बलिया। अब तक आवास से वंचितों को अब आवास मिलने की उम्मीदें जग गई है। काफी इंतजार के बाद पीएम आवास योजना के नए मानक के तहत सर्वे की प्रक्रिया शुरू होगी। दो माह के अंदर सर्वे का कार्य शुचिता पूर्वक कराने के लिए प्रशासनिक अमला ने रणनीति तैयार कर ली है।
केंद्र सरकार ने पीएम आवास ग्रामीण की पात्रता में संशोधन किया है। इससे अभी तक वंचित रहने वालों के चेहरे पर मुस्कान दिखाई देने लगी है। इसमें पात्रों को किसी तरह का आवेदन नहीं देना हैं। इसकाे लेकर प्रशासनिक स्तर से पहल तेज हो गई है। गांवों में सर्वे के लिए कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। कर्मचारियों को मौके पर जाकर सेल्फी से पात्र का फोटो खींचकर पोर्टल पर अपलोड करना होगा। केंद्र सरकार ने इसके लिए दो माह का समय दिया है। पात्रों की सुविधा के लिए ब्लाक पर गांव व सर्वेयर का नाम, पद नाम, मोबाइल नंबर अंकित किया जाएगा, जिससे उनसे संपर्क करने में किसी तरह की दिक्कत न हो। जिले में 17 ब्लाॅकों के 940 गांवों में सर्वे का कार्य होगा। शासन की मंशा है कि कोई भी पात्र आवास से वंचित न हो सके। इसके लिए सर्वेयर को उसके दरवाजे तक हर हाल में जाना होगा। इस सर्वे में ग्राम पंचायत अधिकारियों के साथ ही किसान मित्र, राजस्वकर्मी व नलकूप चालक तक लगाए गए हैं। इन सभी को ग्राम पंचायतें आवंटित कर दी गई है। परियोजना निदेशक उमेश मणि त्रिपाठी ने बताया कि दो जनवरी को सभी सर्वेयरों की कार्यशाला कलेक्ट्रेट स्थित गंगा बहुद्देश्यीय सभागार में आयोजित किया गया है। इसमें बीडीओ भी शामिल रहेंगे।