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महायोजना 2031 से बदलेगा शहर का नक्शा
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बहराइच। शहर के योजनाबद्ध विकास के लिए महायोजना 2031 प्रस्तावित है। इसी को लेकर सोमवार को कलेक्ट्रेट में प्रस्तावित कलेवर को लेकर प्रदर्शनी लगी। अब लोग यहां आकर देखने के बाद अपनी आपत्ति व सुझाव दे सके हैं। दरअसल, प्रस्तावित महायोजना के मुताबिक आगामी दिनों में 29 राजस्व ग्राम शहर में शामिल होंगे। चारों दिशाओं में शहर की सीमा से लगभग 10 किलोमीटर आगे तक विस्तार होगा। शहर में कहां औद्योगिक क्षेत्र होंगे, कहां आवासीय क्षेत्र होंगे सब कुछ निर्धारित किया गया है। महायोजना का जीआईएस आधारित नक्शा बनाया गया है। इसके मुताबिक, 4233.23 हेक्टेयर में पूरी महायोजना प्रस्तावित है।
शहर से नानपारा की तरफ मोहम्मदपुर ग्राम की बाहरी सीमा तक महायोजना को विस्तृत किया गया है। पूर्व यानी बहराइच-भिनगा मार्ग पर विशुनपुर राहू, सेमरा, सिसरौली और उसरावां ग्राम तक विस्तारित है। इसके अलावा दक्षिण यानी बहराइच से गोंडा रोड पर नगरौर, शाहपुर, यूसुफ नगर और पश्चिमी दक्षिणी सीमा यानी लखनऊ रोड पर सराय मेहराबाग, सिसई व सेखदहीरपुर की बाहरी सीमा तक महायोजना विस्तारित की गई है।
इस महायोजना में सदर तहसील क्षेत्र के गांव तो लिए ही गए हैं, महसी क्षेत्र के तमाम गांवों को भी महायोजना में शामिल किया गया है। आगे चलकर महसी क्षेत्र के दर्जनों गांव शहर में शामिल हो जाएंगे।
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महायोजना में 313.08 हेक्टेयर भूमि उद्योगों के लिए प्रस्तावित है। यानी शहर में उद्योग लगाने के लिए विशेष तरजीह दी जाएगी। यही नहीं शहर से प्रदूषणकारी उद्योगों को बाहर करने की भी योजना बनाई जा रही है। यानी इस महायोजना के अंतर्गत कोई भी प्रदूषणकारी उद्योग जैसे ईंट-भट्ठे, कोयला फैक्ट्री आदि आते हैं तो उन्हें महायोजना से बाहर कर दिया जाएगा।
चेकापुर, राजापुर माफी, वशीरगंज, मोहम्मदपुर, बिस्वरिया, मीरपुर कस्बा, सिंघा परासी, सलारपुर, विशुनपुर राहु, कल्पीपारा, पहाड़ा पक्कड़, बक्शीपुरा, सेमरा, सुसरौली, दुलारपुर, डीहा, अशोका, नगरौर, अमीरपुर नगरौर, शाहपुर जाट युसुफ, नगर, ताज खुदाई, जगतापुर, छावनी सरकार, सराय मेहराबाद, तमचपुर, भोगाजोत, शेखदहीर व सिसईहैदर गांव प्रस्तावित महायोजना में शामिल होंगे।
प्रस्तावित भू उपयोग जीआईएस आधारित क्षेत्रफल
आवासीय 1944.12
व्यावसायिक 267.39
उद्योग 313.08
कार्यालय 105.27
सार्वजनिक व अर्ध सार्वजनिक सुविधाएं 314.32
यातायात व परिवहन 502.49
पार्क खुले स्थल/हरित पट्टी 746.32
ऐतिहासिक स्मारक/ पुरात्व स्थल 8.56
सार्वजनिक उपयोगिता 64.08
प्रस्तावित महायोजना को लेकर लगी प्रदर्शनी लोग मेरे न्यायालय कक्ष में आकर देख सकते हैं। इसके बाद अपनी आपत्ति व सुझाव भी दे सकते हैं। आपत्तियां व सुझाव लेकर एक माह बाद महायोजना को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
-ज्योति राय, सिटी मजिस्ट्रेट
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शहर से नानपारा की तरफ मोहम्मदपुर ग्राम की बाहरी सीमा तक महायोजना को विस्तृत किया गया है। पूर्व यानी बहराइच-भिनगा मार्ग पर विशुनपुर राहू, सेमरा, सिसरौली और उसरावां ग्राम तक विस्तारित है। इसके अलावा दक्षिण यानी बहराइच से गोंडा रोड पर नगरौर, शाहपुर, यूसुफ नगर और पश्चिमी दक्षिणी सीमा यानी लखनऊ रोड पर सराय मेहराबाग, सिसई व सेखदहीरपुर की बाहरी सीमा तक महायोजना विस्तारित की गई है।
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इस महायोजना में सदर तहसील क्षेत्र के गांव तो लिए ही गए हैं, महसी क्षेत्र के तमाम गांवों को भी महायोजना में शामिल किया गया है। आगे चलकर महसी क्षेत्र के दर्जनों गांव शहर में शामिल हो जाएंगे।
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महायोजना में 313.08 हेक्टेयर भूमि उद्योगों के लिए प्रस्तावित है। यानी शहर में उद्योग लगाने के लिए विशेष तरजीह दी जाएगी। यही नहीं शहर से प्रदूषणकारी उद्योगों को बाहर करने की भी योजना बनाई जा रही है। यानी इस महायोजना के अंतर्गत कोई भी प्रदूषणकारी उद्योग जैसे ईंट-भट्ठे, कोयला फैक्ट्री आदि आते हैं तो उन्हें महायोजना से बाहर कर दिया जाएगा।
चेकापुर, राजापुर माफी, वशीरगंज, मोहम्मदपुर, बिस्वरिया, मीरपुर कस्बा, सिंघा परासी, सलारपुर, विशुनपुर राहु, कल्पीपारा, पहाड़ा पक्कड़, बक्शीपुरा, सेमरा, सुसरौली, दुलारपुर, डीहा, अशोका, नगरौर, अमीरपुर नगरौर, शाहपुर जाट युसुफ, नगर, ताज खुदाई, जगतापुर, छावनी सरकार, सराय मेहराबाद, तमचपुर, भोगाजोत, शेखदहीर व सिसईहैदर गांव प्रस्तावित महायोजना में शामिल होंगे।
प्रस्तावित भू उपयोग जीआईएस आधारित क्षेत्रफल
आवासीय 1944.12
व्यावसायिक 267.39
उद्योग 313.08
कार्यालय 105.27
सार्वजनिक व अर्ध सार्वजनिक सुविधाएं 314.32
यातायात व परिवहन 502.49
पार्क खुले स्थल/हरित पट्टी 746.32
ऐतिहासिक स्मारक/ पुरात्व स्थल 8.56
सार्वजनिक उपयोगिता 64.08
प्रस्तावित महायोजना को लेकर लगी प्रदर्शनी लोग मेरे न्यायालय कक्ष में आकर देख सकते हैं। इसके बाद अपनी आपत्ति व सुझाव भी दे सकते हैं। आपत्तियां व सुझाव लेकर एक माह बाद महायोजना को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
-ज्योति राय, सिटी मजिस्ट्रेट