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प्राइमरी विद्यालय का भवन हुआ जर्जर, ठंड में खुले आसमान में पढ़ रहे बच्चें
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संवाद न्यूज एजेंसी
दोघट। नंगला कनवाड़ा गांव के प्राइमरी विद्यालय का भवन जर्जर है। छात्र-छात्राओं को खुले आसमान के नीचे बैठकर पढ़ाई करनी पड़ रही है। कई बार शिकायत के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हुआ।
नगला कनवाड़ा गांव के प्राइमरी विद्यालय में 250 छात्र-छात्राएं पंजीकृत है। स्कूल में छह में चार कमरे जर्जर हो चुके है। भवन जर्जर होने के कारण कमरों को बंद कर दिया गया है। सदी के मौसम में बच्चों को खुले आसमान के नीचे बैठ कर पढ़ाई करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। विद्यालय में शिक्षकों की भी कमी है। तीन शिक्षकों पर ही बच्चों को पढ़ाने की जिम्मेदारी है।
ग्राम प्रधान डॉ रमेश ने बताया कि उन्होंने कई बार उच्च अधिकारियों को समस्या से अवगत कराया लेकिन इस तरफ कोई ध्यान नहीं दिया गया। शुक्रवार को डीएम से शिकायत कर समस्या का समाधान कराया जाएगा।
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दोघट। नंगला कनवाड़ा गांव के प्राइमरी विद्यालय का भवन जर्जर है। छात्र-छात्राओं को खुले आसमान के नीचे बैठकर पढ़ाई करनी पड़ रही है। कई बार शिकायत के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हुआ।
नगला कनवाड़ा गांव के प्राइमरी विद्यालय में 250 छात्र-छात्राएं पंजीकृत है। स्कूल में छह में चार कमरे जर्जर हो चुके है। भवन जर्जर होने के कारण कमरों को बंद कर दिया गया है। सदी के मौसम में बच्चों को खुले आसमान के नीचे बैठ कर पढ़ाई करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। विद्यालय में शिक्षकों की भी कमी है। तीन शिक्षकों पर ही बच्चों को पढ़ाने की जिम्मेदारी है।
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ग्राम प्रधान डॉ रमेश ने बताया कि उन्होंने कई बार उच्च अधिकारियों को समस्या से अवगत कराया लेकिन इस तरफ कोई ध्यान नहीं दिया गया। शुक्रवार को डीएम से शिकायत कर समस्या का समाधान कराया जाएगा।
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