{"_id":"605f711f8ebc3ee63a17b1da","slug":"fair-on-cave-temple-today-root-divert-will-remain-baghpat-news-mrt5320063112","type":"story","status":"publish","title_hn":"गुफा मंदिर पर मेला आज, रूट डायवर्ट रहेगा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गुफा मंदिर पर मेला आज, रूट डायवर्ट रहेगा
विज्ञापन
बागपत के गुफा वाले मंदिर पूजा के लिए पहुंचे भक्तों का फाइल फोटो
- फोटो : BAGHPAT
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
- बड़ौत और बागपत से अमीनगर सराय से निकाले जाएंगे वाहन
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। होली के त्योहार पर सरूरपुर कलां के निकट गुफा मंदिर पर आज मेला लगेगा। मेले में भीड़ को देखते हुए हाईवे पर वाहन डायवर्ट किए जाएंगे। बड़ौत और बागपत से वाहनों को अमीनगर सराय से निकाला जाएगा। इसके अलावा नैथला मोड़, लथवाड़ी से निरोजपुर और बड़ौत जाने वाले ट्रैफिक को नगर के राष्ट्रवंदना चौक से वाया अमीनगर से निकाला जाएगा। मंदिर पर सुरक्षा के लिहाज से मंदिर परिसर में सीसीटीवी कैमरों के अलावा अतिरिक्त पुलिसबल तैनात रहेगा।
दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर सरूरपुर गांव के गुफा मंदिर पर प्रतिवर्ष होली के त्योहार पर मेला लगता है। मंदिर में दूर-दराज से श्रद्धालु पूजा करने पहुंचते हैं। टीएसआई के प्रसाद ने बताया कि मेले में श्रद्धालुओं को परेशानी न हो इसके लिए मार्ग डायवर्ट किया गया है।
यह है मंदिर की कथा
बागपत। मंदिर ट्रस्ट के संरक्षक सुरेश चंद पालीवाल का कहना है कि पहले यहां एक गुफा थी। इस गुफा में बाबा तपस्या करते थे। एक भैंसा बाबा की तपस्या में विघन डालता था, जिस पर बाबा ने भैंसे को चिमटा मारकर पत्थर बना दिया था। उस स्थान पर बाबा के स्वर्ग लोक लाने के बाद समाधि बना दी गई। मंदिर के पुजारी पंडित योगेश का कहना है कि बाबा के दरबार में आने वाले की मनोकामना पूरी होती हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। होली के त्योहार पर सरूरपुर कलां के निकट गुफा मंदिर पर आज मेला लगेगा। मेले में भीड़ को देखते हुए हाईवे पर वाहन डायवर्ट किए जाएंगे। बड़ौत और बागपत से वाहनों को अमीनगर सराय से निकाला जाएगा। इसके अलावा नैथला मोड़, लथवाड़ी से निरोजपुर और बड़ौत जाने वाले ट्रैफिक को नगर के राष्ट्रवंदना चौक से वाया अमीनगर से निकाला जाएगा। मंदिर पर सुरक्षा के लिहाज से मंदिर परिसर में सीसीटीवी कैमरों के अलावा अतिरिक्त पुलिसबल तैनात रहेगा।
दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर सरूरपुर गांव के गुफा मंदिर पर प्रतिवर्ष होली के त्योहार पर मेला लगता है। मंदिर में दूर-दराज से श्रद्धालु पूजा करने पहुंचते हैं। टीएसआई के प्रसाद ने बताया कि मेले में श्रद्धालुओं को परेशानी न हो इसके लिए मार्ग डायवर्ट किया गया है।
विज्ञापन
यह है मंदिर की कथा
बागपत। मंदिर ट्रस्ट के संरक्षक सुरेश चंद पालीवाल का कहना है कि पहले यहां एक गुफा थी। इस गुफा में बाबा तपस्या करते थे। एक भैंसा बाबा की तपस्या में विघन डालता था, जिस पर बाबा ने भैंसे को चिमटा मारकर पत्थर बना दिया था। उस स्थान पर बाबा के स्वर्ग लोक लाने के बाद समाधि बना दी गई। मंदिर के पुजारी पंडित योगेश का कहना है कि बाबा के दरबार में आने वाले की मनोकामना पूरी होती हैं।
विज्ञापन