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श्रद्धालुओं से भरी बस में आग लगाना चाहते थे हमलावर
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श्रद्धालुओं से भरी बस में आग लगाना चाहते थे हमलावर
बागपत/खेकड़ा। बड़ागांव के अतिशय क्षेत्र प्राचीन दिगंबर जैन मंदिर के बाहर हमलावरों ने घंटेभर उपद्रव मचाया। उपद्रवी श्रद्धालुओं से भरी बस पर पेट्रोल बम फेंक रहे थे, वे बस में आग लगाने चाहते थे। सूचना पर सबसे पहले एक दरोगा मौके पर पहुंचे। दरोगा ने पिस्टल निकालकर हमलावरों को गोली मारने की धमकी दी, जिसके बाद हमलावर पीछे हटे।
चश्मदीद श्रद्धालु अंशु जैन ने बताया कि जब बसों पर पथराव व फायरिंग हुई तो महिलाओं व बच्चों में चीख-पुकार मच गई। अपनी जान बचाकर भागने के लिए कोई बस से बाहर निकलता तो उस पर भी हमला कर दिया जाता। हालात बेकाबू होते देखकर पुलिस को फोन किया तो कुछ देर बाद एक दरोगा वहां पहुंचे। उस समय हमलावर पेट्रोल की बोतलें बस पर फेंक रहे थे और पेट्रोल भी डाल रहे थे। वे यात्रियों से भरी बस को आग लगाना चाहते थे। उसी समय दरोगा ने अपनी पिस्टल निकालकर चेतावनी दी कि यदि बस के पास से नहीं हटे तो गोली मार दूंगा। पिस्टल देखकर हमलावर बस के पास से हट गए। उसके कुछ देर बाद अधिकारी और भारी पुलिस बल वहां पहुंच गया और हमलावर भाग गए। इसके बाद पुलिस ने उनकी धरपकड़ के लिए चेकिंग अभियान शुरू कर दिया।
श्रद्धालुओं पर हमले की निंदा की
बड़ागांव के ग्रामीण भी जैन श्रद्धालुुुओं पर हुए जानलेवा हमले की निंदा कर रहे हैं। दिगंबर जैन मंदिर समिति के मंत्री सुभाष जैन, त्रिलोक तीर्थ धाम जैन मंदिर के प्रबंधक त्रिलोक चंद जैन, सुभाष त्यागी, प्रदीप कुमार आदि का कहना है कि जैन मंदिरों की वजह सेे बड़ागांव की विश्व पटल पर पहचान है। गांव में विकास कार्य भी इन मंदिरों की वजह से हो रहे हैं। एक समुदाय के लोगों ने जैन श्रद्धालुओं पर हमला कर गांव को बदनाम करने का काम किया है।
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अल्पसंख्यक आयोग के सदस्य ने लिया संज्ञान
उत्तर प्रदेश अल्पसंख्यक आयोग के सदस्य एवं भारतीय जैन मिलन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुरेश जैन ऋतुराज ने इस घटना का संज्ञान लिया। उन्होंने लखनऊ से अल्पसंख्यक आयोग की बैठक के बीच ही एसपी बागपत से घटना को लेकर कड़ी कार्रवाई करने को कहा। सुरेश जैन के अनुसार जैन शिकंजी का पोस्टर लगाकर शिकंजी बेचने वाला पहले खुद को जैन समाज से बताता रहा। उसने कड़ाई से पूछने पर ही अपना सही नाम बताया। इस तरह आपराधिक प्रवृत्ति के लोग ही धोखाधड़ी कर सकते हैं। सुरेश जैन ने कहा कि वह मंगलवार दोपहर तीन बजे बड़ागांव जाकर स्थिति का जायजा लेंगे।
लखनऊ तक पहुंची गूंज
जैन श्रद्धालुओं पर हमले की गूंज लखनऊ तक पहुंच गई है। बड़ौत जैन समाज के लोगों ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत करने के साथ ही सांसद और विधायक को घटना की जानकारी दी। आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कराने की मांग की।
कार्यक्रम की जानकारी होती तो कराते पुलिस की व्यवस्था : एसडीएम
कोरोना के कारण बड़े धार्मिक कार्यक्रम नहीं हो रहे हैं और अतिशय क्षेत्र बड़ागांव जैन मंदिर समिति ने निर्वाण महोत्सव का कार्यक्रम भी ज्यादा बड़ा नहीं रखा गया था। इसलिए ही आयोजन के बारे में अनुमति नहीं ली गई। हालांकि फिर भी कई जिलों से श्रद्धालु पहुंचे थे। इस बारे में एसडीएम अजय कुमार का कहना है कि कार्यक्रम की जानकारी होती, तो वहां सुरक्षा के लिए पुलिस की व्यवस्था कराई जाती।
