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अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स के तहत एजूकेशन वर्कशाप का आयोजन
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उर्रा (बहराइच)। अमर उजाला की मुहिम अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स के तहत विकास खंड मिहींपुरवा के गंगापुर गांव स्थित स्वामी दयानंद बाल शिक्षा निकेतन स्कूल में एजूकेशन वर्कशॉप का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि आजीविका मिशन के उपायुक्त सुरेंद्र गुप्त ने कहा कि बेहतर शिक्षा हासिल कर बेटियां मुकाम हासिल कर रही हैं। आज के दौर में महिलाओं को अवसर देने की जरूरत है। उनके अंदर जज्बा है। वह जरूर देश में नई दिशा की शुरुआत कर सकती हैं।
ब्लॉक एंकर पर्सन नंदकिशोर साह ने कहा कि आत्मनिर्भर बनने के लिए महिलाएं आगे आएं। सरकार की योजनाएं उनको आर्थिक मजबूती देने के लिए बनी हैं। वह अपने साथ दूसरों को भी रोजगार से जोड़ने का काम कर सकती हैं। जिला कोऑर्डिनेटर प्रमोद कुमार सिंह ने कहा कि हम सभी अपने मन के विश्वास को कभी भी कमजोर नहीं होने दें। वर्कशॉप में ब्लॉक प्रबंधक अनुराग पटेल, मधु देवी, ममता, कमलावती, बबिता आदि मौजूद रहीं।
महिलाओं के लिए सरकार रोजगार की स्थापना से लेकर हर क्षेत्र में मौके दे रही है। महिलाएं एनआरएलएम से समूह का गठन करें। अपने साथ दूसरों को भी रोजगार से जोड़ें। ऐसे में बैंकों से उनको ऋण दिलाने की व्यवस्था सरकार ने कर रखी है। वह कर्ज लेकर अपने स्वावलंबी बनने की दिशा में कदम बढ़ाएं।
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- सुरेंद्र गुप्त, उपायुक्त एनआरएलएम
समाज में तेजी से बदलाव हो रहा है। आज का दौर महिलाओं का है। महिलाओं को बस अपने आत्मविश्वास को और अधिक बढ़ाने की जरूरत है। हम सभी को भी अब अपने आसपास बदलाव के लिए सजग होने की आवश्यकता है। महिला शिक्षा को बढ़ावा देने के साथ रोजगार के मौके तलाशने में उनकी मदद भी करनी होगी।
- नंदकिशोर साह, ब्लॉक एंकर पर्सन
महिलाओं के लिए सरकार नारी सशक्तीकरण से लेकर उनको आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए कई योजनाएं चला रही है। बस जरूरत है कि हम सभी जागरूक होकर योजनाओं का लाभ उठाएं। महिलाओं को शिक्षित होने के साथ अपनी बेटियों को भी जागरूक करने की आवश्यकता है। योजनाओं का प्रचार-प्रसार करने के लिए भी उन सभी को मिलकर काम करना होगा, जिससे दूसरी महिलाएं भी उनसे जुड़ सकें।
- प्रमोद कुमार सिंह, जिला कोऑर्डिनेटर
बेटियों ने समाज के हित में बड़े स्तर पर योगदान देने का काम किया है। समाज को नई दिशा देने के साथ ही हमेशा सौहार्द कायम रखा है। शिक्षा में बेटियों ने मुकाम हासिल कर दिखाया है।
अनुराग पटेल, ब्लॉक प्रबंधक
बेटियों ने साबित कर दिया है कि अब वे सबसे आगे होंगी। परीक्षा के परिणामों में भी बेटियों ने अव्वल स्थान हासिल किया है। आने वाले दिनों में बेटियां ऊंचाइयां छुएंगी।
मधु देवी
बेटियों को शैक्षिक सुधार से नई दिशा मिली है। अब अच्छे ढंग से शिक्षा हासिल कर रही हैं और मिलने वाले हर अवसर में आगे हैं। बेटियों के लिए और अवसर दिए जाएं।
