कहने लगा। सीता जी ने यह सुनकर अनहोनी की आशंका में लक्ष्मण को श्रीराम के पास जाने के लिए कहा। लक्ष्मण जाते समय सुरक्षा रेखा खींचकर चले गए।
विज्ञापन

इस बीच रावण भीक्षा मांगने पहुंच गया और सीता जी का हरण कर लिया। सीताहरण कर विमान से लंका ले जा रहे रावण से जटायु ने युद्ध किया। युद्ध में रावण के हमले से जटायु घायल हो गए। सीता की खोज में निकले राम-लक्ष्मण ने सीताहरण की जानकारी जटायु से प्राप्त की। इसके बाद जटायु प्रभु श्रीराम की गोद में ही अपने प्राण त्याग दिए। विशुनपुरा की रामलीला में बुधवार को कलाकारों ने कुंभकरण-मेघनाद वध और सती सुलोचना-राम संवाद का मंचन किया। लीला में वीर योद्धाओं के मारे जाने पर चिंतित रावण गहरी नींद में सोये कुंभकरण के पास जाता है। कुंभकरण रावण को समझता है कि सीता को वापस कर दो, लेकिन रावण उसकी बातों को अनसुनी कर देता है। युद्ध भूमि में कुंभकरण राम के हाथों मारा जाता है। कुंभकरण के मारे जाने के बाद मेघनाद रणभूमि में आता है। लक्ष्मण उसका वध करते हैं। संवाद श्री रामलीला समिति की ओर से बीचला पोखरा स्थित मैदान में आयोजित राम-रावण युद्ध की लीला हुई। लीला में रावण के वध के बाद प्रांगण जयश्रीराम के जयघोष से गूंज उठा। युद्ध भूमि पर गिरे रावण के पास राम नीतिगत उपदेश प्राप्त करने के लिए लक्ष्मण को भेजते हैं। रावण ने राम-राम कह कर प्राण त्याग दिया। बिठुआ मार्ग स्थित स्थल पर रावण के पुतले का दहन किया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed