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गंगा और सरयू में बढ़ाव जारी, कई नए इलाकों में पहुंचा पानी
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बैरिया क्षेत्र के गोपालनगर गांव के समीप उपजाऊ भूमि को काटती सरयू नदी की लहरें तथा देखते ग्रामीण।
- फोटो : BALLIA
बलिया। जिले में गंगा और सरयू के जलस्तर में एक बार फिर बढ़ाव शुरू हो गया है। नए इलाकों में पानी पहुंचने लगा है। इसके अलावा, कई क्षेत्रों में कटान भी तेज हो गया है। इसके चलते तटवर्ती इलाके के लोगों की चिंता बढ़ गई है।
बैरिया में सुरेमनपुर दियरांचल के गोपालनगर टाड़ी गांव के समीप एक बार फिर कटान तेज हो गया है। सरयू नदी के तल्ख तेवर ने गुरुवार को रविंद्र यादव, राजेंद्र यादव के रिहायशी मड़हे को अपने आगोश में ले लिया। नदी का तल्ख तेवर देख गांव के लोग भयभीत होकर गांव से पलायन करने लगे हैं। डेढ़ महीना पहले कटान में यहां के 80 लोगों का घर सरयू नदी में समा गया था। तब एसडीएम बैरिया आत्रेय मिश्र के निर्देश पर मौके पर पहुंचकर तहसीलदार ने गांव खाली करने के लिए लोगों के घरों पर नोटिस चस्पा करा दिया था। किंतु उस समय सरू नदी में पानी कम हो जाने के चलते कटान का सिलसिला रुक गया। पिछले तीन-चार दिन हुई बारिश के बाद नदी एक बार फिर से उफना गई है और फिर से कटान तेज हो गया है। वर्तमान में कुल 65 परिवारों का आशियाना कटान के दायरे में है। गुरुवार को अचानक कटान तेज होने के बाद तटवर्ती लोग अपना घर बार छोड़कर दूसरे स्थानों पर शरण ले लिए हैं। अगर कटान की गति यही रही तो अगले दो-तीन दिनों में गोपालनगर टाड़ी की पूरी बस्ती सरयू नदी में समा जाएगी।
एसडीएम आत्रेय मिश्रा ने बताया कि गोपालनगर टाड़ी में बुधवार की रात से कटान तेज होने की सूचना मिली है। मौके पर लेखपाल और कानूनगो को भेजा गया है। रिपोर्ट प्राप्त होने के साथ ही वहां के लिए जरूरी कार्यवाही की जाएगी, लोगों को राहत और बचाव की पर्याप्त व्यवस्था दी जाएगी।
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लाल निशान से 1.23 मीटर ऊपर बह रही सरयू
बेल्थरारोड। पिछले चार दिनों से खतरे के निशान से एक मीटर से ऊपर बहने वाली घाघरा नदी की उफनती लहरों ने उग्र रूप धारण करते हुए तटवर्ती गांव और खेतों में खड़ी फसल पर कहर बरपाना शुरू कर दिया है। किसान फसल के नुकसान को लेकर परेशान हैं। इसके साथ ही किसान सरकार से क्षेत्र को बाढ़ग्रस्त घोषित कर मुआवजे की मांग कर रहे हैं।
केंद्रीय जल आयोग के अनुसार, बृहस्पतिवार की जलस्तर 65.240 मीटर दर्ज किया गया, जबकि खतरे का लाल निशान 64.010 मीटर है। जलस्तर खतरे के निशान से 1.23 मीटर ऊपर है। आयोग ने अगले 24 घंटे में जलस्तर में वृद्धि होने का पूर्वानुमान किया है। नदी का पानी एक-एक सेंटीमीटर प्रति घंटा के रफ्तार से बढ़ रहा है।
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बैरिया में सुरेमनपुर दियरांचल के गोपालनगर टाड़ी गांव के समीप एक बार फिर कटान तेज हो गया है। सरयू नदी के तल्ख तेवर ने गुरुवार को रविंद्र यादव, राजेंद्र यादव के रिहायशी मड़हे को अपने आगोश में ले लिया। नदी का तल्ख तेवर देख गांव के लोग भयभीत होकर गांव से पलायन करने लगे हैं। डेढ़ महीना पहले कटान में यहां के 80 लोगों का घर सरयू नदी में समा गया था। तब एसडीएम बैरिया आत्रेय मिश्र के निर्देश पर मौके पर पहुंचकर तहसीलदार ने गांव खाली करने के लिए लोगों के घरों पर नोटिस चस्पा करा दिया था। किंतु उस समय सरू नदी में पानी कम हो जाने के चलते कटान का सिलसिला रुक गया। पिछले तीन-चार दिन हुई बारिश के बाद नदी एक बार फिर से उफना गई है और फिर से कटान तेज हो गया है। वर्तमान में कुल 65 परिवारों का आशियाना कटान के दायरे में है। गुरुवार को अचानक कटान तेज होने के बाद तटवर्ती लोग अपना घर बार छोड़कर दूसरे स्थानों पर शरण ले लिए हैं। अगर कटान की गति यही रही तो अगले दो-तीन दिनों में गोपालनगर टाड़ी की पूरी बस्ती सरयू नदी में समा जाएगी।
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एसडीएम आत्रेय मिश्रा ने बताया कि गोपालनगर टाड़ी में बुधवार की रात से कटान तेज होने की सूचना मिली है। मौके पर लेखपाल और कानूनगो को भेजा गया है। रिपोर्ट प्राप्त होने के साथ ही वहां के लिए जरूरी कार्यवाही की जाएगी, लोगों को राहत और बचाव की पर्याप्त व्यवस्था दी जाएगी।
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लाल निशान से 1.23 मीटर ऊपर बह रही सरयू
बेल्थरारोड। पिछले चार दिनों से खतरे के निशान से एक मीटर से ऊपर बहने वाली घाघरा नदी की उफनती लहरों ने उग्र रूप धारण करते हुए तटवर्ती गांव और खेतों में खड़ी फसल पर कहर बरपाना शुरू कर दिया है। किसान फसल के नुकसान को लेकर परेशान हैं। इसके साथ ही किसान सरकार से क्षेत्र को बाढ़ग्रस्त घोषित कर मुआवजे की मांग कर रहे हैं।
केंद्रीय जल आयोग के अनुसार, बृहस्पतिवार की जलस्तर 65.240 मीटर दर्ज किया गया, जबकि खतरे का लाल निशान 64.010 मीटर है। जलस्तर खतरे के निशान से 1.23 मीटर ऊपर है। आयोग ने अगले 24 घंटे में जलस्तर में वृद्धि होने का पूर्वानुमान किया है। नदी का पानी एक-एक सेंटीमीटर प्रति घंटा के रफ्तार से बढ़ रहा है।