फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ballia News ›   ore than 15 crore dues on government departments in Ballia, recovery campaign limited to common people

बलिया में सरकारी विभागों पर 15 करोड़ से अधिक का बकाया, वसूली अभियान आम लोगों तक सीमित

Wed, 14 Oct 2020 10:30 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Wed, 14 Oct 2020 10:30 PM IST
विज्ञापन
ore than 15 crore dues on government departments in Ballia, recovery campaign limited to common people
बलिया। दो से तीन माह में बिल जमा नहीं करने वालों का कनेक्शन काट देने वाला बिजली विभाग सरकारी बकाएदारों पर कुछ अधिक ही मेहरबान है। जिले के सरकारी विभागों पर 15 करोड़ से अधिक का बकाया है, लेकिन विद्युत विभाग कोई कटौती जैसी कार्रवाई नहीं कर रहा। जबकि इस समय पूरे जिले में बकाए की वसूली के लिए अभियान चलाया जा रहा है। कहीं कनेक्शन काटा जा रहा है तो कहीं बकाएदारों के खिलाफ थानों में एफआईआर दर्ज कराया जा रहा है।
विज्ञापन

विभागीय सूत्रों के अनुसार जिले में सरकारी विभागों पर बकाया 15 करोड़ 27 लाख रुपये से अधिक का है। विभागीय आंकड़ों के अनुसार सबसे अधिक विकास भवन पर 82 लाख रुपये का बकाया है। अधिशासी अभियंता जल निगम पर 39 लाख से अधिक का बकाया है। जननायक चंद्रशेखर विवि पर 10 लाख तथा। इंस्पेक्टर ऑफ स्कूल (गवर्नमेंट लाइब्रेरी) पर 13 लाख से अधिक का बकाया है।
विज्ञापन

पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम के अधीक्षण अभियंता विवेक खन्ना ने बताया कि जिले में करीब 15 हजार कनेक्शन ऐसे हैं, जिन पर एक लाख से अधिक का बकाया है। यदि औसतन एक लाख का ही बकाया मान लिया जाय तो यह रकम एक अरब 50 करोड़ रुपये होती है। अब विभाग ने ऐसे बकाएदारों के खिलाफ सख्त अभियान शुरू करने का निर्णय लिया है। उन्होंने बताया कि एक लाख से अधिक के बकाएदारों के खिलाफ अब आरसी जारी करने की कार्रवाई शुरू की जाएगी। जरूरत पड़ी तो एफआईआर दर्ज कराने की कार्रवाई भी की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

अधीक्षण अभियंता, पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम, बलिया विवेक खन्ना का कहना है कि सरकारी विभागों के बकाए को लेकर लगातार अधिकारियों से बातचीत की जा रही है। उन्होंने इसे लेकर सकारात्मक रुख भी दर्शाया है। सबसे अधिक दिक्कत शिक्षा विभाग से है, जहां का बकाया बढ़ता ही जा रहा है। कई विभागों का बिल सेंट्रलाइज जमा होता है और अक्सर मार्च में जमा हो जाता है। ग्राम पंचायतों व नगर निकायों के बिल को लेकर भी लगातार बात की जा रही है। ग्राम पंचायतों व नगर निगमों में जलने वाली स्ट्रीट लाइटें, नलकूप व अन्य कई तरह के विद्युत बिलों का भुगतान इन्हें करना होता है, लेकिन ये समय से नहीं करते। इसे लेकर भी अधिकारियों से बात की जा रही है, हालांकि अभी बहुत अच्छा रिस्पांस सामने नहीं आया है।
जिले में सरकारी विभागों पर बिजली विभाग का बकाया
मॉडल तहसील 3,39,319
कलक्ट्रेट 2,83,407
सीडीओ 82,87,116
अधिशासी अभियंता जल निगम 39,70,830
इंस्पेक्टर ऑफ स्कूल (गवर्नमेंट लाइब्रेरी) 13,20,069
जननायक चंद्रशेखर विश्वविद्यालय 10,50,442
चकबंदी अधिकारी (सिविल लाइन) 4,63,863
अधिशासी अभियंता (पीडब्लूडी, रेजिडेंस) 4,08,749
अधिशासी अभियंता (पीडब्लूडी टेम्परोरी डिविजन-3) 1,87,178
डायरेक्टर फारेस्ट डिपार्टमेंट जीरा बस्ती 5,11,408
राजकीय अनुसूचित गर्ल्स हास्टल 2,85,782
मार्केटिंग अफसर (टीचर भवन रामलीला मैदान) 1,35,438
अधिशासी अभियंता एरिगेशन 1,50,060
जिला बचत अधिकारी (सदर) 1,99,852
गर्ल्स पॉलीटेक्निक 3,64,018
सहायक अभियंता (टेवेल वर्कशॉप) 1,26,091
सेंट्रल स्कूल जीराबस्ती 4,63,128
जिला क्रीड़ाधिकारी 2,99,234
ट्रेजरी बिल्डिंग 1,53,438
अधिशासी अभियंता (लोनिवि गोदाम) 5,20,498
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed