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Baghpat News: गैंगस्टर मोना पंड़ित को डोडा तस्करी में डेढ़ साल की सजा
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फरवरी 2015 में बड़ौत पुलिस ने गिरफ्तार कर बरामद किया था दो किलो डोडा पोस्त
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। बिजरौल गांव के गैंगस्टर विकास उर्फ मोना पंडित को डोडा तस्करी के मुकदमे में न्यायालय ने डेढ़ साल की सजा सुनाई। साथ ही दस हजार रुपये अर्थदंड लगाया। अर्थदंड अदा नहीं करने पर दो महीने की सजा भुगतनी होगी।
विशेष लोक अभियोजक दिनेश शर्मा ने बताया कि 17 फरवरी 2015 में लोहड्डा पुलिया के समीप चेकिंग के दौरान पुलिस ने बिजरौल गांव के गैंगस्टर विकास उर्फ मोना पंडित को दो किलो डोडा पोस्त के साथ गिरफ्तार किया था। इसमें एसआई कर्मसिंह पुंडीर ने उसके खिलाफ बड़ौत कोतवाली में दर्ज कराकर जेल भेज दिया था। मुकदमे की सुनवाई विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट न्यायालय में हुई। जहां शुक्रवार को दोष सिद्ध होने के बाद न्यायाधीश शिवकुमार तृतीय ने विकास उर्फ मोना को डेढ़ साल के कारावास व दस हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड अदा नहीं करने पर दो महीने का कारावास भुगतने के आदेश दिए गए। विशेष लोक अभियोजक दिनेश कुमार शर्मा ने बताया कि गैंगस्टर विकास उर्फ मोना पंडित के खिलाफ जानलेवा हमला, आर्म्स एक्ट समेत कई मुकदमे दर्ज हैं। वह प्रमोद गांगनौली गिरोह का सदस्य रह चुका है।
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संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। बिजरौल गांव के गैंगस्टर विकास उर्फ मोना पंडित को डोडा तस्करी के मुकदमे में न्यायालय ने डेढ़ साल की सजा सुनाई। साथ ही दस हजार रुपये अर्थदंड लगाया। अर्थदंड अदा नहीं करने पर दो महीने की सजा भुगतनी होगी।
विशेष लोक अभियोजक दिनेश शर्मा ने बताया कि 17 फरवरी 2015 में लोहड्डा पुलिया के समीप चेकिंग के दौरान पुलिस ने बिजरौल गांव के गैंगस्टर विकास उर्फ मोना पंडित को दो किलो डोडा पोस्त के साथ गिरफ्तार किया था। इसमें एसआई कर्मसिंह पुंडीर ने उसके खिलाफ बड़ौत कोतवाली में दर्ज कराकर जेल भेज दिया था। मुकदमे की सुनवाई विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट न्यायालय में हुई। जहां शुक्रवार को दोष सिद्ध होने के बाद न्यायाधीश शिवकुमार तृतीय ने विकास उर्फ मोना को डेढ़ साल के कारावास व दस हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड अदा नहीं करने पर दो महीने का कारावास भुगतने के आदेश दिए गए। विशेष लोक अभियोजक दिनेश कुमार शर्मा ने बताया कि गैंगस्टर विकास उर्फ मोना पंडित के खिलाफ जानलेवा हमला, आर्म्स एक्ट समेत कई मुकदमे दर्ज हैं। वह प्रमोद गांगनौली गिरोह का सदस्य रह चुका है।
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