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Bahraich News: सरकार के मंत्री अनिल राजभर बोले, सालार मसूद गाजी की दरगाह का हो एएसआई सर्वे
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महाराजा सुहेलदेव स्मारक स्थल पर निरीक्षण करते मंत्री अनिल राजभर।
- फोटो : महाराजा सुहेलदेव स्मारक स्थल पर निरीक्षण करते मंत्री अनिल राजभर।
बहराइच। प्रदेश सरकार के मंत्री अनिल राजभर ने रविवार को बहराइच दौरे के दौरान एक बड़ा राजनीतिक बयान देते हुए कहा कि जिले में स्थित सैय्यद सालार मसूद गाजी की दरगाह का भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) से सर्वे कराया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस विषय पर सरकार को गंभीरता से विचार करना चाहिए और वह स्वयं मुख्यमंत्री से चर्चा करेंगे तथा प्रधानमंत्री को भी पत्र लिखेंगे।
शहर से कुछ दूरी पर स्थित चित्तौरा झील के निकट महाराजा सुहेलदेव स्मारक स्थल पर आयोजित हर घर भगवा अभियान में शामिल होने पहुंचे मंत्री अनिल राजभर ने पत्रकारों से बातचीत में यह बात कही। दरगाह परिसर में सूर्यकुंड से जुड़े सवाल पर उन्होंने कहा कि एएसआई सर्वे से ऐतिहासिक तथ्यों की स्पष्ट जानकारी सामने आ सकेगी।
मंत्री ने कहा कि वर्षों तक महाराजा सुहेलदेव की विरासत की उपेक्षा की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती सरकारों ने सुहेलदेव की अपेक्षा सालार मसूद गाजी की मजार को अधिक महत्व देने का कार्य किया। उन्होंने कहा कि अब स्थिति बदल रही है और बहराइच में महाराजा सुहेलदेव का भव्य स्मारक स्थापित किया गया है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग पहुंचकर श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं।
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उन्होंने कहा कि महाराजा सुहेलदेव भारतीय इतिहास और सांस्कृतिक गौरव के प्रतीक हैं तथा उनकी विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए सरकार लगातार कार्य कर रही है। मंत्री के इस बयान के बाद जिले में राजनीतिक और सामाजिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है।
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शहर से कुछ दूरी पर स्थित चित्तौरा झील के निकट महाराजा सुहेलदेव स्मारक स्थल पर आयोजित हर घर भगवा अभियान में शामिल होने पहुंचे मंत्री अनिल राजभर ने पत्रकारों से बातचीत में यह बात कही। दरगाह परिसर में सूर्यकुंड से जुड़े सवाल पर उन्होंने कहा कि एएसआई सर्वे से ऐतिहासिक तथ्यों की स्पष्ट जानकारी सामने आ सकेगी।
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मंत्री ने कहा कि वर्षों तक महाराजा सुहेलदेव की विरासत की उपेक्षा की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती सरकारों ने सुहेलदेव की अपेक्षा सालार मसूद गाजी की मजार को अधिक महत्व देने का कार्य किया। उन्होंने कहा कि अब स्थिति बदल रही है और बहराइच में महाराजा सुहेलदेव का भव्य स्मारक स्थापित किया गया है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग पहुंचकर श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं।
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उन्होंने कहा कि महाराजा सुहेलदेव भारतीय इतिहास और सांस्कृतिक गौरव के प्रतीक हैं तथा उनकी विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए सरकार लगातार कार्य कर रही है। मंत्री के इस बयान के बाद जिले में राजनीतिक और सामाजिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है।