ममता देवी
बेटियों ने आगे बढ़कर अपने को साबित कर दिया है। अब उनके हक की बात को आगे बढ़ाने की जरूरत है। बेटियों की जागरूकता के लिए अमर उजाला का प्रयास सराहनीय है।
पूर्णिमा राय
सरकारी योजनाओं में महिलाओं को प्राथमिकता मिल रही है। लेकिन अब उनकी प्राथमिकता वाली योजनाओं को प्रभावी ढंग से संचालित किया जाए। स्थिति में सुधार के लिए प्रयास हों।
बबिता देवी
महिलाओं के लिए कार्यक्रम हो रहे हैं, इससे उनमें जागरूकता आ रही है। अब महिलाएं भी आगे बढ़ रही हैं। अमर उजाला का यह कार्यक्रम सार्थक सिद्ध होगा।
कमलावती
बेटियां परिवार की ही नहीं देश की शान हैं। उन्हें आगे बढ़ाने के लिए स्कूल स्तर पर कार्य हो रहे हैं। अब जरूरत है कि उन्हें मंच पर और मौका दिया जाए। निश्चित तौर पर बेटियां अपना मुकाम हासिल करेंगी।
ललिता देवी
बेटियों को लेकर अभी भी सुधार की आवश्यकता है। उनके हितों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाए जाएं। शिक्षा कायाकल्प से बौद्धिक विकास हुआ है। अब अवसर दिया जाए।
मुन्नी देवी
बेटियां अब किसी से पीछे नहीं हैं। पढ़ाई में तो अव्वल हैं ही अब सेवाओं में भी आगे बढ़ रही हैं। अपराजिता मुहिम एक सराहनीय प्रयास है। इससे बेटियों को मंच देने के साथ ही एक बेहतर माहौल देने का कार्य हुआ है।
मंजू देवी
बेटियां आज के दौर में समाज के हर क्षेत्रों में निकल रही हैं। समाज में कई तरह के विकृत सोच के लोग भी रहते हैं। ऐसे में महिलाओं को सुरक्षित माहौल देने के लिए सोच में बदलाव लाने की आवश्यकता है।
सरिता देवी
महिलाओं को हर ओर आगे बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है। सेना, शिक्षा, पुलिस, स्वास्थ्य जैसी सेवाओं में महिलाओं को मौके मिल रहे हैं। अब जरूरत है कि व्यापार से लेकर समाज के हर क्षेत्र में उनको अवसर दिए जाएं। हम भी समाज की तस्वीर बदल देंगे।
वंदना देवी
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ब्लॉक एंकर पर्सन नंदकिशोर साह ने कहा कि आत्मनिर्भर बनने के लिए महिलाएं आगे आएं। सरकार की योजनाएं उनको आर्थिक मजबूती देने के लिए बनी हैं। वह अपने साथ दूसरों को भी रोजगार से जोड़ने का काम कर सकती हैं। जिला कोऑर्डिनेटर प्रमोद कुमार सिंह ने कहा कि हम सभी अपने मन के विश्वास को कभी भी कमजोर नहीं होने दें। वर्कशॉप में ब्लॉक प्रबंधक अनुराग पटेल, मधु देवी, ममता, कमलावती, बबिता आदि मौजूद रहीं।
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महिलाओं के लिए सरकार रोजगार की स्थापना से लेकर हर क्षेत्र में मौके दे रही है। महिलाएं एनआरएलएम से समूह का गठन करें। अपने साथ दूसरों को भी रोजगार से जोड़ें। ऐसे में बैंकों से उनको ऋण दिलाने की व्यवस्था सरकार ने कर रखी है। वह कर्ज लेकर अपने स्वावलंबी बनने की दिशा में कदम बढ़ाएं।
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- सुरेंद्र गुप्त, उपायुक्त एनआरएलएम
समाज में तेजी से बदलाव हो रहा है। आज का दौर महिलाओं का है। महिलाओं को बस अपने आत्मविश्वास को और अधिक बढ़ाने की जरूरत है। हम सभी को भी अब अपने आसपास बदलाव के लिए सजग होने की आवश्यकता है। महिला शिक्षा को बढ़ावा देने के साथ रोजगार के मौके तलाशने में उनकी मदद भी करनी होगी।
