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अशासकीय सहायता प्राप्त 19 विद्यालय में 121 शिक्षकों की कमी, विभाग दूर करने में जुटा
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बागपत। जिले में माध्यमिक शिक्षा विभाग द्वारा संचालित 60 अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालयों में से 19 विद्यालयों में सात प्रधानाचार्यों और 93 सहायक शिक्षकों समेत 121 पद खाली हैं। इन्हें जल्द भरा जा सकता है। शिक्षकों की कमी पूरी होने के बाद नियमानुसार पढ़ाई संचालित कराई जाएगी।
जनपद में माध्यमिक शिक्षा विभाग की तरफ से 60 अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालय संचालित हैं। यहां जिलेभर के हजारों छात्र-छात्राएं पढ़ाई कर रहे हैं। यहां पढ़ाई सुचारू कराने के लिए शिक्षकों की कमी से जूझना पड़ रहा है। जिसमें गत वर्ष चयन बोर्ड ने जिले में 183 शिक्षकों की तैनाती की थी। जिससे जिलेभर में शिक्षकों का टोटा काफी कम हुआ था, लेकिन अब फिर शिक्षकों की कमी है। इससे अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालयों में शिक्षण कार्य में दिक्कतें आ रही हैं। इसलिए माध्यमिक शिक्षा विभाग के अफसरों ने रिक्त पदों की सूची चयन बोर्ड इलाहाबाद को भेज दी है। डीआईओएस कार्यालय से पटल व तहसील प्रभारी अभिनव तोमर ने बताया कि अद्याचयन की प्रक्रिया जारी है। जिसमें जिलेभर के 19 अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालयों में 121 पद खाली हैं। जिनमें सात प्रधानाचार्य, 21 प्रवक्ताओं व 93 सहायक शिक्षकों के पद रिक्त हैं।
निजी शिक्षकों से करानी पड़ रही पढ़ाई
अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में शिक्षकों की तैनाती में देरी की वजह से कई वर्षों तक निजी शिक्षकों से शिक्षण कार्य कराया जा रहा है। जिसमें शिक्षा की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है।
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ट्यूशन संचालकों की बल्ले-बल्ले
अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालयों में शिक्षकों की कमी के चलते ट्यूशन संचालकों की बल्ले-बल्ले है। जिस कारण ट्यूशन पढ़ऩे के लिए छात्र-छात्राओं की कतार लगी रहती है।
जिले में अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालयों में रिक्त चल रहे प्रधानाचार्यों, प्रवक्ताओं व सहायक शिक्षकों के पदों पर तैनाती के लिए अद्याचन किया जा रहा है। चयन बोर्ड को रिक्त पदों की सूची भेज दी है। जल्द ही रिक्त पदों पर तैनाती होने से छात्रों को लाभ मिलेगा।-रवींद्र सिंह, डीआईओएस
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जनपद में माध्यमिक शिक्षा विभाग की तरफ से 60 अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालय संचालित हैं। यहां जिलेभर के हजारों छात्र-छात्राएं पढ़ाई कर रहे हैं। यहां पढ़ाई सुचारू कराने के लिए शिक्षकों की कमी से जूझना पड़ रहा है। जिसमें गत वर्ष चयन बोर्ड ने जिले में 183 शिक्षकों की तैनाती की थी। जिससे जिलेभर में शिक्षकों का टोटा काफी कम हुआ था, लेकिन अब फिर शिक्षकों की कमी है। इससे अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालयों में शिक्षण कार्य में दिक्कतें आ रही हैं। इसलिए माध्यमिक शिक्षा विभाग के अफसरों ने रिक्त पदों की सूची चयन बोर्ड इलाहाबाद को भेज दी है। डीआईओएस कार्यालय से पटल व तहसील प्रभारी अभिनव तोमर ने बताया कि अद्याचयन की प्रक्रिया जारी है। जिसमें जिलेभर के 19 अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालयों में 121 पद खाली हैं। जिनमें सात प्रधानाचार्य, 21 प्रवक्ताओं व 93 सहायक शिक्षकों के पद रिक्त हैं।
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निजी शिक्षकों से करानी पड़ रही पढ़ाई
अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में शिक्षकों की तैनाती में देरी की वजह से कई वर्षों तक निजी शिक्षकों से शिक्षण कार्य कराया जा रहा है। जिसमें शिक्षा की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है।
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ट्यूशन संचालकों की बल्ले-बल्ले
अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालयों में शिक्षकों की कमी के चलते ट्यूशन संचालकों की बल्ले-बल्ले है। जिस कारण ट्यूशन पढ़ऩे के लिए छात्र-छात्राओं की कतार लगी रहती है।
जिले में अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालयों में रिक्त चल रहे प्रधानाचार्यों, प्रवक्ताओं व सहायक शिक्षकों के पदों पर तैनाती के लिए अद्याचन किया जा रहा है। चयन बोर्ड को रिक्त पदों की सूची भेज दी है। जल्द ही रिक्त पदों पर तैनाती होने से छात्रों को लाभ मिलेगा।-रवींद्र सिंह, डीआईओएस