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देवी के जयकारे व घंट-घड़ियाल से गूंजे दरबार
Updated Wed, 10 Oct 2018 11:48 PM IST
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जयकारे व घंट-घड़ियाल से गूंजे दरबार
कलश स्थापना के साथ आरंभ हुआ शारदीय नवरात्र
पहले दिन भक्तों ने किया शैलपुत्री का पूजन
अमर उजाला ब्यूरो
बलिया। या देवी सर्वभूतेषु मातृ रूपेश संस्थिता, नमस्तस्यै, नमस्तस्यै, नमस्तस्यै नमो नम:।...के मंत्र से नगर से लेकर ग्रामीण क्षेत्र का घर व मंदिर देवीमय हो गया। शारदीय नवरात्र के पहले दिन जिले के प्रमुख देवी मंदिरों में श्रद्धालुओं ने दर्शन-पूजन किया तथा नारियल, चुनरी, धूप, गुड़हल चढ़ाकर परिवार के सुख-समृद्धि की कामना की। इस दौरान मां के जयकारे एवं घंट-घड़ियाल से मंदिर परिसर सहित पूरा क्षेत्र के देवीमय हो गया। लोगों ने अपने-अपने घरों में वैदिक मंत्रोच्चार व शुभ मुहूर्त में कलश की स्थापना कर दुर्गा सप्तशती का पाठ किया। श्रद्धालुओं के दर्शन पूजन के लिए मंदिर के पट चार बजे भोर से ही खोल दिए गए थे।
नगर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में शारदीय नवरात्र को लेकर श्रद्धालुओं में काफी उत्साह देखने को मिला। नगर के गुदरी बाजार व जापलिनगंज दुर्गा मंदिर तथा ब्रह्माइन स्थित ब्राह्मणी देवी, शंकरपुर स्थित शांकरी भवानी, फेफना थाना के कपूरी गांव स्थित कपिलेश्वरी भवानी मंदिर, नरहीं थाना के कोरंटाडीह स्थित मंगला भवानी, रसड़ा के काली मंदिर, नीबू कबीरपुर व उचेड़ा स्थित चंडी भवानी, सिकंदरपुर के जल्पा-कल्पा मंदिर, मनियर के बुढ़ऊ बाबा मंदिर व नवका बाबा मंदिर, रेवती के पचरूखा देवी गायघाट मंदिर पर मां के भक्तों ने नारियल, चुनरी, प्रसाद चढ़ाकर परिवार के मंगलमय की कामना की। वहीं घंट-घड़ियाल तथा मां के जयकारे से मंदिर सहित आसपास का क्षेत्र के देवीमय हो गया। इसके बाद भक्त अपने-अपने घरों में मां की अराधना में कलश स्थापना किया। मंदिरों में भीड़ के मद्देनजर बैरिकेडिंग की व्यवस्था भी की गई है। सुरक्षा के मद्देनजर प्रमुख मंदिरों में सीसीटीवी कैमरा सहित भारी मात्रा में फोर्स तैनात रही। इसके अलावा खुफिया विभाग के अधिकारी व कर्मचारी सादे वेश में चक्रमण करते रहे।
रसड़ा। शारदीय नवरात्र के प्रथम दिन बुधवार को नगर सहित क्षेत्र के ग्रामीण अंचलों में जहां श्रद्धालुओं द्वारा व्रत रहकर माता दुर्गा की पूजा अराधना की गई। वहीं, देवी मंदिरों पर सुबह से देर शाम तक श्रद्धालुओं की भारी भीड़ लगी रही। उचेड़ा गांव स्थित प्राचीन मां चंडी भवानी मंदिर, काली मंदिर रसड़ा, दुर्गा मंदिर अमहर, शिवम गली, ब्रम्हस्थान, ठाकुर बाड़ी, ब्रम्हाईन सती, कटहुरा गांव स्थित मां भवानी मंदिर आदि देवी मंदिरों पर सुबह से ही महिला, पुरुष श्रद्धालुओं का दर्शन एवं पूजन अर्चन के लिये भीड़ रही। लोग नारियल, लाचीदाना, पंचमेवा, छाक, फल, फूल आदि चढ़ाकर परिवार एवं समाज के मंगल की कामना की। श्रद्धालुओं के द्वारा मनौती पूर्ण होने पर देवी मंदिरों पर दुर्गा सप्तसती का पाठ कराने का संकल्प कराया गया।
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बेल्थरारोड । शारदीय नवरात्र के प्रथम दिवस क्षेत्र के देवी मंदिरों में पूजन अर्चन की धूम रही। श्रद्धालु नर-नारियों ने देवी को सिंदूर, चुनरी, नारियल, पुष्प आदि विविध सामग्रियों से पूजन किया। सोनाडीह स्थित भागेश्वरी-परमेश्वरी मंदिर और चंदाडीह स्थित मातूजी महारानी मंदिर पर पूरे दिन श्रद्धालुओं का ताता लगा रहा। माता रानी के जयकारे से वातावरण भक्तिमय बना रहा। पूरे दिन घंटा-घड़ियाल गूंजते रहे। श्रद्धालुओं ने विधि विधान पूर्वक पूजन- अर्चन कर पुण्य और यश की कामना की।
