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मंजिल के लिए बहाना होगा पसीना
ब्यूरो/अमर उजाला, बड़ौत
Updated Thu, 03 Dec 2015 12:35 AM IST
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ओलंपिक पदक विजेता सुशील पहलवान का रमाला पहुंचने पर गर्मजोशी से स्वागत किया गया। उन्हें जुलूस के रूप में जय पार्वती ग्लोबल स्कूल रमाला लाया गया। उन्होंने कहा कि लक्ष्य पाने के लिए पहलवानों को मेहनत करने की काफी जरूरत है।
इस स्कूल में पत्रकार वार्ता में सुशील पहलवान ने कहा कि देश में पहलवानों की कमी नहीं। कमी है उनमें अच्छा गुरु चुनने की और अनुशासन में रहने की। उन्होंने बताया कि 10 दिसंबर से मुंबई में होने जा रही कुश्ती लीग से पहलवानों को काफी फायदा मिलेगा।
क्योंकि कुश्ती लीग देश में पहली बार होने जा रही है। यह लीग पहलवानों को निखारने के लिए अच्छा प्रोजेक्ट होगा और हमारे क्षेत्र के पहलवानों को इससे फायदा होगा। मिट्टी के अखाड़े समाप्त होने के सवाल पर उन्होंने कहा कि देश में अब भी मिट्टी के अखाड़े हैं।
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कर्नाटक में आज भी अखाड़ों पर कुश्ती होती है। उन्होंने कहा कि मैने सरकार को एक प्रोजेक्ट दिया है, जिसमें कुश्ती, बाक्सिंग और अन्य खेल से संबधित खिलाड़ियों को रखा गया है। हरियाणा में सरकार ने खिलाड़ियों को काफी प्रोत्साहित किया है।
उन्होंने नौकरी के अलावा आर्थिक मदद भी दी गई। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भी अब खिलाड़ियों को आर्थिक मदद देने का वादा किया है। लक्ष्य पाने के लिए पहलवानों को मेहनत करने की काफी जरूरत है। इस दौरान उनके साथ सहेंद्र सिंह रमाला उपस्थित रहे।
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इस स्कूल में पत्रकार वार्ता में सुशील पहलवान ने कहा कि देश में पहलवानों की कमी नहीं। कमी है उनमें अच्छा गुरु चुनने की और अनुशासन में रहने की। उन्होंने बताया कि 10 दिसंबर से मुंबई में होने जा रही कुश्ती लीग से पहलवानों को काफी फायदा मिलेगा।
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क्योंकि कुश्ती लीग देश में पहली बार होने जा रही है। यह लीग पहलवानों को निखारने के लिए अच्छा प्रोजेक्ट होगा और हमारे क्षेत्र के पहलवानों को इससे फायदा होगा। मिट्टी के अखाड़े समाप्त होने के सवाल पर उन्होंने कहा कि देश में अब भी मिट्टी के अखाड़े हैं।
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कर्नाटक में आज भी अखाड़ों पर कुश्ती होती है। उन्होंने कहा कि मैने सरकार को एक प्रोजेक्ट दिया है, जिसमें कुश्ती, बाक्सिंग और अन्य खेल से संबधित खिलाड़ियों को रखा गया है। हरियाणा में सरकार ने खिलाड़ियों को काफी प्रोत्साहित किया है।
उन्होंने नौकरी के अलावा आर्थिक मदद भी दी गई। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भी अब खिलाड़ियों को आर्थिक मदद देने का वादा किया है। लक्ष्य पाने के लिए पहलवानों को मेहनत करने की काफी जरूरत है। इस दौरान उनके साथ सहेंद्र सिंह रमाला उपस्थित रहे।