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बागपत/खेकड़ा। बड़ागांव के अतिशय क्षेत्र प्राचीन दिगंबर जैन मंदिर के बाहर हमलावरों ने घंटेभर उपद्रव मचाया। उपद्रवी श्रद्धालुओं से भरी बस पर पेट्रोल बम फेंक रहे थे, वे बस में आग लगाने चाहते थे। सूचना पर सबसे पहले एक दरोगा मौके पर पहुंचे। दरोगा ने पिस्टल निकालकर हमलावरों को गोली मारने की धमकी दी, जिसके बाद हमलावर पीछे हटे।
चश्मदीद श्रद्धालु अंशु जैन ने बताया कि जब बसों पर पथराव व फायरिंग हुई तो महिलाओं व बच्चों में चीख-पुकार मच गई। अपनी जान बचाकर भागने के लिए कोई बस से बाहर निकलता तो उस पर भी हमला कर दिया जाता। हालात बेकाबू होते देखकर पुलिस को फोन किया तो कुछ देर बाद एक दरोगा वहां पहुंचे। उस समय हमलावर पेट्रोल की बोतलें बस पर फेंक रहे थे और पेट्रोल भी डाल रहे थे। वे यात्रियों से भरी बस को आग लगाना चाहते थे। उसी समय दरोगा ने अपनी पिस्टल निकालकर चेतावनी दी कि यदि बस के पास से नहीं हटे तो गोली मार दूंगा। पिस्टल देखकर हमलावर बस के पास से हट गए। उसके कुछ देर बाद अधिकारी और भारी पुलिस बल वहां पहुंच गया और हमलावर भाग गए। इसके बाद पुलिस ने उनकी धरपकड़ के लिए चेकिंग अभियान शुरू कर दिया।
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श्रद्धालुओं पर हमले की निंदा की
बड़ागांव के ग्रामीण भी जैन श्रद्धालुुुओं पर हुए जानलेवा हमले की निंदा कर रहे हैं। दिगंबर जैन मंदिर समिति के मंत्री सुभाष जैन, त्रिलोक तीर्थ धाम जैन मंदिर के प्रबंधक त्रिलोक चंद जैन, सुभाष त्यागी, प्रदीप कुमार आदि का कहना है कि जैन मंदिरों की वजह सेे बड़ागांव की विश्व पटल पर पहचान है। गांव में विकास कार्य भी इन मंदिरों की वजह से हो रहे हैं। एक समुदाय के लोगों ने जैन श्रद्धालुओं पर हमला कर गांव को बदनाम करने का काम किया है।
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अल्पसंख्यक आयोग के सदस्य ने लिया संज्ञान
उत्तर प्रदेश अल्पसंख्यक आयोग के सदस्य एवं भारतीय जैन मिलन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुरेश जैन ऋतुराज ने इस घटना का संज्ञान लिया। उन्होंने लखनऊ से अल्पसंख्यक आयोग की बैठक के बीच ही एसपी बागपत से घटना को लेकर कड़ी कार्रवाई करने को कहा। सुरेश जैन के अनुसार जैन शिकंजी का पोस्टर लगाकर शिकंजी बेचने वाला पहले खुद को जैन समाज से बताता रहा। उसने कड़ाई से पूछने पर ही अपना सही नाम बताया। इस तरह आपराधिक प्रवृत्ति के लोग ही धोखाधड़ी कर सकते हैं। सुरेश जैन ने कहा कि वह मंगलवार दोपहर तीन बजे बड़ागांव जाकर स्थिति का जायजा लेंगे।
लखनऊ तक पहुंची गूंज
जैन श्रद्धालुओं पर हमले की गूंज लखनऊ तक पहुंच गई है। बड़ौत जैन समाज के लोगों ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत करने के साथ ही सांसद और विधायक को घटना की जानकारी दी। आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कराने की मांग की।
कार्यक्रम की जानकारी होती तो कराते पुलिस की व्यवस्था : एसडीएम
कोरोना के कारण बड़े धार्मिक कार्यक्रम नहीं हो रहे हैं और अतिशय क्षेत्र बड़ागांव जैन मंदिर समिति ने निर्वाण महोत्सव का कार्यक्रम भी ज्यादा बड़ा नहीं रखा गया था। इसलिए ही आयोजन के बारे में अनुमति नहीं ली गई। हालांकि फिर भी कई जिलों से श्रद्धालु पहुंचे थे। इस बारे में एसडीएम अजय कुमार का कहना है कि कार्यक्रम की जानकारी होती, तो वहां सुरक्षा के लिए पुलिस की व्यवस्था कराई जाती।