- नंदकिशोर साह, ब्लॉक एंकर पर्सन
महिलाओं के लिए सरकार नारी सशक्तीकरण से लेकर उनको आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए कई योजनाएं चला रही है। बस जरूरत है कि हम सभी जागरूक होकर योजनाओं का लाभ उठाएं। महिलाओं को शिक्षित होने के साथ अपनी बेटियों को भी जागरूक करने की आवश्यकता है। योजनाओं का प्रचार-प्रसार करने के लिए भी उन सभी को मिलकर काम करना होगा, जिससे दूसरी महिलाएं भी उनसे जुड़ सकें।
- प्रमोद कुमार सिंह, जिला कोऑर्डिनेटर
बेटियों ने समाज के हित में बड़े स्तर पर योगदान देने का काम किया है। समाज को नई दिशा देने के साथ ही हमेशा सौहार्द कायम रखा है। शिक्षा में बेटियों ने मुकाम हासिल कर दिखाया है।
अनुराग पटेल, ब्लॉक प्रबंधक
बेटियों ने साबित कर दिया है कि अब वे सबसे आगे होंगी। परीक्षा के परिणामों में भी बेटियों ने अव्वल स्थान हासिल किया है। आने वाले दिनों में बेटियां ऊंचाइयां छुएंगी।
मधु देवी
बेटियों को शैक्षिक सुधार से नई दिशा मिली है। अब अच्छे ढंग से शिक्षा हासिल कर रही हैं और मिलने वाले हर अवसर में आगे हैं। बेटियों के लिए और अवसर दिए जाएं।
ममता देवी
बेटियों ने आगे बढ़कर अपने को साबित कर दिया है। अब उनके हक की बात को आगे बढ़ाने की जरूरत है। बेटियों की जागरूकता के लिए अमर उजाला का प्रयास सराहनीय है।
पूर्णिमा राय
सरकारी योजनाओं में महिलाओं को प्राथमिकता मिल रही है। लेकिन अब उनकी प्राथमिकता वाली योजनाओं को प्रभावी ढंग से संचालित किया जाए। स्थिति में सुधार के लिए प्रयास हों।
बबिता देवी
महिलाओं के लिए कार्यक्रम हो रहे हैं, इससे उनमें जागरूकता आ रही है। अब महिलाएं भी आगे बढ़ रही हैं। अमर उजाला का यह कार्यक्रम सार्थक सिद्ध होगा।
कमलावती
बेटियां परिवार की ही नहीं देश की शान हैं। उन्हें आगे बढ़ाने के लिए स्कूल स्तर पर कार्य हो रहे हैं। अब जरूरत है कि उन्हें मंच पर और मौका दिया जाए। निश्चित तौर पर बेटियां अपना मुकाम हासिल करेंगी।
ललिता देवी
बेटियों को लेकर अभी भी सुधार की आवश्यकता है। उनके हितों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाए जाएं। शिक्षा कायाकल्प से बौद्धिक विकास हुआ है। अब अवसर दिया जाए।
मुन्नी देवी
बेटियां अब किसी से पीछे नहीं हैं। पढ़ाई में तो अव्वल हैं ही अब सेवाओं में भी आगे बढ़ रही हैं। अपराजिता मुहिम एक सराहनीय प्रयास है। इससे बेटियों को मंच देने के साथ ही एक बेहतर माहौल देने का कार्य हुआ है।
मंजू देवी
बेटियां आज के दौर में समाज के हर क्षेत्रों में निकल रही हैं। समाज में कई तरह के विकृत सोच के लोग भी रहते हैं। ऐसे में महिलाओं को सुरक्षित माहौल देने के लिए सोच में बदलाव लाने की आवश्यकता है।
सरिता देवी
महिलाओं को हर ओर आगे बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है। सेना, शिक्षा, पुलिस, स्वास्थ्य जैसी सेवाओं में महिलाओं को मौके मिल रहे हैं। अब जरूरत है कि व्यापार से लेकर समाज के हर क्षेत्र में उनको अवसर दिए जाएं। हम भी समाज की तस्वीर बदल देंगे।
वंदना देवी