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घाघरा के तेवर फिर तल्ख, खतरे में बीएसटी
ballia
Updated Sat, 02 Sep 2017 11:38 PM IST
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जयप्रकाशनगर स्थित बीएसटी बंधे के पास हो रहा कटान।
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इब्राहिमाबाद नैबरार में घाघरा एक बार फिर शनिवार की सुबह से उग्र हो गई। सठिया ढाला से 150 मीटर की दूरी पर अचानक कटान शुरू हो गया ।
मात्र एक घंटे के अंदर शांत पड़ी घाघरा बीएसटी बांध को भी काटने लगी। बीएसटी बांध के किनारे स्थित गांव के लोग भी दौड़ पड़े। इस दौरान लोगों में डर के साथ गुस्सा भी दिखाई दिया। बंधे को किसी प्रकार का नुकसान न पहुंचे मजदूरों को भी भारी संख्या में लगाया गया था ।
गांव के लोगों का यह आरोप था कि संबंधित विभाग के अधिकारी मनमाने ढ़ंग से कार्य कराते हैं। घाघरा का पानी कम होने के बाद घाघरा दो-चार दिन नरम क्या रही, विभाग भी सुस्त हो चला। गांव के प्रधान बच्चा यादव, रामनरेश प्रसाद, राजू की मानें तो बंधे से बचाव का काम कटान के अरार में कराया गया होता तो नदी नुकसान कम कर पाती।
शनिवार के हालात जिस तरह के थे, उससे नहीं लगता कि बीएसटी बांध और 10 घंटे भी टिक पाएगा। लेकिन बाद में फिर कटान कुछ धीमा हुआ।
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मात्र एक घंटे के अंदर शांत पड़ी घाघरा बीएसटी बांध को भी काटने लगी। बीएसटी बांध के किनारे स्थित गांव के लोग भी दौड़ पड़े। इस दौरान लोगों में डर के साथ गुस्सा भी दिखाई दिया। बंधे को किसी प्रकार का नुकसान न पहुंचे मजदूरों को भी भारी संख्या में लगाया गया था ।
गांव के लोगों का यह आरोप था कि संबंधित विभाग के अधिकारी मनमाने ढ़ंग से कार्य कराते हैं। घाघरा का पानी कम होने के बाद घाघरा दो-चार दिन नरम क्या रही, विभाग भी सुस्त हो चला। गांव के प्रधान बच्चा यादव, रामनरेश प्रसाद, राजू की मानें तो बंधे से बचाव का काम कटान के अरार में कराया गया होता तो नदी नुकसान कम कर पाती।
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शनिवार के हालात जिस तरह के थे, उससे नहीं लगता कि बीएसटी बांध और 10 घंटे भी टिक पाएगा। लेकिन बाद में फिर कटान कुछ धीमा हुआ।