{"_id":"5d17a2378ebc3e3cbb3e83cc","slug":"inspection-bahraich-news-lko4679808116","type":"story","status":"publish","title_hn":"बलहा ब्लाक के बीडीओ को प्रतिकूल प्रविष्टि, ब्लाक से हटाने के निर्देश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बलहा ब्लाक के बीडीओ को प्रतिकूल प्रविष्टि, ब्लाक से हटाने के निर्देश
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नानपारा(बहराइच)। जिलाधिकारी व सीडीओ ने शनिवार को नानपारा, ब्लॉक, तहसील कार्यालय और सीएचसी का मुआयना किया। ब्लॉक में बड़े पैमाने पर अव्यवस्था मिली। आवासों में कब्जे मिले। गंदगी का अंबार लगा हुआ था।
इस पर बीडीओ बलहा को प्रतिकूल प्रविष्टि देते हुए उन्हें तत्काल ब्लॉक से हटाने को कहा। तहसील में हदबरारी और बंटवारे के कई पुराने मामले लंबित मिले। इस पर एसडीएम और तहसीलदार को चेतावनी दी गयी। वहीं सीएचसी के निरीक्षण में कई डॉक्टरों के जिला मुख्यालय से संबद्ध मिलने पर उनकी संबद्धता खत्म करने को कहा।
डीएम शंभु कुमार और मुख्य विकास अधिकारी अरविंद चौहान सुबह 11 बजे के आसपास श्रावस्ती किसान सहकारी चीनी मिल पहुंचे। यहां महाप्रबंधक प्रदीप तिवारी एवं बोर्ड उपाध्यक्ष शैलेंद्र सिंह के साथ बैठक कर मिल की समस्याएं सुनीं। जीएम को दिशा-निर्देश दिये।
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इसके बाद डीएम और सीडीओ तहसील में उपजिलाधिकारी के न्यायालय पहुंचे। वहां निरीक्षण के दौरान हदबरारी की 69 पत्रावलियां और 176 बंटवारे के मामले लंबित मिले। इस पर डीएम बिफर पड़े। डीएम ने एसडीएम डॉ. संतोष उपाध्याय व तहसीलदार दिनेश सिंह को सप्ताह में चार दिन नियमित न्यायालय में बैठने के निर्देश दिए।
तहसील परिसर के कई अनुभाग और न्यायालय का निरीक्षण करते हुए परिसार में लगे सोलर और ओवर हैंड टैंक की जानकारी ली। इसके बाद दोनों अधिकारी ब्लॉक मुख्यालय पहुंचे। यहां पेयजल व्यवस्था के तहत स्थापित इंडिया मार्क हैंडपंप के चारों ओर गंदगी पसरी मिली। इस पर डीएम भड़क उठे। परिसर में लगे पुराने पेड़ देख उन्होंने कड़ी नाराजगी जताते हुए शीघ्र पेड़ों को नियमानुसार कटवाने के निर्देश दिये।
ब्लॉक कार्यालय के पीछे बनी कॉलोनी में गंदगी का अंबार था। जांच के दौरान डीएम को पता चला कि कॉलोनी में तीन दर्जन आवास हैं जिनमें कई पर लेखपोलों और रोजगार सेवकों ने कब्जा कर रखा है। स्थानांतरित कर्मचारियों ने भी आवास खाली नहीं किये हैं। इस पर उन्होंने सभी बाहरी व्यक्तियों से आवास खाली कराने को कहा। नानपारा देहाती क्षेत्र में तैनात ग्राम विकास अधिकारी की कुछ लोगों ने शिकायत की।
शिकायत कर्ताओं ने कहा कि ग्राम विकास अधिकारी शिवपुर ब्लॉक प्रमुख के पति हैं इसलिए वह स्वयं काम न करके मुंशी से काम कराते हैं। इसपर ग्राम विकास अधिकारी को डीएम ने बुलाया। वह नेताओं वेशभूषा में थे। इस पर सीडीओ अरविंद चौहान ने उन्हें सिविल ड्रेस में आने को कहा।
ब्लॉक के बाहर बने पंचायत भवन पर अवैध कब्जा देखकर डीएम बिफर पड़े। उन्होंने एक सप्ताह में पंचायत भवन खाली कराने को कहा। साथ ही कहा कि बीडीओ का कर्मचारियों पर नियंत्रण नहीं है न तो योजनाओं और कार्यों की जानकारी ही है।
