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आम बजट से तराई में बहेगी विकास की गंगा
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बजट वाली खबर- बहराइच में स्थित रेलवे स्टेशन।
- फोटो : BAHRAICH
बहराइच। आम बजट में वित्त मंत्री ने ब्राडगेज पूरा होने वाले इलाकों में इलेक्ट्रिक काम पूरा करने के लिए धनराशि आवंटित की है। उम्मीद है कि बहराइच-गोंडा के बीच तीन साल पहले पूरा हो चुके ब्राडगेज के बाद इलेक्ट्रिक ट्रेनें दौड़ाने का काम भी शुरू हो जाएगा। करीब 327 करोड़ रुपये की परियोजना को बजट मिलने से काम तेजी से पूरा भी हो सकेगा। हालांकि रेल अधिकारी इसके पूरा होने में समय लगने की संभावना जता रहे हैं।
तराई के लोगों को सफर के लिए मीटरगेज की ट्रेनों का ही सहारा था। तेज रफ्तार के लिए करीब बीस साल पूर्व ब्राडगेज को हरी झंडी दी गई थी। जिसके तहत बहराइच-गोंडा के 60 किलोमीटर रेल लाइन का आमान परिवर्तन किया गया। करीब तीन साल पूर्व ही गोंडा-बहराइच रेल मार्ग पर डेमू ट्रेन चलाई गई। मगर कोरोना काल में वह भी बंद कर दी गई।
अब आम बजट में वित्त मंत्री ने ब्राडगेज पूरा होने के बाद विद्युतीकरण पर अधिक जोर दिया है। बहराइच से गोंडा, बलरामपुर होते हुए गोरखपुर तक विद्युतीकरण के काम पर 327 करोड़ रुपये की परियोजना पहले से स्वीकृत है। माना जा रहा है कि बजट में विद्युतीकरण पर पैसा भेजा जाएगा। जिससे तराई के लोग भी इलेक्ट्रिक ट्रेनों का सफर कर सकेंगे। हालांकि रेल अधिकारी अभी इसमें समय लगने की संभावना जता रहे हैं। सहायक मंडल इंजीनियर आरबी प्रसाद का कहना है कि रेलवे बोर्ड द्वारा प्राथमिकता के आधार पर बजट जारी किया जाता है। ऐसे में अभी कुछ कह पाना असंभव होगा।
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तराई के लोगों को सफर के लिए मीटरगेज की ट्रेनों का ही सहारा था। तेज रफ्तार के लिए करीब बीस साल पूर्व ब्राडगेज को हरी झंडी दी गई थी। जिसके तहत बहराइच-गोंडा के 60 किलोमीटर रेल लाइन का आमान परिवर्तन किया गया। करीब तीन साल पूर्व ही गोंडा-बहराइच रेल मार्ग पर डेमू ट्रेन चलाई गई। मगर कोरोना काल में वह भी बंद कर दी गई।
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अब आम बजट में वित्त मंत्री ने ब्राडगेज पूरा होने के बाद विद्युतीकरण पर अधिक जोर दिया है। बहराइच से गोंडा, बलरामपुर होते हुए गोरखपुर तक विद्युतीकरण के काम पर 327 करोड़ रुपये की परियोजना पहले से स्वीकृत है। माना जा रहा है कि बजट में विद्युतीकरण पर पैसा भेजा जाएगा। जिससे तराई के लोग भी इलेक्ट्रिक ट्रेनों का सफर कर सकेंगे। हालांकि रेल अधिकारी अभी इसमें समय लगने की संभावना जता रहे हैं। सहायक मंडल इंजीनियर आरबी प्रसाद का कहना है कि रेलवे बोर्ड द्वारा प्राथमिकता के आधार पर बजट जारी किया जाता है। ऐसे में अभी कुछ कह पाना असंभव होगा।
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