फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ballia News ›   Heard the suffering of the victims of intersection

कटान पीड़ितों की सुनी पीड़ा

Fri, 25 Dec 2015 11:38 PM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला बलिया
ब्यूरो/ अमर उजाला बलिया Updated Fri, 25 Dec 2015 11:38 PM IST
विज्ञापन
Heard the suffering of the victims of intersection
हल्दी थाना क्षेत्र के पचरूखिया गांव में शुक्रवार दोपहर मुख्य विकास अधिकारी के बालाजी की अध्यक्षता में चौपाल लगाई गई। इसमें गंगा के कटान से बेघर किसानों और पीड़ितों की समस्याओं को अधिकारी ने सुना। उनसे समस्याओं के निस्तारण के सुझाव भी सुने। कुछ समस्याओं का मौके पर ही निस्तारण किया गया।
विज्ञापन


इस दौरान अपर महाधिवक्ता राजबहादुर सिंह यादव ने कहा कि जिन किसानों की जमीन और घर गंगा के कटान में विलीन हो गए, उनको शासन स्तर से भूमि खरीदकर जल्द ही बसाने के लिए नया कानून बनाया जाएगा।
विज्ञापन


 ताकि पीड़ित किसानों के जीवन को जल्द पटरी पर लाया जा सके। इस दौरान समाजसेवी विनोद सिंह ने कहा कि सदर तहसील के 327 किसानों तथा बैरिया तहसील के 50 किसानों को बसाने के लिए चार करोड़ 93 लाख रुपये शासन से जारी हुए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


इसके बाद प्रशासन द्वारा बसाने का कार्य किया जा रहा है। मीनापुर निवासी कटान पीड़ित सोनू पांडेय ने कहा कि हम पीड़ितों को शासन-प्रशासन स्तर से कोई सहायता अब तक नहीं मिली है। जो फसल बाढ़ में डूब जाती है, उसका भी मुआवजा नहीं दिया जाता है।

इसके लिए भी कोई कानून बनाया जाए। मझौवा निवासी अवधेश सिंह ने कहा कि हर साल ह्रासनगर दियारे सहित नदी उस पार खेतों की बुआई किसान करते हैं लेकिन बिहार के लोग दबंगई के बल पर फसल काट ले जाते हैं।


 इस पर अपर महाधिवक्ता ने सीडीओ को निर्देशित किया कि कमेटी गठित कर जमीन का सर्वे कराएं और सीमांकन करवाएं। इस मौके पर एडीएम केपी सिंह, एसडीएम सदर रामानुज सिंह, क्षेत्रीय कानूनगो श्याम नारायण मिश्र, क्षेत्रीय लेखपाल अनिल तिवारी, दीघार प्रधान प्रतिनिधि अशोक सिंह, बुआ सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed