{"_id":"693b1bb0a80d07220a0e9674","slug":"sho-bansdih-gets-show-cause-notice-ballia-news-c-190-1-ana1001-153702-2025-12-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ballia News: एसएचओ बांसडीह को कारण बताओ नोटिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ballia News: एसएचओ बांसडीह को कारण बताओ नोटिस
विज्ञापन
बलिया। अपर सीजेएम प्रथम कोर्ट के प्रभारी न्यायिक दंडाधिकारी द्वितीय स्निग्धा प्रधान की अदालत ने पीड़िता का मेडिकल नहीं कराने पर एसएचओ कोतवाली बांसडीह को 15 दिसंबर को तलब किया है। कारण बताओ नोटिस नोटिस जारी किया है।
वादिनी की नाबालिग पुत्री के अपहरण एवं मुक्त कराने के एक मामले में अभियुक्तों से मिलीभगत कर मेडिकल मुआयना नहीं कराने का आरोप एसएचओ पर है।
अदालत ने आदेश दिया है कि कि न्यायालय के आदेश का अनुपालन जानबूझकर नहीं किया जा रहा है, जो आपके पदीय कर्तव्यों के निर्वहन में उदासीनता एवं अक्षमता को प्रदर्शित करता है। अदालत ने आदेश दिया कि उपस्थित होकर कारण बताएं कि आपकी ओर से किस परिस्थिति में कोर्ट के आदेश का पालन नहीं किया गया। क्यों न आपके खिलाफ ऐसे कृत्यों के लिए विधिक कार्रवाई करते हुए अनुपालन के लिए एसपी बलिया को आदेश भेजा जाए।
यह कार्रवाई वादिनी मुकदमा के आवेदन पर न्यायालय ने मुकदमा स्टेट बनाम अजय भारती वगैरह के मामले में किया गया है। वादिनी ने एसएचओ के विरुद्ध अपने अधिवक्ता के माध्यम से आवेदन देकर शिकायत दर्ज कराई। अदालत ने कहा कि पीड़िता का मेडिकल मुआयना अभियुक्त से मिलीभगत के कारण नहीं कराया गया है, जो विधि के विपरीत है। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन
वादिनी की नाबालिग पुत्री के अपहरण एवं मुक्त कराने के एक मामले में अभियुक्तों से मिलीभगत कर मेडिकल मुआयना नहीं कराने का आरोप एसएचओ पर है।
अदालत ने आदेश दिया है कि कि न्यायालय के आदेश का अनुपालन जानबूझकर नहीं किया जा रहा है, जो आपके पदीय कर्तव्यों के निर्वहन में उदासीनता एवं अक्षमता को प्रदर्शित करता है। अदालत ने आदेश दिया कि उपस्थित होकर कारण बताएं कि आपकी ओर से किस परिस्थिति में कोर्ट के आदेश का पालन नहीं किया गया। क्यों न आपके खिलाफ ऐसे कृत्यों के लिए विधिक कार्रवाई करते हुए अनुपालन के लिए एसपी बलिया को आदेश भेजा जाए।
विज्ञापन
यह कार्रवाई वादिनी मुकदमा के आवेदन पर न्यायालय ने मुकदमा स्टेट बनाम अजय भारती वगैरह के मामले में किया गया है। वादिनी ने एसएचओ के विरुद्ध अपने अधिवक्ता के माध्यम से आवेदन देकर शिकायत दर्ज कराई। अदालत ने कहा कि पीड़िता का मेडिकल मुआयना अभियुक्त से मिलीभगत के कारण नहीं कराया गया है, जो विधि के विपरीत है। संवाद
विज्ञापन