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हे ‘प्रभु’.... माडल स्टेशन का ये हाल
ब्यूरो/ अमर उजाला बलिया
Updated Sat, 14 Nov 2015 11:51 PM IST
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रेलमंत्री सुरेश प्रभु के कार्यक्रम को लेकर चिंतित रेलवे के आलाअफसरों ने दौरा तो शुरू कर दिया है, लेकिन बलिया के माडल रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर के एक के टूटे स्लीपरों को सुधारने पर किसी अधिकारी का ध्यान नहीं जा रहा है।
गोरखपुर के एनईआर के महाप्रबंधक (जीएम) राजीव मिश्र का सैलून इसी ट्रैक से गुजर गया। जबकि जिले से गुजरने वाली एक्सप्रेस ट्रेनों को इस ट्रैक से नहीं गुजारा जाता है। मंत्री के आने के पूर्व महाप्रबंधक के आने की सूचना पर शनिवार को रेल महकमा चौकन्ना दिखा।
अधिकारियों का मानना था कि जीएम स्टेशन का निरीक्षण भी करेंगे। लेकिन सब कुछ बोगी के गेट पर ही सिमटकर रह गया। वजह कि भाजपा सांसद भरत सिंह ने गेट पर ही मांगपत्र देते हुए अपनी बात महाप्रबंधक के समक्ष रख दी। महाप्रबन्धक ने खुद स्वीकार किया कि वे रेल ट्रैक की जांच करने ही निकले हैं।
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बता दें कि बलिया स्टेशन को माडल स्टेशन का दर्जा मिला है। लेकिन यहां के प्लेटफार्म नंबर एक की हालत यह है कि इस पर एक्सप्रेस ट्रेनें नहीं रूकती हैं। क्योंकि ट्रैक के बीच के स्लीपर ध्वस्त होने के कगार पर है। इस ट्रैक से कोई ट्रेन गुजरती भी है तो 5 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से।
शनिवार को रेल महाप्रबंधक के सैलून को सेनानी एक्सप्रेस में जोड़कर प्लेटफार्म नंबर एक पर ही खड़ा किया गया। रेल महाप्रबन्धक (गोरखपुर) राजीव मिश्र के साथ ,वाराणसी डीआरएम एस के कश्यप थे।
गोरखपुर के एनईआर के महाप्रबंधक (जीएम) राजीव मिश्र का सैलून इसी ट्रैक से गुजर गया। जबकि जिले से गुजरने वाली एक्सप्रेस ट्रेनों को इस ट्रैक से नहीं गुजारा जाता है। मंत्री के आने के पूर्व महाप्रबंधक के आने की सूचना पर शनिवार को रेल महकमा चौकन्ना दिखा।
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अधिकारियों का मानना था कि जीएम स्टेशन का निरीक्षण भी करेंगे। लेकिन सब कुछ बोगी के गेट पर ही सिमटकर रह गया। वजह कि भाजपा सांसद भरत सिंह ने गेट पर ही मांगपत्र देते हुए अपनी बात महाप्रबंधक के समक्ष रख दी। महाप्रबन्धक ने खुद स्वीकार किया कि वे रेल ट्रैक की जांच करने ही निकले हैं।
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बता दें कि बलिया स्टेशन को माडल स्टेशन का दर्जा मिला है। लेकिन यहां के प्लेटफार्म नंबर एक की हालत यह है कि इस पर एक्सप्रेस ट्रेनें नहीं रूकती हैं। क्योंकि ट्रैक के बीच के स्लीपर ध्वस्त होने के कगार पर है। इस ट्रैक से कोई ट्रेन गुजरती भी है तो 5 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से।
शनिवार को रेल महाप्रबंधक के सैलून को सेनानी एक्सप्रेस में जोड़कर प्लेटफार्म नंबर एक पर ही खड़ा किया गया। रेल महाप्रबन्धक (गोरखपुर) राजीव मिश्र के साथ ,वाराणसी डीआरएम एस के कश्यप थे।