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बागपत: जानलेवा हमला करने दोषी दो भाइयों समेत पांच पर दोष सिद्ध
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बागपत। शाहपुर बाणगंगा गांव में घेर पर कब्जे के विवाद में जानलेवा हमला करने के मुकदमे में दो भाइयों समेत पांच हमलावरों पर बुधवार को न्यायालय में दोष सिद्ध हो गया। इस मुकदमे में सजा पर सुनवाई के लिए 17 फरवरी नियत की गई है।
जिला शासकीय अधिवक्ता राहुल नेहरा व अपर जिला शासकीय अधिवक्ता गगन गौड़ ने बताया कि शाहपुर बाणगंगा गांव के रहने वाले श्याम सिंह पुत्र जयकरण सिंह ने 16 सितंबर 2000 को बिनौली थाने में तहरीर देकर आठ लोगों के खिलाफ जानलेवा हमला करने का मुकदमा दर्ज कराया था। जिसमें श्याम सिंह ने बताया कि वह अपने घेर पर चाचा जयचन्द, पिता जयकरण, ताऊ भूडिया पुत्र रतिराम, भाई इसम सिंह, मदन, ज्ञानसिंह, बाबा काबज पुत्र जगराम, चाची सन्तरा पत्नी जयचन्द के साथ बैठा हुआ था। तभी गांव के शेषराज, मैनपाल, इन्दरपाल, बिजेन्द्र, धन्नू, बलराज, जगरोशन व महकार ने लाठी, कुल्हाड़ी, गड़ासे से घेर पर कब्जा करने की नीयत से हमला कर दिया। इसमें परिवार के कई सदस्य घायल हो गए। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। इस मुकदमे में आरोपी शेषराज, मैनपाल व जगरोशन की मौत हो चुकी है। बुधवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश शैलेंद्र पांडेय ने जानलेवा हमले के मामले में इंदरपाल, बिजेंद्र, धन्नू, बलराम व महकार पर दोष सिद्ध किया। उन्होंने बताया कि 17 फरवरी के मुकदमे में सजा पर सुनवाई की जाएगी।
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जिला शासकीय अधिवक्ता राहुल नेहरा व अपर जिला शासकीय अधिवक्ता गगन गौड़ ने बताया कि शाहपुर बाणगंगा गांव के रहने वाले श्याम सिंह पुत्र जयकरण सिंह ने 16 सितंबर 2000 को बिनौली थाने में तहरीर देकर आठ लोगों के खिलाफ जानलेवा हमला करने का मुकदमा दर्ज कराया था। जिसमें श्याम सिंह ने बताया कि वह अपने घेर पर चाचा जयचन्द, पिता जयकरण, ताऊ भूडिया पुत्र रतिराम, भाई इसम सिंह, मदन, ज्ञानसिंह, बाबा काबज पुत्र जगराम, चाची सन्तरा पत्नी जयचन्द के साथ बैठा हुआ था। तभी गांव के शेषराज, मैनपाल, इन्दरपाल, बिजेन्द्र, धन्नू, बलराज, जगरोशन व महकार ने लाठी, कुल्हाड़ी, गड़ासे से घेर पर कब्जा करने की नीयत से हमला कर दिया। इसमें परिवार के कई सदस्य घायल हो गए। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। इस मुकदमे में आरोपी शेषराज, मैनपाल व जगरोशन की मौत हो चुकी है। बुधवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश शैलेंद्र पांडेय ने जानलेवा हमले के मामले में इंदरपाल, बिजेंद्र, धन्नू, बलराम व महकार पर दोष सिद्ध किया। उन्होंने बताया कि 17 फरवरी के मुकदमे में सजा पर सुनवाई की जाएगी।
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