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तीन स्थानों पर हुई जांच में एक शास्त्री पार्क का मिला सही
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नगर के भृगु आश्रम स्थित हाइड्रेंट की जगह सीवर का ही चेंबर नगर मजिस्ट्रेट को दिखाते नपा व अग्निशमन
- फोटो : BALLIA
बलिया। नगर क्षेत्र के विभिन्न स्थानों पर आग बुझाने के लिए कुल 30 हाइड्रेंट लगाए गए थे ताकि आग लगने पर त्वरित अग्रिशमन कार्रवाई कर सकें। लेकिन यह सभी हाइड्रेंट शोपीस बने हुए हैं। इस वर्ष नगरपालिका द्वारा 30 में से नौ हाइड्रेंट की मरम्मत कराने का दावा किया गया था। जब सोमवार को नगर मजिस्ट्रेट नागेंद्र प्रताप सिंह, सीओ अरुण कुमार सिंह, अग्निशमन और नपा कर्मचारियों की देखरेख में नगर के शास्त्री पार्क में जांच की गई, जहां हाइड्रेंट सही पाया गया। इसके बाद, भृगु आश्रम के सामने स्थित जांच की गई तो हाईड्रेंट की जगह सीवर मिला। वहीं, विशुनीपुर चौराहे पर जांच की गई तो खराब मिला। ऐसे में अगर नगर में आग लग गई तो अग्रिशमन विभाग को आग पर काबू पाने में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है।
मालूम हो कि बेल्थरारोड, बांसडीह, बैरिया एवं सदर तहसील में हर साल आग की विनाशकारी लीला जारी रहती है। इससे निजात दिलाने के लिए नगर के विभिन्न स्थानों पर कुल 30 हाइड्रेंट स्थापित किए गए थे। ताकि नगर में कहीं किन्हीं कारणवश आग लगती है तो हाइड्रेंट की मदद से उस पर तत्काल काबू पाया जा सकें। लेकिन एक-दो को छोड़ दिया जाय तो सभी हाइड्रेंट सड़क में दब गए है तो एक-दो देखरेख के अभाव में जाम पड़े हुए है। ऐसे में अगर नगर में आग लगती है तो आग पर काबू पाना अग्रिशमन विभाग के लिए कड़ी चुनौती होगी। नगर में नगरपालिका विभाग द्वारा सड़क तो बनाया गया। लेकिन हाइड्रेंट को ऊपर उठाने के बजाय उसे सड़क में दबा दिया गया। उन्हें थोड़ी परवाह नहीं कि अगर नगर में आग लगता है तो क्या होगा? यही हाल जल निगम विभाग का है। जल निगम एवं अग्रिशमन विभाग सड़क निर्माण के दौरान कभी यह जानने की कोशिश नहीं की कि हाइड्रेंट सही सलामत है या नहीं। इसमें नगरपालिका विभाग के साथ ही जल निगम और अग्रिशमन विभाग की भी लापरवाही भी दिख रही है। जिसका जीता जागता उदाहरण 21 नवंबर 2020 को शहर के लोहापट्टी स्थित चप्पल-जूते की गोदाम में लगी आग है। जहां अग्निशमन के चार दमकलों द्वारा करीब पांच घंटे तक आग पर काबू पाने के लिए काफी मशक्त करना पड़ा था। अगर हाईड्रेंट मौजूद रहता तथा सही रहता तो शायद आग पर शीघ्र काबू पाया जा सकता था लेकिन हाइड्रेंट की कमी लोहापट्टी में लगी आग के दौरान साफ दिखी। इस बाबत नगर पालिका परिषद बलिया के ईओ दिनेश कुमार ने बताया कि नगर में 30 हाइड्रेंट स्थापित है। जिसमें से नौ को मरम्मत करा दिया गया है। शेष को शीघ्र दुरुस्त करा लिया जाएगा लेकिन यह दावा सोमवार की हुई जांच में पूरी तरह मिथ्या निकला।
हाइड्रेंट की जगह सीवर को खोदा
बलिया। नगर में स्थापित हाइड्रेंट की जांच के लिए सोमवार को नगर मजिस्ट्रेट, सीओ सिटी अग्निशमन व नपा कर्मचारियों के साथ निकले। इस दौरान तीन स्थानों पर हुई जांच में केवल एक हाइड्रेंट सही मिला, शेष खराब मिले। वहीं भृगु आश्रम में हाइड्रेंट की छानबिन के दौरान के सीवर ही खोद डाला।
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मालूम हो कि बेल्थरारोड, बांसडीह, बैरिया एवं सदर तहसील में हर साल आग की विनाशकारी लीला जारी रहती है। इससे निजात दिलाने के लिए नगर के विभिन्न स्थानों पर कुल 30 हाइड्रेंट स्थापित किए गए थे। ताकि नगर में कहीं किन्हीं कारणवश आग लगती है तो हाइड्रेंट की मदद से उस पर तत्काल काबू पाया जा सकें। लेकिन एक-दो को छोड़ दिया जाय तो सभी हाइड्रेंट सड़क में दब गए है तो एक-दो देखरेख के अभाव में जाम पड़े हुए है। ऐसे में अगर नगर में आग लगती है तो आग पर काबू पाना अग्रिशमन विभाग के लिए कड़ी चुनौती होगी। नगर में नगरपालिका विभाग द्वारा सड़क तो बनाया गया। लेकिन हाइड्रेंट को ऊपर उठाने के बजाय उसे सड़क में दबा दिया गया। उन्हें थोड़ी परवाह नहीं कि अगर नगर में आग लगता है तो क्या होगा? यही हाल जल निगम विभाग का है। जल निगम एवं अग्रिशमन विभाग सड़क निर्माण के दौरान कभी यह जानने की कोशिश नहीं की कि हाइड्रेंट सही सलामत है या नहीं। इसमें नगरपालिका विभाग के साथ ही जल निगम और अग्रिशमन विभाग की भी लापरवाही भी दिख रही है। जिसका जीता जागता उदाहरण 21 नवंबर 2020 को शहर के लोहापट्टी स्थित चप्पल-जूते की गोदाम में लगी आग है। जहां अग्निशमन के चार दमकलों द्वारा करीब पांच घंटे तक आग पर काबू पाने के लिए काफी मशक्त करना पड़ा था। अगर हाईड्रेंट मौजूद रहता तथा सही रहता तो शायद आग पर शीघ्र काबू पाया जा सकता था लेकिन हाइड्रेंट की कमी लोहापट्टी में लगी आग के दौरान साफ दिखी। इस बाबत नगर पालिका परिषद बलिया के ईओ दिनेश कुमार ने बताया कि नगर में 30 हाइड्रेंट स्थापित है। जिसमें से नौ को मरम्मत करा दिया गया है। शेष को शीघ्र दुरुस्त करा लिया जाएगा लेकिन यह दावा सोमवार की हुई जांच में पूरी तरह मिथ्या निकला।
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हाइड्रेंट की जगह सीवर को खोदा
बलिया। नगर में स्थापित हाइड्रेंट की जांच के लिए सोमवार को नगर मजिस्ट्रेट, सीओ सिटी अग्निशमन व नपा कर्मचारियों के साथ निकले। इस दौरान तीन स्थानों पर हुई जांच में केवल एक हाइड्रेंट सही मिला, शेष खराब मिले। वहीं भृगु आश्रम में हाइड्रेंट की छानबिन के दौरान के सीवर ही खोद डाला।
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