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हाईस्कूल संस्कृत की हल कापी खूब बिकी
ब्यूरो, अमर उजाला, बलिया
Updated Mon, 09 Mar 2015 10:44 PM IST
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जनपद में रसड़ा से बेल्थरारोड तक का इलाका नकल हब बना हुआ है। इस इलाके से ही एक-एक कर अब तक पांच पेपर सार्वजनिक हो चुके हैं। सोमवार को भी हाई स्कूल संस्कृत प्रश्नपत्र के कोर्ड संख्या 818 बीयू संकेतांक का हल कार्बन कापी भोर से ही जगह-जगह बिकने लगा।
जब इसकी खबर प्रशासन को हुई तो अधिकारी सकते में आ गए। जेडी के नेतृत्व में गठित तीन सदस्यीय टीम इलाके में जगह-जगह जांच-पड़ताल की गई। हल कार्बन कापी के प्रश्न हूबहू उक्त संकेतांक से मिलते पाए गए। हालांकि डीआईओएस ने पर्चा आउट होने से इनकार किया।
नगरा-भीमपुरा क्षेत्र में धड़ल्ले से हाईस्कूल संस्कृत के प्रश्नपत्र कोड संख्या 818 बीयू की कार्बन कापी 400 से 500 रुपये में सोमवार को तड़के बिकनी शुरू हो गई।
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सूचना पर प्रशासनिक अधिकारियों ने कार्बन कापियों की खोजबीन शुरू कर दी लेकिन हल कापियों के बारे में कोई खुलासा नहीं हो सका। जनपद के नगरा क्षेत्र में पांचवीं बार पर्चा लीक हुआ है।
इसके पहले भी हाईस्कूल तथा इंटरमीडिएट के चार पेपर आउट हो चुके हैं। इसमें से दो पेपरों को डीएम यशवंत राव ने प्रेसवार्ता बुलाकर सार्वजनिक भी किया था।
अन्य दो पेपरों को प्रशासन लीक होना नहीं स्वीकार कर रहा है। अब पांचवीं बार सोमवार को परीक्षा से चार घंटे पहले भोर में ही संस्कृत का हल पेपर बाजार में खुलेआम बेचा गया।
इस दौरान उच्चाधिकारियों को हल कार्बन कापी बिकने की सूचना मिलते ही प्रशासनिक अफसर हरकत में आ गए। प्रमुख सचिव एसपी सिंह, आजमगढ़ मंडल के जेडी डा. उत्तम गुलाटी के नेतृत्व में गठित तीन सदस्यीय टीम के सदस्य उप सचिव वाराणसी विकायल भारती और इलाहाबाद बोर्ड के उप सचिव विनोद कुमार ने जगह-जगह जांच किया। इस बाबत जिला विद्यालय निरीक्षक शिवचंद राम ने बताया कि हाईस्कूल संस्कृत का प्रशभनपत्र आउट होने और हल कार्बन कापी बिकने की बात गलत है। कहीं भी संस्कृत की हल कार्बन कापी नहीं बिकी है।
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जब इसकी खबर प्रशासन को हुई तो अधिकारी सकते में आ गए। जेडी के नेतृत्व में गठित तीन सदस्यीय टीम इलाके में जगह-जगह जांच-पड़ताल की गई। हल कार्बन कापी के प्रश्न हूबहू उक्त संकेतांक से मिलते पाए गए। हालांकि डीआईओएस ने पर्चा आउट होने से इनकार किया।
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नगरा-भीमपुरा क्षेत्र में धड़ल्ले से हाईस्कूल संस्कृत के प्रश्नपत्र कोड संख्या 818 बीयू की कार्बन कापी 400 से 500 रुपये में सोमवार को तड़के बिकनी शुरू हो गई।
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सूचना पर प्रशासनिक अधिकारियों ने कार्बन कापियों की खोजबीन शुरू कर दी लेकिन हल कापियों के बारे में कोई खुलासा नहीं हो सका। जनपद के नगरा क्षेत्र में पांचवीं बार पर्चा लीक हुआ है।
इसके पहले भी हाईस्कूल तथा इंटरमीडिएट के चार पेपर आउट हो चुके हैं। इसमें से दो पेपरों को डीएम यशवंत राव ने प्रेसवार्ता बुलाकर सार्वजनिक भी किया था।
अन्य दो पेपरों को प्रशासन लीक होना नहीं स्वीकार कर रहा है। अब पांचवीं बार सोमवार को परीक्षा से चार घंटे पहले भोर में ही संस्कृत का हल पेपर बाजार में खुलेआम बेचा गया।
इस दौरान उच्चाधिकारियों को हल कार्बन कापी बिकने की सूचना मिलते ही प्रशासनिक अफसर हरकत में आ गए। प्रमुख सचिव एसपी सिंह, आजमगढ़ मंडल के जेडी डा. उत्तम गुलाटी के नेतृत्व में गठित तीन सदस्यीय टीम के सदस्य उप सचिव वाराणसी विकायल भारती और इलाहाबाद बोर्ड के उप सचिव विनोद कुमार ने जगह-जगह जांच किया। इस बाबत जिला विद्यालय निरीक्षक शिवचंद राम ने बताया कि हाईस्कूल संस्कृत का प्रशभनपत्र आउट होने और हल कार्बन कापी बिकने की बात गलत है। कहीं भी संस्कृत की हल कार्बन कापी नहीं बिकी है।