तमाम कार्य लंबित हैं। ऐसी स्थिति मे उन्हें प्रतिकूल प्रविष्टि दी जाती है। बीडीओ को ब्लॉक से हटाने के भी निर्देश दिए। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का भी डीएम व सीडीओ ने सघन निरीक्षण किया। सीएचसी के डॉक्टरों की जिले से संबद्धता खत्म करने को कहा।
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इस पर बीडीओ बलहा को प्रतिकूल प्रविष्टि देते हुए उन्हें तत्काल ब्लॉक से हटाने को कहा। तहसील में हदबरारी और बंटवारे के कई पुराने मामले लंबित मिले। इस पर एसडीएम और तहसीलदार को चेतावनी दी गयी। वहीं सीएचसी के निरीक्षण में कई डॉक्टरों के जिला मुख्यालय से संबद्ध मिलने पर उनकी संबद्धता खत्म करने को कहा।
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डीएम शंभु कुमार और मुख्य विकास अधिकारी अरविंद चौहान सुबह 11 बजे के आसपास श्रावस्ती किसान सहकारी चीनी मिल पहुंचे। यहां महाप्रबंधक प्रदीप तिवारी एवं बोर्ड उपाध्यक्ष शैलेंद्र सिंह के साथ बैठक कर मिल की समस्याएं सुनीं। जीएम को दिशा-निर्देश दिये।
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इसके बाद डीएम और सीडीओ तहसील में उपजिलाधिकारी के न्यायालय पहुंचे। वहां निरीक्षण के दौरान हदबरारी की 69 पत्रावलियां और 176 बंटवारे के मामले लंबित मिले। इस पर डीएम बिफर पड़े। डीएम ने एसडीएम डॉ. संतोष उपाध्याय व तहसीलदार दिनेश सिंह को सप्ताह में चार दिन नियमित न्यायालय में बैठने के निर्देश दिए।
तहसील परिसर के कई अनुभाग और न्यायालय का निरीक्षण करते हुए परिसार में लगे सोलर और ओवर हैंड टैंक की जानकारी ली। इसके बाद दोनों अधिकारी ब्लॉक मुख्यालय पहुंचे। यहां पेयजल व्यवस्था के तहत स्थापित इंडिया मार्क हैंडपंप के चारों ओर गंदगी पसरी मिली। इस पर डीएम भड़क उठे। परिसर में लगे पुराने पेड़ देख उन्होंने कड़ी नाराजगी जताते हुए शीघ्र पेड़ों को नियमानुसार कटवाने के निर्देश दिये।
ब्लॉक कार्यालय के पीछे बनी कॉलोनी में गंदगी का अंबार था। जांच के दौरान डीएम को पता चला कि कॉलोनी में तीन दर्जन आवास हैं जिनमें कई पर लेखपोलों और रोजगार सेवकों ने कब्जा कर रखा है। स्थानांतरित कर्मचारियों ने भी आवास खाली नहीं किये हैं। इस पर उन्होंने सभी बाहरी व्यक्तियों से आवास खाली कराने को कहा। नानपारा देहाती क्षेत्र में तैनात ग्राम विकास अधिकारी की कुछ लोगों ने शिकायत की।
शिकायत कर्ताओं ने कहा कि ग्राम विकास अधिकारी शिवपुर ब्लॉक प्रमुख के पति हैं इसलिए वह स्वयं काम न करके मुंशी से काम कराते हैं। इसपर ग्राम विकास अधिकारी को डीएम ने बुलाया। वह नेताओं वेशभूषा में थे। इस पर सीडीओ अरविंद चौहान ने उन्हें सिविल ड्रेस में आने को कहा।
ब्लॉक के बाहर बने पंचायत भवन पर अवैध कब्जा देखकर डीएम बिफर पड़े। उन्होंने एक सप्ताह में पंचायत भवन खाली कराने को कहा। साथ ही कहा कि बीडीओ का कर्मचारियों पर नियंत्रण नहीं है न तो योजनाओं और कार्यों की जानकारी ही है।
तमाम कार्य लंबित हैं। ऐसी स्थिति मे उन्हें प्रतिकूल प्रविष्टि दी जाती है। बीडीओ को ब्लॉक से हटाने के भी निर्देश दिए। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का भी डीएम व सीडीओ ने सघन निरीक्षण किया। सीएचसी के डॉक्टरों की जिले से संबद्धता खत्म करने को कहा।