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रेनू बनीं सीटीओ, जागृति नायब तहसीलदार पद पर चयनित
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बहराइच। पीसीएस-2016 में जिले की दो बेटियों ने बाजी मारी है। रेनू पांडेय का चयन कॉमर्शियल टैक्स ऑफिसर (सीटीओ) पद पर हुआ है। जागृति सिंह नायब तहसीलदार पद पर चयनित हुई हैं। बेटियों के चयन से उनके घर पर जश्न का माहौल है। हर तरफ से बधाइयां मिल रही हैं।
शहर के मोहल्ला महोलीपुरा खत्रीपुरा निवासी रेनू पांडेय किसान पीजी कॉलेज से बीएससी की परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद संघ लोकसेवा आयोग के परीक्षा की तैयारियों में जुट गई थी। वे दिल्ली में रहकर तैयारी कर रही थी। रेनू ने बताया कि पिता शेष कुमार पांडेय की मौत हो चुकी है। पिता की इच्छा प्रशासनिक अधिकारी बनाने की थी।
उनके सपनों को साकार करने के लिए पीसीएस का फार्म भरा। शुक्रवार को परिणाम घोषित हुआ तो प्रथम चक्र की परीक्षा में ही सफलता मिली। रेनू ने बताया कि कॉमर्शियल टैक्स ऑफिसर ग्रुप में प्रदेश में उनका 9वां स्थान है। रेनू अपनी सफलता का श्रेय मां मंजू पांडेय, चाचा अशोक पांडेय, भाई आशीष पांडेय को दे रही हैं।
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शहर के गोंडा रोड रूपभवन निवासी जागृति सिंह 119वीं रैंक के साथ उत्तीर्ण हुई हैं। जागृति ने बताया कि इंटरमीडिएट की पढ़ाई शहर के सेवेंथ डे एडवेंटिस्ट इंटर कॉलेज से पूरी की। लखनऊ में एलएलबी की पढ़ाई की। इसके बाद दिल्ली हाईकोर्ट में दो साल प्रैक्टिस किया।
वर्ष 2012 में जागृति सिंह विशाल खेर के साथ परिणय सूत्र में बंधी। जागृति ने बताया कि ससुराल में प्रशासनिक अधिकारी पद की तैयारी के लिए पति से बात की। 2014 में परीक्षा की तैयारी शुरू की। जागृति ने बताया कि प्रथम प्रयास में ही उनका चयन हुआ है।
वह अपनी सफलता का श्रेय पति विशाल खेर, ससुर मनोज खेर के साथ ससुरालीजनों और मायके के लोगों को दे रही हैं।
लक्ष्य बनाकर बढ़ें आगे, मिलेगी सफलता
पीसीएस की परीक्षा में उत्तीर्ण रेनू पांडेय और जागृति सिंह ने कहा कि कोई भी लक्ष्य कठिन नहीं है। जरूरत है मनोयोग की। मनोयोग से की गई हर तैयारी लक्ष्य तक पहुंचाती है। ऐसे में प्रशासनिक सेवा में जाने के इच्छुक युवा लक्ष्य बनाकर आगे बढ़ें। सफलता अवश्य मिलेगी।
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शहर के मोहल्ला महोलीपुरा खत्रीपुरा निवासी रेनू पांडेय किसान पीजी कॉलेज से बीएससी की परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद संघ लोकसेवा आयोग के परीक्षा की तैयारियों में जुट गई थी। वे दिल्ली में रहकर तैयारी कर रही थी। रेनू ने बताया कि पिता शेष कुमार पांडेय की मौत हो चुकी है। पिता की इच्छा प्रशासनिक अधिकारी बनाने की थी।
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उनके सपनों को साकार करने के लिए पीसीएस का फार्म भरा। शुक्रवार को परिणाम घोषित हुआ तो प्रथम चक्र की परीक्षा में ही सफलता मिली। रेनू ने बताया कि कॉमर्शियल टैक्स ऑफिसर ग्रुप में प्रदेश में उनका 9वां स्थान है। रेनू अपनी सफलता का श्रेय मां मंजू पांडेय, चाचा अशोक पांडेय, भाई आशीष पांडेय को दे रही हैं।
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शहर के गोंडा रोड रूपभवन निवासी जागृति सिंह 119वीं रैंक के साथ उत्तीर्ण हुई हैं। जागृति ने बताया कि इंटरमीडिएट की पढ़ाई शहर के सेवेंथ डे एडवेंटिस्ट इंटर कॉलेज से पूरी की। लखनऊ में एलएलबी की पढ़ाई की। इसके बाद दिल्ली हाईकोर्ट में दो साल प्रैक्टिस किया।
वर्ष 2012 में जागृति सिंह विशाल खेर के साथ परिणय सूत्र में बंधी। जागृति ने बताया कि ससुराल में प्रशासनिक अधिकारी पद की तैयारी के लिए पति से बात की। 2014 में परीक्षा की तैयारी शुरू की। जागृति ने बताया कि प्रथम प्रयास में ही उनका चयन हुआ है।
वह अपनी सफलता का श्रेय पति विशाल खेर, ससुर मनोज खेर के साथ ससुरालीजनों और मायके के लोगों को दे रही हैं।
लक्ष्य बनाकर बढ़ें आगे, मिलेगी सफलता
पीसीएस की परीक्षा में उत्तीर्ण रेनू पांडेय और जागृति सिंह ने कहा कि कोई भी लक्ष्य कठिन नहीं है। जरूरत है मनोयोग की। मनोयोग से की गई हर तैयारी लक्ष्य तक पहुंचाती है। ऐसे में प्रशासनिक सेवा में जाने के इच्छुक युवा लक्ष्य बनाकर आगे बढ़ें। सफलता अवश्य मिलेगी।