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Bahraich News: दिवाली पर 24 घंटे होगी जंगल की निगरानी
Mon, 20 Oct 2025 12:41 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
Updated Mon, 20 Oct 2025 12:41 AM IST
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बहराइच। दीपावली के मौके पर जंगल और वन्यजीवों की सुरक्षा को लेकर वन विभाग ने सख्त पहरा लगा दिया है। कतर्नियाघाट वन्यजीव अभयारण्य में शिकारियों की घुसपैठ रोकने के लिए वनकर्मियों की सभी छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं। वन क्षेत्र में 24 घंटे निगरानी की व्यवस्था की गई है। डीएफओ खुद कतर्नियाघाट में कैंप करेंगे।
कतर्नियाघाट सेंक्चुरी के कोर जोन में दुर्लभ बाघ, तेंदुए, हिरन, हाथी और गैंडे प्रवास करते हैं। अक्सर शिकारियों की नजर इन वन्यजीवों पर रहती है। ऐसे में दीपावली के मौके पर वन विभाग अलर्ट हो गया है। डीएफओ सूरज कुमार ने बताया कि सुजौली, धर्मापुर, कतर्नियाघाट, निशानगाड़ा, ककरहा और मोतीपुर रेंज के वन क्षेत्र अधिकारियों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
विशेष टीमें गठित की गई हैं, जो 24 घंटे सक्रिय रहकर जंगल के हर हिस्से पर नजर रखेंगी। कोर जोन के सुजौली, कतर्नियाघाट और निशानगाड़ा रेंंज पर विशेष नजर रहेगी।
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डीएफओ ने बताया कि दीपावली और उसके बाद वाला दिन सुरक्षा की दृष्टि से सबसे संवेदनशील माना जाता है। इस अवधि में शिकारियों की गतिविधियां बढ़ने की आशंका रहती है। इसे देखते हुए वह स्वयं कतर्नियाघाट में कैंप कर सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी करेंगे। सभी टीमों को वायरलेस सेट और पैट्रोलिंग वाहन उपलब्ध कराए गए हैं ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जा सके।
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कतर्नियाघाट सेंक्चुरी के कोर जोन में दुर्लभ बाघ, तेंदुए, हिरन, हाथी और गैंडे प्रवास करते हैं। अक्सर शिकारियों की नजर इन वन्यजीवों पर रहती है। ऐसे में दीपावली के मौके पर वन विभाग अलर्ट हो गया है। डीएफओ सूरज कुमार ने बताया कि सुजौली, धर्मापुर, कतर्नियाघाट, निशानगाड़ा, ककरहा और मोतीपुर रेंज के वन क्षेत्र अधिकारियों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
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विशेष टीमें गठित की गई हैं, जो 24 घंटे सक्रिय रहकर जंगल के हर हिस्से पर नजर रखेंगी। कोर जोन के सुजौली, कतर्नियाघाट और निशानगाड़ा रेंंज पर विशेष नजर रहेगी।
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डीएफओ ने बताया कि दीपावली और उसके बाद वाला दिन सुरक्षा की दृष्टि से सबसे संवेदनशील माना जाता है। इस अवधि में शिकारियों की गतिविधियां बढ़ने की आशंका रहती है। इसे देखते हुए वह स्वयं कतर्नियाघाट में कैंप कर सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी करेंगे। सभी टीमों को वायरलेस सेट और पैट्रोलिंग वाहन उपलब्ध कराए गए हैं ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जा सके।