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पटाखे की चिंगारी से भड़की आग, चार मकान राख
अमर उजाला ब्यूरो/बहराइच
Updated Fri, 06 Nov 2015 10:08 PM IST
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महसी (बहराइच)। ग्राम कोदही में पटाखे से निकली चिन्गारी से चार आशियाने और खलिहान राख हो गया। किसी तरह ग्रामीणों ने आग फैलने से रोका।
हादसे में चार लाख की संपत्ति का नुकसान हुआ है। अग्निकांड की सूचना तहसील को दी गई लेकिन कोई भी राजस्वकर्मी नहीं पहुंचा।
बौंडी थाना क्षेत्र अंतर्गत कोदही गांव के ग्रामीण शुक्रवार दोपहर खेत-खलिहान में काम कर रहे थे। गांव निवासी सहजराम के घर के पास भी खलिहान है, जहां धान की मड़ाई के बाद निकले पुआल का ढेर लगा हुआ था।
धान की कुछ फसल भी मड़ाई के लिए रखी थी। दोपहर एक बजे के आसपास गांव के बच्चे खलिहान में पटाखा दाग रहे थे। उसी दौरान भड़की चिन्गारी से पुआल के ढेर में आग लग गई।
पहले बच्चों ने आग बुझाने की कोशिश की लेकिन सफल न होने पर शोर मचाते हुए भाग गए। इतने में पुआल की लपटों ने सहजराम के आवास को भी आगोश में ले लिया तब चीख-पुकार मची।
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परिवार के लोग जान बचाकर किसी तरह भागे। गांव के लोग भी दौड़े लेकिन जब तक आग बुझाने का उपाय किया जाता तब तक लपटें उमेश, बन्नू और चेतराम के मकान तक फैल गईं।
ग्रामीणों ने थाने पर सूचना दी। इस पर पुलिसकर्मी और दमकल वाहन मौके पर पहुंचा। दो घंटे की मशक्कत के बाद ग्रामीणों ने किसी तरह आग पर काबू पाया लेकिन तब तक चार लाख से अधिक की संपत्ति आग की भेंट चढ़ गई।
चारों परिवार के 30 से अधिक लोग खुले आसमान तले गुजर बसर करने को मजबूर हैं।
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हादसे में चार लाख की संपत्ति का नुकसान हुआ है। अग्निकांड की सूचना तहसील को दी गई लेकिन कोई भी राजस्वकर्मी नहीं पहुंचा।
बौंडी थाना क्षेत्र अंतर्गत कोदही गांव के ग्रामीण शुक्रवार दोपहर खेत-खलिहान में काम कर रहे थे। गांव निवासी सहजराम के घर के पास भी खलिहान है, जहां धान की मड़ाई के बाद निकले पुआल का ढेर लगा हुआ था।
धान की कुछ फसल भी मड़ाई के लिए रखी थी। दोपहर एक बजे के आसपास गांव के बच्चे खलिहान में पटाखा दाग रहे थे। उसी दौरान भड़की चिन्गारी से पुआल के ढेर में आग लग गई।
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पहले बच्चों ने आग बुझाने की कोशिश की लेकिन सफल न होने पर शोर मचाते हुए भाग गए। इतने में पुआल की लपटों ने सहजराम के आवास को भी आगोश में ले लिया तब चीख-पुकार मची।
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परिवार के लोग जान बचाकर किसी तरह भागे। गांव के लोग भी दौड़े लेकिन जब तक आग बुझाने का उपाय किया जाता तब तक लपटें उमेश, बन्नू और चेतराम के मकान तक फैल गईं।
ग्रामीणों ने थाने पर सूचना दी। इस पर पुलिसकर्मी और दमकल वाहन मौके पर पहुंचा। दो घंटे की मशक्कत के बाद ग्रामीणों ने किसी तरह आग पर काबू पाया लेकिन तब तक चार लाख से अधिक की संपत्ति आग की भेंट चढ़ गई।
चारों परिवार के 30 से अधिक लोग खुले आसमान तले गुजर बसर करने को मजबूर हैं।