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गांवों में पानी हुआ कम, ग्रामीणों की बढ़ीं दिक्कतें
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महसी के कोड़वा में बाढ़ के पानी से घिरे ग्रामीणों के मकान।
- फोटो : BAHRAICH
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महसी (बहराइच)। महसी तहसील क्षेत्र के गांवों में भरा बाढ़ का पानी कम होना शुरू हो गया है, लेकिन लोगों की मुश्किलें और भी बढ़ गई हैं। घरों में अब भी पानी भरा है। नदी का जलस्तर घटने के साथ ही बीमारियों के फैलने का खतरा बढ़ गया है। मगर स्वास्थ्य विभाग अभी तक बेसुध नजर आ रहा है। बाढ़ प्रभावित इलाकों में स्वास्थ्य विभाग की कोई टीम नहीं लगाई गई है।
महसी तहसील क्षेत्र में नेपाल के पहाड़ी इलाकों से आ रहे पानी ने बीते कई दिनों से ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ा रखी थीं। घाघरा नदी में छोड़े जा रहे पानी के कारण तहसील क्षेत्र के 10 गांवों में बाढ़ का पानी भर गया था। जबकि 12 गांव पूरी तरह से पानी से घिर गए थे। गांव के संपर्क मार्ग जलमग्न हो गए थे।
लोगों को आवागमन की दिक्कतों का सामना करना पड़ा। अब बाढ़ प्रभावित इलाकों में जलस्तर कम होना शुरू हुआ है। जिससे गांवों में भरा हुआ पानी धीरे-धीरे निकल रहा है। लेकिन ग्रामीणों की मुश्किलें अभी भी बरकरार हैं।
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ग्रामीण इलाकों में पानी कम होने के साथ ही संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा भी बढ़ गया है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से अभी तक यहां कोई टीम नहीं लगाई गई है। उधर, घाघरा नदी एल्गिन ब्रिज पर अभी भी खतरे के निशान से 21 सेंटीमीटर ऊपर बह रही है।
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महसी तहसील क्षेत्र में नेपाल के पहाड़ी इलाकों से आ रहे पानी ने बीते कई दिनों से ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ा रखी थीं। घाघरा नदी में छोड़े जा रहे पानी के कारण तहसील क्षेत्र के 10 गांवों में बाढ़ का पानी भर गया था। जबकि 12 गांव पूरी तरह से पानी से घिर गए थे। गांव के संपर्क मार्ग जलमग्न हो गए थे।
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लोगों को आवागमन की दिक्कतों का सामना करना पड़ा। अब बाढ़ प्रभावित इलाकों में जलस्तर कम होना शुरू हुआ है। जिससे गांवों में भरा हुआ पानी धीरे-धीरे निकल रहा है। लेकिन ग्रामीणों की मुश्किलें अभी भी बरकरार हैं।
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ग्रामीण इलाकों में पानी कम होने के साथ ही संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा भी बढ़ गया है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से अभी तक यहां कोई टीम नहीं लगाई गई है। उधर, घाघरा नदी एल्गिन ब्रिज पर अभी भी खतरे के निशान से 21 सेंटीमीटर ऊपर बह रही है।