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समाज में महिलाओं को बराबरी नहीं बल्कि उससे ऊंचा स्थान मिलना जरुरी

Tue, 09 Mar 2021 12:14 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Tue, 09 Mar 2021 12:14 AM IST
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08 बीएचआर 06 - बहराइच के महिला डिग्री कालेज में सोमवार को अमर उजाला की ओर से आयोजित अपराजिता कार्यक्र - फोटो : BAHRAICH
बहराइच। भारतीय समाज ने महिलाओं को हमेशा उच्च दर्जा दिया है। वैदिक काल से इसका उल्लेख ऋग्वेद और अथर्ववेद में मिलता है, जहां कहा गया है कि सृजन का अधिकार सिर्फ महिलाओं के पास ही है। समाज का सृजन उन्हीं के माध्यम से संभव है, इसलिए उन्हें बराबरी का नहीं बल्कि उससे थोड़ा ऊंचा स्थान मिलना ही चाहिए। यह कहना है केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान का।
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वह सोमवार को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर अमर उजाला की ओर से महिला महाविद्यालय में आयोजित अपराजिता सम्मान समारोह में उपस्थित महिलाओं व छात्राओं को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि शासन सत्ता का कर्तव्य है कि बालक-बालिका की शिक्षा के लिए समान इंतजाम करें। राज्यपाल ने कहा कि जब से मानव जीवन का इतिहास मिलता है, महिलाओं को हमेशा समाज में उच्च स्थान ही रहा है। हमें खेती का ज्ञान होने से पहले महिलाएं हर चीज में बराबर की हिस्सेदार थीं, लेकिन खेती के साथ जब से हल चलाने की बारी आई तो पुरुष समाज ने अपनी शारीरिक शक्ति के बल पर आगे निकलने की कोशिश की जो किसी भी समाज की प्रगति के लिए अच्छा नहीं कहा जा सकता।
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महिलाओं के पास नैसर्गिक रुप से कुछ गुण हैं जो उन्हें पुरुषों की अपेक्षा समाज और लोगों के प्रति अधिक संवेदनशील बनाते हैं। पूर्व राष्ट्रपति सर्वपल्ली राधाकृष्णन ने भी अपनी एक पुस्तक में लिखा है कि जो दूसरों की पीड़ा को न समझे वह मनुष्य कहलाने का अधिकारी नहीं है। यह तभी संभव है जब आपके अंदर करुणा का भाव हो और महिलाओं में यह करुणा का भाव नैसर्गिक रूप से मिलता है।
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खासतौर पर छात्राओं को संबोधित करते हुए राज्यपाल ने कहा कि आज पुरुषों की ओर से महिलाओं को समानता का अधिकार देने की बात कही जा रही है, लेकिन मेरा कहना अलग है। मैं मानता हूं कि पुरुष को कोई हक नहीं है कि वह महिलाओं को बताएं, आप इसके जरिए समानता का अधिकार हासिल कर सकती हैं। महिलाओं को पूरे अधिकार हैं। वह जिस तरह से जिस भी क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहती हैं, अपना मुकाम हासिल करना चाहती हैं, उन्हें पूरी आजादी है। लेकिन यह महिलाएं खुद तय करेंगी, कि उन्हें किस क्षेत्र में क्या करना है।
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