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जयकारे व घंट-घड़ियाल से गूंजे दरबार
कलश स्थापना के साथ आरंभ हुआ शारदीय नवरात्र
पहले दिन भक्तों ने किया शैलपुत्री का पूजन
अमर उजाला ब्यूरो
बलिया। या देवी सर्वभूतेषु मातृ रूपेश संस्थिता, नमस्तस्यै, नमस्तस्यै, नमस्तस्यै नमो नम:।...के मंत्र से नगर से लेकर ग्रामीण क्षेत्र का घर व मंदिर देवीमय हो गया। शारदीय नवरात्र के पहले दिन जिले के प्रमुख देवी मंदिरों में श्रद्धालुओं ने दर्शन-पूजन किया तथा नारियल, चुनरी, धूप, गुड़हल चढ़ाकर परिवार के सुख-समृद्धि की कामना की। इस दौरान मां के जयकारे एवं घंट-घड़ियाल से मंदिर परिसर सहित पूरा क्षेत्र के देवीमय हो गया। लोगों ने अपने-अपने घरों में वैदिक मंत्रोच्चार व शुभ मुहूर्त में कलश की स्थापना कर दुर्गा सप्तशती का पाठ किया। श्रद्धालुओं के दर्शन पूजन के लिए मंदिर के पट चार बजे भोर से ही खोल दिए गए थे।
नगर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में शारदीय नवरात्र को लेकर श्रद्धालुओं में काफी उत्साह देखने को मिला। नगर के गुदरी बाजार व जापलिनगंज दुर्गा मंदिर तथा ब्रह्माइन स्थित ब्राह्मणी देवी, शंकरपुर स्थित शांकरी भवानी, फेफना थाना के कपूरी गांव स्थित कपिलेश्वरी भवानी मंदिर, नरहीं थाना के कोरंटाडीह स्थित मंगला भवानी, रसड़ा के काली मंदिर, नीबू कबीरपुर व उचेड़ा स्थित चंडी भवानी, सिकंदरपुर के जल्पा-कल्पा मंदिर, मनियर के बुढ़ऊ बाबा मंदिर व नवका बाबा मंदिर, रेवती के पचरूखा देवी गायघाट मंदिर पर मां के भक्तों ने नारियल, चुनरी, प्रसाद चढ़ाकर परिवार के मंगलमय की कामना की। वहीं घंट-घड़ियाल तथा मां के जयकारे से मंदिर सहित आसपास का क्षेत्र के देवीमय हो गया। इसके बाद भक्त अपने-अपने घरों में मां की अराधना में कलश स्थापना किया। मंदिरों में भीड़ के मद्देनजर बैरिकेडिंग की व्यवस्था भी की गई है। सुरक्षा के मद्देनजर प्रमुख मंदिरों में सीसीटीवी कैमरा सहित भारी मात्रा में फोर्स तैनात रही। इसके अलावा खुफिया विभाग के अधिकारी व कर्मचारी सादे वेश में चक्रमण करते रहे।
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रसड़ा। शारदीय नवरात्र के प्रथम दिन बुधवार को नगर सहित क्षेत्र के ग्रामीण अंचलों में जहां श्रद्धालुओं द्वारा व्रत रहकर माता दुर्गा की पूजा अराधना की गई। वहीं, देवी मंदिरों पर सुबह से देर शाम तक श्रद्धालुओं की भारी भीड़ लगी रही। उचेड़ा गांव स्थित प्राचीन मां चंडी भवानी मंदिर, काली मंदिर रसड़ा, दुर्गा मंदिर अमहर, शिवम गली, ब्रम्हस्थान, ठाकुर बाड़ी, ब्रम्हाईन सती, कटहुरा गांव स्थित मां भवानी मंदिर आदि देवी मंदिरों पर सुबह से ही महिला, पुरुष श्रद्धालुओं का दर्शन एवं पूजन अर्चन के लिये भीड़ रही। लोग नारियल, लाचीदाना, पंचमेवा, छाक, फल, फूल आदि चढ़ाकर परिवार एवं समाज के मंगल की कामना की। श्रद्धालुओं के द्वारा मनौती पूर्ण होने पर देवी मंदिरों पर दुर्गा सप्तसती का पाठ कराने का संकल्प कराया गया।
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बेल्थरारोड । शारदीय नवरात्र के प्रथम दिवस क्षेत्र के देवी मंदिरों में पूजन अर्चन की धूम रही। श्रद्धालु नर-नारियों ने देवी को सिंदूर, चुनरी, नारियल, पुष्प आदि विविध सामग्रियों से पूजन किया। सोनाडीह स्थित भागेश्वरी-परमेश्वरी मंदिर और चंदाडीह स्थित मातूजी महारानी मंदिर पर पूरे दिन श्रद्धालुओं का ताता लगा रहा। माता रानी के जयकारे से वातावरण भक्तिमय बना रहा। पूरे दिन घंटा-घड़ियाल गूंजते रहे। श्रद्धालुओं ने विधि विधान पूर्वक पूजन- अर्चन कर पुण्य और यश की कामना की।