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कृषि पट्टा आवंटित किए जाने का ठहराया गलत
Updated Fri, 09 Mar 2018 11:24 PM IST
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बेल्थरारोड। जिलाधिकारी सुरेंद्र विक्रम ने ग्राम सभा तुर्तीपार में रेलवे भूमि का अवैध रूप से कृषि पट्टा आवंटित किए जाने को गलत ठहराया है। डीएम ने तहसीलदार को पट्टाधारकों और रेलवे को सुनवाई का अवसर प्रदान करते हुए तीन माह के भीतर अवैधानिक पट्टों को निरस्त करने का निर्देश दिया। डीएमके फरमान के बाद पट्टाधारकों में हड़कंप की स्थिति है।
बता दें कि तुर्तीपार में 150.84 एकड़ भूमि रेलवे सरकार की संपत्ति के रूप में दर्ज है ,लेकिन प्रबंध समिति के प्रस्ताव पर 1986 और 2003 के बीच पांच बार में प्रशासन द्वारा करीब डेढ़ सौ व्यक्तियों को रेलवे की 41 हेक्टेयर से अधिक भूमि का कृषि आवंटन तत्कालीन लेखपाल, राजस्व निरीक्षक और तहसीलदार के रिपोर्ट के आधार पर उपजिलाधिकारी रसड़ा द्वारा स्वीकृत किया गया। यह कार्यवाही रेलवे सरकार की संपत्ति को नजूल भूमि मानते हुए की गई है ,जबकि केंद्र सरकार की संपत्ति होने के कारण भूमि प्रबंध समिति को कृषि आवंटन प्रस्ताव पारित करने का अधिकार नहीं है। इस बाबत मुजौना ग्राम निवासी ओमप्रकाश सिंह ने मुख्य तहसील दिवस पर शिकायती पत्र प्रस्तुत किया। इस मामले में सुनवाई करते हुए जिलाधिकारी ने रेलवे सरकार की भूमि के आवंटन को असंवैधानिक करार देते हुए आवंटन प्रक्रिया में शामिल लोगों के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने की संस्तुति की। इस कार्यवाही से आवंटन में संलिप्त लोगों में अफरा-तफरी मची हुई है।
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बता दें कि तुर्तीपार में 150.84 एकड़ भूमि रेलवे सरकार की संपत्ति के रूप में दर्ज है ,लेकिन प्रबंध समिति के प्रस्ताव पर 1986 और 2003 के बीच पांच बार में प्रशासन द्वारा करीब डेढ़ सौ व्यक्तियों को रेलवे की 41 हेक्टेयर से अधिक भूमि का कृषि आवंटन तत्कालीन लेखपाल, राजस्व निरीक्षक और तहसीलदार के रिपोर्ट के आधार पर उपजिलाधिकारी रसड़ा द्वारा स्वीकृत किया गया। यह कार्यवाही रेलवे सरकार की संपत्ति को नजूल भूमि मानते हुए की गई है ,जबकि केंद्र सरकार की संपत्ति होने के कारण भूमि प्रबंध समिति को कृषि आवंटन प्रस्ताव पारित करने का अधिकार नहीं है। इस बाबत मुजौना ग्राम निवासी ओमप्रकाश सिंह ने मुख्य तहसील दिवस पर शिकायती पत्र प्रस्तुत किया। इस मामले में सुनवाई करते हुए जिलाधिकारी ने रेलवे सरकार की भूमि के आवंटन को असंवैधानिक करार देते हुए आवंटन प्रक्रिया में शामिल लोगों के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने की संस्तुति की। इस कार्यवाही से आवंटन में संलिप्त लोगों में अफरा-तफरी मची हुई है।
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