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गोली चली आलमपुर में घायल मिला चोगड़ा चट्टी पर !
ब्यूरो,अमर उजाला,बलिया
Updated Mon, 17 Oct 2016 08:15 PM IST
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गड़वार थाना क्षेत्र के आलमपुर गांव के पास सोमवार की भोर में एक युवक को गोली लगने की सूचना पुलिस को मिली। हालांकि घटना स्थल पर पहुंची पुलिस को घायल नहीं मिला। फोन करने पर पता चला कि घायल युवक परिवार के साथ चोगड़ा चट्टी पर है। पुलिस चोगड़ा पहुंच युवक से पूछताछ की।
घायल युवक द्वारा बताए गए एक अभियुक्त के घर जब पुलिस पहुंची तो वहां सभी लोग सोते मिले, जबकि दूसरा चौरीचौरा ट्रेन में बताया गया। घायल को गोली लगी है या नहीं, यह भी संदेह के घेरे में है। हालांकि पुलिस ने घायल को पीएचसी रतसर पर इलाज कराकर छोड़ दिया। समाचार लिखे जाने तक कोई तहरीर नहीं दिया गया था।
घायल रिंकू सिंह (30) ने बताया कि सोमवार की भोर में करीब 4.15 बजे आलमपुर गांव के सड़क पर टहल रहा था। वहां विपरीत दिशा में बैठे पट्टीदार पैर में गोली मारकर फरार हो गए। मैंने तत्काल पुलिस और परिवार वालों को सूचना दी। सूचना पर जब थानाध्यक्ष गड़वार अनिल चौरसिया घटना स्थल पर पहुंचे तो घायल वहां नहीं मिला। फिर थानाध्यक्ष ने घायल युवक के मोबाइल पर संपर्क तो उसने चोगड़ा चट्टी पर होना बताया।
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पुलिस ने चोगड़ा चट्टी पहुंच कर घायल युवक से पूछताछ की और पीएचसी रतसर पर इलाज कराया। हालांकि मामले को संदिग्ध मानते हुए पुलिस मामले की छानबीन में जुट गई है। मालूम हो कि गड़वार थाना क्षेत्र के आलमपुर निवासी शिव नारायण उर्फ चंचू सिंह तथा रिंकू सिंह के बीच काफी दिनों से विवाद चल रहा था। इस मामले में नौ दिसंबर 2015 को दोनों पक्षों में मारपीट हुई।
इस दौरान लाइसेंसी राइफल से आर्मी में तैनात पंकज सिंह ने गोली चला दी। जिसमें शिव नारायण की मौत हो गई थी। इस मामले में पुलिस ने पीड़ित के तहरीर पर फौजी पंकज सिंह, रिंकू सिंह एवं शारदानंद सिंह को गिरफ्तार कर चालान कर दिया था। जिसमें कोर्ट द्वारा आरोपी रिंकू सिंह व शारदानंद सिंह को करीब दो माह पूर्व जमानत दे दिया था। हालांकि जिस राइफल से शिव नारायण की मौत हो गई थी, वह राइफल आज तक पुलिस बरामद नहीं कर पाई।
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घायल युवक द्वारा बताए गए एक अभियुक्त के घर जब पुलिस पहुंची तो वहां सभी लोग सोते मिले, जबकि दूसरा चौरीचौरा ट्रेन में बताया गया। घायल को गोली लगी है या नहीं, यह भी संदेह के घेरे में है। हालांकि पुलिस ने घायल को पीएचसी रतसर पर इलाज कराकर छोड़ दिया। समाचार लिखे जाने तक कोई तहरीर नहीं दिया गया था।
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घायल रिंकू सिंह (30) ने बताया कि सोमवार की भोर में करीब 4.15 बजे आलमपुर गांव के सड़क पर टहल रहा था। वहां विपरीत दिशा में बैठे पट्टीदार पैर में गोली मारकर फरार हो गए। मैंने तत्काल पुलिस और परिवार वालों को सूचना दी। सूचना पर जब थानाध्यक्ष गड़वार अनिल चौरसिया घटना स्थल पर पहुंचे तो घायल वहां नहीं मिला। फिर थानाध्यक्ष ने घायल युवक के मोबाइल पर संपर्क तो उसने चोगड़ा चट्टी पर होना बताया।
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पुलिस ने चोगड़ा चट्टी पहुंच कर घायल युवक से पूछताछ की और पीएचसी रतसर पर इलाज कराया। हालांकि मामले को संदिग्ध मानते हुए पुलिस मामले की छानबीन में जुट गई है। मालूम हो कि गड़वार थाना क्षेत्र के आलमपुर निवासी शिव नारायण उर्फ चंचू सिंह तथा रिंकू सिंह के बीच काफी दिनों से विवाद चल रहा था। इस मामले में नौ दिसंबर 2015 को दोनों पक्षों में मारपीट हुई।
इस दौरान लाइसेंसी राइफल से आर्मी में तैनात पंकज सिंह ने गोली चला दी। जिसमें शिव नारायण की मौत हो गई थी। इस मामले में पुलिस ने पीड़ित के तहरीर पर फौजी पंकज सिंह, रिंकू सिंह एवं शारदानंद सिंह को गिरफ्तार कर चालान कर दिया था। जिसमें कोर्ट द्वारा आरोपी रिंकू सिंह व शारदानंद सिंह को करीब दो माह पूर्व जमानत दे दिया था। हालांकि जिस राइफल से शिव नारायण की मौत हो गई थी, वह राइफल आज तक पुलिस बरामद नहीं कर पाई।